अगर आप अपने घर को सजाने के
लिए घर की दीवार के सहारे बेल और लताओं को चढ़ाते हैं तो, वास्तु विज्ञान के अनुसार
आप अपने शत्रुओं की संख्या में वृद्धि करते हैं। वास्तु विज्ञान के अनुसार घर की
दीवार के सहारे बेल और लताओं का चढ़ना बताता है कि आपके शत्रु धीरे-धीरे बलवान हो
रहे हैं और आपको नुकसान पहुंचा सकते हैं। बेल और लताओं को घर के मुख्य द्वार पर
लगाना भी वास्तुशास्त्र के अनुसार शुभ फलदायी नहीं होता है।
मत्स्य पुराण
में वास्तु विज्ञान एवं उसके प्रभाव का उल्लेख मिलता है। वास्तु विज्ञान बताया गया
है कि बेल और लताओं पर शुक्र का प्रभाव होता है। इन्हें घर के दक्षिण पूर्व भाग में
खाली स्थान में लगाना चाहिए। पेड़ या किसी अन्य चीज के सहारे इन्हें ऊपर चढ़ाया जा
सकता है। इस दिशा में सुगंधित फूल भी लगाया जा सकता है क्योंकि इनका कारक ग्रह भी
शुक्र होता है। आग्नेय दिशा यानी दक्षिण पूर्व में इन्हें लगना शुभ फलों की वृद्धि
करता है। लताओं को भी मनी प्लांट की तरह उत्तर पूर्व में नहीं लगाना चाहिए।
वास्तु विज्ञान के नियम व्यवहारिकता पर आधारित हैं। व्यवहारिक दृष्टि से
देखा जाए तो बेल और लताओं के सहारे विषैले जीव-जंतु घर में पहुंच कर घर में रहने
वाले व्यक्ति को नुकसान पहुंचा सकते हैं। संभवतः इसलिए वास्तु विज्ञान में बेल और
लताओं को दीवार के सहारे ऊपर चढ़ाना अशुभ बताया गया होगा।