चंडीगढ़ के एक व्यवसायी कुणाल मलिक ने कोविड-19 मरीजों के लिए एक अनोखी ड्राइवर-फ्रेंडली कैब सर्विस शुरू की है। मलिका को पीएम नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत के आह्वान से प्रेरणा मिली।
कॉल सेंटर में कॉल कर मंगाएं कैब
उन्होंने समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए कहा, मरीज कैब के लिए Desh सेंटर्स पर कॉल कर सकते हैं। जिसके बाद पीपीईई किट पहना हुआ ड्राइवर तीन मिनट के अंदर अपने घर पर पहुंच जाएगा और वाहन में एक विभाजन भी बनाया गया।
कैब में मिलती है यह सुविधा
उन्होंने कहा, "हम कोविड-19 मरीजों के लिए स्पेशल कैब प्रदान करते हैं। मरीजों के परिवार के सदस्य उनके लिए विशेष कैब के लिए हमारे केंद्रों पर कॉल कर सकते हैं। हमारी कंपनी कोविड-19 मरीजों को कैब प्रदान करती है, जिसमें ड्राइवर पीपीई सूट पहनते हैं और यह कैब एक विभाजन वाले होते हैं। हम सुरक्षा के लिए ड्राइवरों को मास्क, फेस शील्ड और हैंड सैनिटाइजर भी देते हैं।"
ड्राइवर-फ्रेंडली है सर्विस
ड्राइवरों को दिए जाने वाले फायदों की ओर इशारा करते हुए, उन्होंने कहा, "हमारा ऑपरेशन अन्य कैब सर्विस से पूरी तरह से अलग है। हमारी सर्विस ड्राइवर-फ्रेंडली है। हम सिर्फ न्यूनतम राशि लेते हैं, इसलिए अधिकतम लाभ उनके लिए उपलब्ध है।"
आत्मनिर्भर भारत एप इनोवेशन चैलेंज
30 अगस्त को, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विभिन्न एप की प्रशंसा की जो "आत्मनिर्भर भारत एप इनोवेशन चैलेंज" में शामिल हुए थे, जो लोकप्रियता हासिल कर रहे हैं और एक आत्मनिर्भर भारत की पहचान बन रहे हैं।
उन्होंने अपने हर महीने प्रसारित होने वाले कार्यक्रम 'मन की बात' में कहा था, "हर कोई भारतीयों की नवाचार करने और समाधान पेश करने की क्षमता में विश्वास करता है और जब समर्पण और करुणा की भावना होती है तो यह असीम हो जाता है। इस महीने की शुरुआत में, देश के युवाओं को एक एप इनोवेशन चैलेंज दिया गया था।"