सुख और दुख मनुष्य के जीवन का हिस्सा है। व्यक्ति सुख, समृद्धि और वैभव को पाने के लिए दिनभर कठोर मेहनत करता है, लेकिन कई बार पूरी लगन और मेहनत से किसी काम को करने के बावजूद उसको उतनी सफलता नहीं मिलती है। कार्य में असफल होने पर लड़ाई- झगड़े और परेशानियां भी बढ़ने लगती है। लगातार धन की हानि होने से उसके सामने आर्थिक संकट पैदा होने लगता है। इसके अलावा घर में बात-बात पर क्लेश होने लगता है। जब भी आपको लगे कि आप बार-बार असफल हो रहे हैं और परेशानियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। इन सारी परेशानियों का कारण आपके घर पर मौजूद नकारात्मक ऊर्जा हो सकती है। घर पर नकारात्मक ऊर्जा होन से तमाम तरह की परेशानियां घेर लेती हैं। घर से नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने के लिए ज्योतिष में कुछ उपाय बताए गए हैं। इन उपायों में गुरुवार के दिन हल्दी को आप आजमाकर नकारात्मक ऊर्जा को सकारात्मक ऊर्जा में बदल सकते हैं।
गुरुवार और हल्दी से जुड़े उपाय
ज्योतिष के अनुसार सप्ताह के हर वार का विशेष महत्व होता है। गुरुवार को दिन देवगुरु बृहस्पति को समर्पित होता है। देवताओं के गुरु बृहस्पति को एक शुभ देवता और ग्रह माना गया है। जिनके प्रभाव से व्यक्ति को सुख, सौभाग्य, लंबी आयु, धर्म लाभ आदि प्राप्त होता है। देवगुरु बृहस्पति शुभ फल ही प्रदान करते हैं। देवगुरु बृहस्पति पीले रंग के कारक ग्रह हैं, ऐसे में इन्हें पीली चीजों को अर्पित कर जीवन के कष्ट को दूर किया जा सकता है। हल्दी में तमाम औषधिगुण होने के साथ इसका ज्योतिष में विशेष महत्व होता है। हल्दी के प्रयोग से गुरु ग्रह से जुड़े तमाम दोषों को दूर कर सकते हैं। आइए जानते हैं गुरुवार और हल्दी के कुछ उपाय...
- नौकरी या करियर में आ रही बाधा को दूर करने के लिए गुरुवार के दिन पानी में चुटकीभर हल्दी मिलाकर स्नान करें। साथ ही 'ॐ भगवते वासुदेवाय नमः' मंत्र का जाप करें।
-अगर आप किसी खास काम में सफल होना चाहते हैं तो गुरुवार के दिन घर से निकलते समय माथे पर हल्दी का टीका जरूर लगाकर निकलें। कार्य पूरा होने की संभावना बढ़ जाती है।
-घर से वास्तुदोष को दूर करने के लिए हर गुरुवार को घर के प्रत्येक हिस्से में हल्दी का छिड़काव करें। ऐसा करने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश बढ़ जाता है।
- धार्मिक मान्यता के अनुसार बृहस्पति देवता को पीला रंग अत्यधिक प्रिय है। यही कारण है कि उनकी पूजा में हल्दी का प्रयोग विशेष रूप से किया जाता है। बृहस्पति की शुभता को प्राप्त करने के लिए केले की जड़ या हल्दी की गांठ को पीले वस्त्र में गले में अथवा बाजू में धारण करें।
- देवगुरु को प्रसन्न करने के लिए बृहस्पतिवार के दिन दाल, हल्दी, पीले वस्त्र, बेसन के लड्डू आदि किसी योग्य ब्राह्मण को दान करें और केले के वृक्ष पर जल चढ़ाएं।
- सिर्फ बृहस्पतिवार के दिन ही नहीं बल्कि प्रतिदिन भगवान श्री विष्णु की आराधना के बाद हल्दी और चंदन का तिलक करें। किसी भी शुभ कार्य को करने के लिए निकलते समय इस उपाय को अवश्य करें, सफलता अवश्य मिलेगी।
- देवगुरु बृहस्पति को प्रसन्न करने के लिए प्रतिदिन 'ॐ भगवते वासुदेवाय नमः' मंत्र का एक माला जाप करें। साथ ही भगवान विष्णु को संभव हो तो पीले रंग के फल का भोग लगाकर प्रसाद के रूप में बांटें।
- तमाम तरह के आर्थिक कष्टों को दूर करने के लिए भगवान विष्णु को प्रसन्न करने करने के लिए बृहस्पतिवार को विशेष रूप से विष्णुसहस्रनाम का पाठ करें। प्रयास करें कि इसका प्रतिदिन पाठ करें। भक्ति-भाव से यह उपाय करने पर निश्चित रूप से बाधाएं दूर होंगी और कार्यों में सफलता मिलेगी।