नौकरी में उन्नति प्राप्त करना सभी का उद्देश्य होता है किन्तु सबको मिलती नहीं है। उच्च अधिकारी से अच्छे सम्बन्ध न बन पाना, कार्य क्षेत्र में षड़यंत्र का शिकार बन जाना, आपके किये काम का श्रेय किसी और को मिल जाना,पद्दोनति के समय किसी अप्रिय घटना का घट जाना इत्यादि कुछ ऐसे विषय हैं, जिनका निवारण ज्योतिष के माध्यम से किया जा सकता है और उन्नति की ओर अग्रसर हुआ जा सकता है।
ज्योतिष के अनुसार आजीविका/नौकरी मिलने में शनि की भूमिका सर्वोच्च है और बिना शनि की कृपा के किसी को भी नौकरी प्राप्ति नहीं होती। ये बात याद रहे की नौकरी में उन्नति तभी हो सकती है, जब किसी के पास नौकरी होगी। कालपुरुष की कुंडली में शनि कर्म स्थान के और लाभ स्थान के स्वामी हैं, इसलिए जन्म कुंडली में शनि का विश्लेषण किये बिना किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचना अधूरा होगा।
साथ में इस बात का भी ध्यान रखना जरूरी है कि ज्योतिष में आठ और ग्रह भी हैं, जिनकी भूमिका को कम महत्व देना गलत होगा। 9 ग्रहों में से कोई भी ग्रह कुंडली में दसवें घर (कर्म स्थान) का स्वामी हो सकता है, इसलिए दसवें घर के स्वामी का विश्लेषण शनि के साथ करना आवश्यक होता है।
निम्नलिखित कुछ ऐसे उपाय हैं, जो सभी के लिए मान्य हैं और इन्हें करने के बाद उन्नति के मार्ग अवश्य प्रशस्त होंगे -