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Shukra Ki Mahadasha: अपार धन दौलत देती है शुक्र की महादशा, पूरे 20 वर्षों तक राजा जैसा जीवन जीता है व्यक्ति

Fri, 15 Mar 2024 10:51 AM IST
आशिकी पटेल ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Effects Of Shukra Mahadasha: जिन जातकों की कुंडली में शुक्र ग्रह की स्थिति मजबूत होती है उनके जीवन में सुख, समृद्धि, रोमांस और भोग विलासिता की कोई कमी नहीं होती है। शुक्र ग्रह की तरह ही उनकी महादशा को बेहद शुभ माना जाता है। जिस भी व्यक्ति के जीवन में शुक्र की महादशा आ जाती है उसके हर बिगड़े काम बन जाते हैं और भाग्योदय होने लगता है। 
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शुक्र की महादशा - फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
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Effects Of Shukra Mahadasha: ज्योतिष शास्त्र में शुक्र ग्रह को सुख, संपन्नता, ऐश्वर्य, वैभव, विलासिता, प्रेम और रोमांस का कारक माना गया है। इस ग्रह का शुभ प्रभाव ही मनुष्य के जीवन में अच्छे गुणों की उत्पत्ति करता है। कहा जाता है कि जिन जातकों की कुंडली में शुक्र ग्रह की स्थिति मजबूत होती है उनके जीवन में सुख, समृद्धि और रोमांस की कोई कमी नहीं होती है। शुक्र ग्रह की तरह ही उनकी महादशा को बेहद शुभ माना जाता है। जिस भी व्यक्ति के जीवन में शुक्र की महादशा आ जाती है उसके हर बिगड़े काम बन जाते हैं और भाग्योदय होने लगता है। वहीं जिन लोगों के जीवन में शुक्र योग नहीं होता उन्हें कठिनाइयां, आर्थिक चुनौतियां और प्रेम का अभाव भी झेलना पड़ सकता है। ऐसे में चलिए जानते हैं शुक्र की महादशा से कौन से नकारात्मक प्रभाव दिखाई देते हैं...

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शुक्र की महादशा का प्रभाव
शुक्र की महादशा 20 वर्ष तक चलती है और व्यक्ति को मालामाल कर देती है। इस महादशा को सबसे ज्यादा समय तक रहने वाली महादशा भी कहते हैं। कहा जाता है कि जिन लोगों की कुंडली में शुक्र शुभ होते हैं तो ऐसे लोग शुक्र की महादशा चलने पर 20 वर्षों का ऐशोआराम और आलीशान जिंदगी जीते हैं। इन 20 वर्षों में व्यक्ति राजा जैसा जीवन व्यतीत करता है।

शुक्र की महादशा में अंतर्दशा
शुक्र ग्रह की महादशा के दौरान शनि और राहु ग्रह की अंतर्दशा भी चलती है। वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार शुक्र ग्रह की महादशा के दौरान आने वाली इस अंतर्दशा का अलग-अलग फल प्राप्त होता है। इसमें कुछ ग्रहों की अंतर्दशा शुभ मानी जाती है तो कुछ अशुभ फल देते हैं।
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नीच का शुक्र देता है परेशानियां
शुक्र की महादशा का शुभ फल व्यक्ति को तभी मिलता है जब कुंडली में शुक्र की स्थिति अच्छी होती है। अगर किसी जातक की कुंडली में शुक्र ग्रह नीच के होते हैं तो इस महादशा का कोई शुभ फल नहीं मिलता है। बल्कि जातक को अशुभ फल की प्राप्ति होती है। ऐसे व्यक्ति का जीवन धन के अभाव में बीतता है। साथी व्यक्ति का जीवन कष्टकारी बना रहता है और भाग्य का साथ नहीं मिलता है। ऐसे में जिन लोगों की कुंडली में शुक्र नीच के हों या फिर शुभ फल देने में असमर्थ हों तो व्यक्ति को कुछ उपाय करने चाहिए। इन उपायों को करके जीवन में सुख-सुविधा की प्राप्ति की जा सकती है। 

शुक्र की महादशा के उपाय

  • अगर कुंडली में शुक्र नीच के हैं तो हर शुक्रवार को व्रत रखें, मां लक्ष्मी की पूजा करें और उन्हें खीर का भोग लगाएं।  
  • शुक्रवार के दिन चीटियों को आटा और चीनी खिलाना चाहिए। 
  • शुक्रवार के दिन शुं शुक्राय नम: का 108 बार जाप करना चाहिए।
  • शुक्रवार को कन्याओं को खीर खिलाने से भी लाभ मिलता है। 
  • साथ ही इस दिन सफेद चीजों जैसे- दूध, कपूर, सफेद कपड़े, सफेद मिठाई, चावल आदि का दान करें। 
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