पारा चढ़ने से बढ़ रही हैं दुश्वारियां

Bhadohi Updated Mon, 18 Jun 2012 12:00 PM IST
ज्ञानपुर। कहते हैं कि मृगशिरा नक्षत्र में भगवान भास्कर पृथ्वी के करीब आ जाते हैं। लेकिन यह जुमला इन दिनों चिलचिलाती धूप और उमस से उबलते कालीन नगरी के लोगों को रास नहीं आ रहा है। खेतीबारी की दृष्टि से सूर्यदेव की तपिश भले ही उपयोगी मानी जा रही है लेकिन आम आदमी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पैसे खर्च कर एसी, कूलर जैसी आधुनिक सुविधाओं से लैस लोगों को भी इस भीषण गर्मी में राहत नहीं मिल पा रही है। क्योंकि बिजली की धुआंधार कटौती की वजह से ये उपकरण शो-पीस बनकर रह गए हैं।
गर्मी की तपिश और उमस से परेशान लोग अब बारिश की बाट जोह रहे है, कि मानसून कितना जल्दी बने और बारिश हो। ताकि मौसम में ठंडक होने से राहत मिल सके। लेकिन ज्यों-ज्यों दिन बीत रहा है, मौसम का पारा चढ़ता ही जा रहा है। हालत यह है कि सुबह में नौ बजने से पूर्व ही गर्म हवाएं कहर बरपाने लगती हैं, यह सिलसिला शाम को छह-सात बजे तक चलता रहता है। 12 बजे से लेकर चार बजे तक की गर्म हवाएं और लू के थपेड़े तो जानलेवा साबित हो रहे हैं। दिनभर की धूप में तपे मकानों की दीवारें आधी रात के बाद भी छूने पर गर्म महसूस होती हैं। रविवार को गर्मी की स्थिति यह रही कि सुबह से ही आग उगल रहे सूर्यदेव के चलते दस बजे तक सड़कों पर सन्नाटा छा गया। ग्रामीण से लेकर नगरीय क्षेत्र तक की सड़कें सूनी रहीं। रविवार होने की वजह से गर्मी के मारे सभी के सभी घराें में ही दुबके रहे लेकिन बिजली के बिना यहां भी चैन नहीं मिला। यदा कदा लोग ही सड़क पर या किसी काम से बाहर निकले दिखाई पड़े। मृगशिरा नक्षत्र की धूप और गर्मी लोगों की हालत खराब करने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है। अगर बारिश लेट हुई तो जैसा कि अनुमान मौसम विशेषज्ञों की ओर से लगाया जा रहा है तो स्थिति और भी ख्रराब हो सकती है।

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