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महीनों से अंधेरे में डूबे हैं छह गांव

Hamirpur Updated Sat, 16 Jun 2012 12:00 PM IST
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मुस्करा (हमीरपुर)। विकासखंड क्षेत्र के छह गांवों के फुंके ट्रांसफार्मरों को पावर कारपोरेशन नहीं बदल रहा है। इसके पीछे इन गांवों के बकाएदारों द्वारा बिल की अदायगी न करना है। वहीं बिल की अदायगी करने वाले उपभोक्ताओं में ट्रांसफार्मर न बदले जाने से कारपोरेशन के प्रति रोष व्याप्त है। उपभोक्ताओं का कहना है कि अगर समय रहते ट्रांसफार्मर नहीं बदले गए तो वह उच्चाधिकारियों से शिकायत के बाद धरना-प्रदर्शन को मजबूर होंगे।
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बसवारी, खड़ेही लोधन, बिलगांव, हुसैना, बिहूनी व ऐझी गांवों के ट्रांसफार्मर कई महीनों से फुं के पड़े हैं। भीषण गर्मी के चलते लोग अंधेरे में रहने के साथ पंखा और कूलर की हवा से महरूम हैं। इन गांवों में पेयजल योजना भी ठप है। लोगों के सामने पेयजल का संकट भी उत्पन्न हो गया है।
बसवारी निवासी पन्नालाल, विनोद कुमार, शिवपाल सिंह, खड़ेही लोधन के शारदादीन, नत्थू सिंह, बिलगांव के जगत प्रसाद द्विवेदी, हुसैना के राजू गुरुदेव, रामेंद्र तिवारी, प्रधान जितेंद्र मिश्रा, बिहूनी के राजकुमार, राजेंद्र कुमार और ऐंझी के केशव प्रसाद, डालचंद्र और कालका प्रसाद का कहना है कि पावर कारपोरेशन बिलों की बकाएदारी की बात कहकर गांवों में ट्रांसफार्मर नहीं रखवा रहा है। उपभोक्ताओं का कहना है कि बकाएदारों की वजह से बिल अदा करने वालों को भी मुसीबतों का सामना करना पड़ रहा है। इस भीषण समस्या से उच्चाधिकारियों को अवगत कराया जाएगा। इसके बाद भी अगर ट्रांसफार्मर नहीं बदले गए तो धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
उधर, अवर अभियंता निरंजन चौधरी का कहना है कि इन गांवों में कारपोरेशन का लाखों रुपए बकाया है। बिल वसूली न होने के चलते अधिकारियों ने ट्रांसफार्मर बदलने से मना कर रखा है। ट्रांसफार्मर तभी बदले जाएंगे जब इन गांवों की बकाएदारी समाप्त हो जाएगी।

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