एआरटीओ दफ्तर में हंगामा, एक दर्जन गिरफ्तार

Bhadohi Updated Fri, 18 May 2012 12:00 PM IST
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ज्ञानपुर। उप संभागीय परिवहन विभाग के कामकाज पिछले दो दिनों से हंगामे की भेंट चढ़ गए। बुधवार को एक बाबू से कहासुनी और गुरुवार को पुलिस ने ताबड़तोड़ छापेमारी कर एक दर्जन लोगों को कार्यालय परिसर से उठा लिया। इससे कार्यालय के बाहर और अंदर दूसरे दिन भी हड़कंप मचा रहा।
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बुधवार की दोपहर में ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने गए एक युवक ने लाइसेंस बाबू से किसी बात को लेकर कहासुनी कर ली। कहासुनी होते-होते नौबत मारपीट की भी आ गई। इससे क्षुब्ध होकर कर्मचारियों ने कार्य बंद कर दिया और इसकी शिकायत अपने उच्चाधिकारी से की। उच्चाधिकारी ने मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक से की, जिस पर गुरुवार को बड़ी संख्या में ज्ञानपुर पुलिस उप संभागीय कार्यालय पहुंची और कार्यालय परिसर के अंदर और बाहर हंगामा कर रहे लोगों को लाठियां पटककर भगाया। इस दौरान पुलिस ने कार्यालय परिसर और बाहर से एक दर्जन लोगों को हिरासत में भी लिया और थाने में लाकर बंद कर दिया। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने पीएसी के साथ जिला मुख्यालय के आसपास के गांवों में जबरदस्त छापेमारी की। इससे युवक गांव छोड़कर फरार हो गए हैं। पुलिस की इस कार्रवाई से क्षुब्ध होकर बाहरी लोगों ने जमकर बवाल काटा। इस दौरान आरोप लगाया कि लाइसेंस जारी करने के नाम पर ज्यादा सुविधा शुल्क की मांग की गई। आरोप लगाया कि उपसंभागीय परिवहन विभाग के कर्मचारियों का व्यवहार अच्छा नहीं है। लाइसेंस बनवाने या गाड़ी का रजिस्ट्रेशन करने जाने पर संबंधित बाबुओं द्वारा अनावश्यक सुविधा शुल्क वसूला जाता है। सुविधा न देने पर बार-बार दौड़ाया जाता है।
हंगामे पर उप संभागीय परिवहन अधिकारी आरएस यादव ने कहा कि कार्यालय से दलालों को खदेड़कर बाहर किया गया। कहा कि जिस आवेदक को अपना कार्य कराना है, वे स्वयं संबंधित बाबू की खिड़की पर आएं। कहा कि दलाल यदि परिसर में दिखे तो उन्हें जेल भेजा जाएगा। आए दिन दलाल बाबुओं से अनावश्यक कार्यों के लिए कहासुनी करते रहते हैं। इससे कार्य बाधित होता है।
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