झटका: 656 शिक्षकों के प्रमोशन निरस्त

Rampur Updated Wed, 18 Jul 2012 12:00 PM IST
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रामपुर। घपले में घिरी शिक्षकों की प्रमोशन की प्रक्रिया को निरस्त कर ही दिया गया। यह कार्रवाई पूर्व बीएसए के निलंबन के बाद से शुरू हो गई थी। इस आदेश के बाद शिक्षकों में खलबली मची है।
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बेसिक शिक्षा विभाग में पिछले शिक्षासत्र में भी शिक्षकों को प्रमोशन की प्रक्रिया शुरू की गई थी। यह प्रक्रिया विधानसभा चुनाव निपटने के बाद पूरी की गई थी। मार्च के महीने में जिले के 656 शिक्षकों को प्रमोशन दिया गया था। प्रमोशन की प्रक्रिया पर शुरू से सवालिया निशान लगे थे। नगर विकास मंत्री आजम खां ने प्रमोशन प्रक्रिया की जांच के निर्देश दिए थे। प्रमोशन प्रक्रिया की उच्च स्तरीय जांच शुरू होने के बाद प्रमोशन में घपले की परतें खुलती चली गईं। आखिरकार तत्कालीन बीएसए नरेद्र पाल सिंह को प्रमोशन प्रक्रिया में घपले के आरोप में शासन ने सस्पेंड कर दिया था। बीएसए के सस्पेंड होने के बाद से शिक्षकों की प्रमोशन प्रक्रिया के निरस्त होने की आशंका जाहिर की जा रही थी। हाल ही निकाय चुनाव के चलते प्रमोशन प्रक्रिया को निरस्त करने के कार्यक्रम को टाल दिया गया था। जिला बेसिक शिक्षाधिकारी डा. एससी वशिष्ठ ने पदोन्नति समिति की बैठक में लिए फैसले के बाद 656 शिक्षकों की प्रमोशन की प्रक्रिया को निरस्त करने के आदेश जारी किए हैं। बीएसए ने बताया कि जिन शिक्षकों का प्रमोशन निरस्त हुआ है वह वापस अपने मूल स्कूल में वापस जाएंगे।
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