मिलावटखोरी में दो लोगों पर जुर्माना

Hamirpur Updated Tue, 19 Jun 2012 12:00 PM IST
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हमीरपुर। मिलावटखोरी के दो मामलों में अपर जिला मजिस्ट्रेट की अदालत ने दूध और घी के नमूने अधोमानक पाए जाने पर दूध विक्रेता पर 35 हजार व घी विक्रेता पर 50 हजार रुपए जुर्माना लगाया है। कोर्ट ने आरोपियों से एक पखवारे में जुर्माना धनराशि जमा करने के आदेश दिए हैं।
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15 अक्तूबर 2011 को खाद्य सुरक्षा अधिकारियों का सचल दल सुमेरपुर थानाक्षेत्र के पंधरी गांव में निरीक्षण कर रहे थे। सिकहुला थाना जसपुरा जिला बांदा के ओमप्रकाश सिंह बाइक से चार केन में दूध लेकर जा रहे थे, तभी खाद्य विभाग की टीम ने दूध का नमूना भरकर जांच के लिए आगरा भेजा था। जांच में नमूना अधोमानक पाया गया। इसी तरह 14 अक्तूबर 2010 को खाद्य टीम ने मौदहा बाजार में जगदंबा ट्रेडर्स के प्रतिष्ठान से 40 किग्रा रखे घी से नमूना लेकर जांच को भेजा था। वह भी जांच में फेल निकला। नमूने फेल होने पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने आरोपियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया। साथ ही 2 मार्च को आरोप पत्र दिया गया। जिस पर आरोपियों ने नमूनों की दोबारा जांच के लिए अपील की। इस पर दोनों नमूने खाद्य प्रयोगशाला मैसूर भेजा गया। जहां पर दोनों नमूने फेल हो गए। इस पर अपर जिला मजिस्ट्रेट की अदालत ने प्रयोगशालाओं की जांच आख्या पर गहनता से अध्ययन किया और दूध विक्रेता ओम प्रकाश सिंह तथा घी विक्रेता जगदम्बा ट्रेडर्स के सुमित गुप्ता व जगदम्बा प्रसाद गुप्ता को दोषी माना। अदालत ने दूध विक्रेता पर 35 हजार व घी विक्रेता पर 50 हजार का जुर्माना ठोका। अदालत ने आदेश दिए कि अगर एक पखवारे के अंदर जुर्माना धनराशि नही जमा की गई तो भू राजस्व के तरीके से वसूली की जाएगी।
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