सामान्य हाथ
यह हाथ खुरदरी त्वचा वाला बड़ा और मांसल होता है, जो भारी शारीरिक कार्य के लिए उपयुक्त होता है। ऐसे व्यक्ति खेती और निर्माण जैसे श्रम प्रधान व्यवसायों में उत्कृष्टता प्राप्त करते हैं।
वर्गाकार हाथ
वर्गाकार या आयताकार हथेली के लिए जाना जाने वाले हाथ समान रूप से चौकोर उंगलियों के साथ, गणनात्मक और अनुशासित होता है। व्यापार, बैंकिंग, या सटीक और विश्लेषणात्मक कौशल की आवश्यकता वाले किसी भी क्षेत्र जैसे व्यवसायों के लिए वर्गाकार हाथ वाले व्यक्ति उपयुक्तहोते हैं।
शंक्वाकार हाथ
इस प्रकार के हाथ और उंगलियों का आधार चौड़ा होता है और सिरों की ओर संकीर्ण हो जाता है। ऐसा हाथ कलात्मक स्वभाव का संकेत देता है। इस प्रकार के हाथ वाले व्यक्ति कलात्मक प्रयासों में उत्कृष्टता प्राप्त करते हैं, चाहे वह पेंटिंग हो, संगीत हो या रचनात्मक अभिव्यक्ति का कोई भी रूप हो।
दार्शनिक हाथ
इस प्रकार के हाथ में अक्सर दिखाई देने वाली नसें और गांठदार उंगलियां होती हैं। ऐसे हाथ बौद्धिक कार्य करने वाली प्रवृत्ति को प्रकट करती हैं। वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं और विद्वानों के हाथ अक्सर इसी प्रकार के होते हैं।
गोलाकार हाथ
गोलाकार हाथ उच्च ऊर्जा का संकेत देते हैं। इस प्रकार के हाथ और उंगलियां आधार पर संकीर्ण होती है और सिरों की ओर चौड़ी होती है। ऐसे हाथ वाले लोग व्यवसायों या रोमांचक यात्राओं और अनुभवों के लिए यात्रा पर रहते हैं।
आध्यात्मिक हाथ
इस प्रकार का हाथ पतला, संकीर्ण और लम्बा होता है। ऐसा हाथ आध्यात्मिक या आत्मनिरीक्षण व्यवसायों से जुड़ा होता है। दार्शनिक, आध्यात्मिक मार्गदर्शक या चिकित्सक(डॉक्टर) के हाथ ऐसे होते हैं।
मिश्रित हाथ
जैसा कि नाम से पता चलता है, मिश्रित हाथ विभिन्न प्रकार के हाथों की विशेषताओं को प्रदर्शित करता है। यह बहुमुखी प्रतिभा के धनी होते हैं लेकिन किसी एक चीज पर इनकी पकड़ कम होती है।