वैसे तो आजकल की ज्यादातर बाइक्स में सेल्फ स्टार्ट फीचर दिया जाता है लेकिन कई बार बैटरी डिस्चार्ज होने या सेल्फ खराब होने जैसी स्थितियों में हम उसका इस्तेमाल नहीं कर पाते हैं। ऐसे में बाइक का किक स्टार्ट काम आता है। लेकिन अगर बाइक का किक स्टार्ट भी ना काम कर रहा हो तो आप क्या करेंगे? ऐसे स्थिति से निपटने के लिए हम आपके लिए कुछ सरल सुझाव लेकर आएं हैं जो किक स्टार्ट फंस जाने की स्थिति में मददगार साबित हो सकती है।
कई बार बाइक की किक-स्टार्ट फंस जाती है। इसकी वजह गियर सही से सेट न होना, तेल (लुब्रिकेशन) की कमी, या इंजन के अंदर हल्की खराबी हो सकती है। ऐसी स्थिति में आप ये आसान कदम आजमा सकते हैं जैसे बाइक को हल्का-सा गियर में आगे-पीछे हिलाएं, किक के पास लुब्रिकेंट लगाएं और देख लें कि कहीं बाहर से कोई चीज अटकी तो नहीं। अगर फिर भी किक नहीं चले, तो मैकेनिक से इंजन की जांच कराना जरूरी है। अक्सर यह समस्या पुरानी बाइकों में या लंबे समय से सर्विस न होने पर होती है। नए राइडर्स घबरा जाते हैं, लेकिन ज्यादातर मामलों में समस्या बड़ी नहीं होती। नियमित सर्विसिंग से किक-स्टार्ट फंसने की परेशानी से आसानी से बचा जा सकता है।
1. बाइक हिलाने वाला तरीका (रॉक द बाइक)
सबसे आसान और असरदार तरीका यह है कि बाइक को (इंजन बंद होने पर) दूसरे या तीसरे गियर में डालें और हल्के हाथ से आगे-पीछे धक्का दें। यह छोटी-सी मूवमेंट किक मैकेनिज्म के गियर्स को दोबारा सही पोजिशन में लाने में मदद करती है। खासतौर पर बाइक को पीछे की ओर धकेलना ज्यादा प्रभावी होता है क्योंकि इससे अंदर का रैचेट मैकेनिज्म आसानी से घूम पाता है।
2. लुब्रिकेशन की कमी दूर करें
किक जाम होने की बड़ी वजह लुब्रिकेशन का कम होना भी है। धूल, कीचड़ और बारिश का पानी किक शाफ्ट को सख्त कर सकता है। ऐसे में WD-40 जैसे पेनिट्रेटिंग लुब्रिकेंट को किक शाफ्ट के आसपास स्प्रे करें और लीवर को धीरे-धीरे चलाएं। साथ ही यह भी जांच लें कि कहीं ब्रेक पैडल या जूते जैसी कोई बाहरी चीज किक की मूवमेंट को रोक तो नहीं रही।
3. इंजन के सीज होने की संभावना जांचें
अगर तुरंत उपाय कारगर न हों तो समस्या इंजन के अंदर हो सकती है। इंजन के सीज होने की प्राथमिक जांच के लिए स्पार्क प्लग निकालें, बाइक को गियर में डालें और पिछले पहिये को घुमाने की कोशिश करें। अगर पहिया न घूमे, तो इंजन के फंसने की आशंका होती है, जो कम तेल या आंतरिक नुकसान के कारण हो सकता है। ऐसे मामलों में खुद से ठीक करने की कोशिश न करें।
4. किक मैकेनिज्म में आंतरिक खराबी
कई बार किक-स्टार्ट के अंदर गियर्स घिस जाते हैं या पार्ट्स टूट जाते हैं। इसे ठीक करने के लिए इंजन केस खोलना, तेल निकालना और अंदर के कंपोनेंट्स बदलना पड़ता है—यह काम प्रशिक्षित मैकेनिक के लिए ही उपयुक्त है।
5. नियमित मेंटेनेंस है सबसे जरूरी
भविष्य में ऐसी दिक्कतों से बचने के लिए नियमित देखभाल बेहद अहम है। समय पर इंजन ऑयल बदलें, किक लीवर को साफ और लुब्रिकेटेड रखें, और भले ही बाइक में सेल्फ-स्टार्ट हो, किक का उपयोग समय-समय पर करते रहें। थोड़ी-सी देखभाल आपकी बाइक को लंबे समय तक सुचारू और परेशानी से दूर रख सकती है।