जापान की एयरबैग निर्माता कंपनी टकाटा ने जापान व अमेरिका में बैंकरप्सी प्रोटेक्शन सबमिट की है। टकाटा दुनिया की सबसे बड़ी कार एयरबैग बनाने वाली कंपनी है। टकाटा अपने लीगल व फाइनेंशियल कारणों के चलते इस कागार पर पहुंची है। न्यूज एजेंसी रायटर के अनुसार पूरी दुनिया में पिछले कुछ सालों में हुई कार दुर्घटनाओं में एयरबैग की खराबी के कारण 17 लोगों की मौत हुई है जबकि 180 से भी ज्यादा लोग घायल हुए हैं। टकाटा एयरबैगों में खराबी के चलते अब तक तकरीबन 10 करोड़ से ज्यादा कारों को रीकॉल किया गया।
टकाटा पर आरोप है कि यह कंपनी पिछले कई सालों से बड़ी ऑटो निर्माता कंपनियों को करोड़ों एयरबैग सप्लाई कर रही थी। इसके चलते टकाटा पर अब तक रिकॉल कास्ट की वजह से लगभग 9 अरब डॉलर की देनदारी आ गई है। रुपये में बात करें तो यह राशि लगभग 57 हजार 600 करोड़ रुपये के बराबर है। अमेरिका में इस कंपनी पर ढेर सारे मामले चल रहे हैं इसके चलते सिर्फ अमेरिका में यह कंपनी लगभग 1 अरब डॉलर रुपये का भुगतान करने को तैयार हुई थी। इसके साथ ही कंपनी ने 160 करोड़ रुपये जुर्माने के तौर पर चुकाया।
टकाटा दुर्घटना के दौरान एयरबैग को बाहर निकालने के लिए एमोनियम नाइट्रेट केमिकल प्रयोग करती है। लेकिन यह केमिकल कुछ वक्त के बाद मौसम के सर्द गर्म व्यवहार के चलते अपना प्रभाव खो देता है। जिसके चलते कई बार दुर्घटना के दौरान एयरबैग बाहर ही नहीं आता। टकाटा कई ऑटोनिर्माता कंपनियों का करोड़ों रुपये की देनदार बनी हुई है। भारत में भी अब तक लाखों गाड़ियों टकाटा एयरबैग की खराबी के वजह से रीकॉल की जा चुकी हैं।