विज्ञापन

उल्टी-दस्त की दवाएं भी खत्म

Badaun Updated Fri, 12 Oct 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
बदायूं। जिला अस्पताल को हर साल दवाओं के लिए लगभग 75 लाख रुपये मिलते हैं, लेकिन मरीजों को उल्टी-दस्त की दवाएं भी नहीं मिल पा रही हैं। एंटीबायोटिक टेबलेट के अलावा सीरप भी खत्म हो गए, इंजेक्शन भी नहीं हैं। इस हाल में मरीजों को बाहर के मेडिकल से दवाएं खरीदनी पड़ रही हैं।
विज्ञापन
जिला अस्पताल में हर दिन 700 से 800 मरीज दवा लेने आते हैं। प्रतिदिन दस हजार टेबलेट की खपत है। इसकी डिमांड एक माह पूर्व भेजी जाती है ताकि मरीजों को दवाओं के लिए भटकना न पड़े। इस समय बुखार के लिए सिफरोबिड, पेट के लिए डाइजिन, आयरन, कैल्शियम की टेबलेट नहीं हैं। इसके अलावा शरीर दर्द के लिए डिप्लोमेक, पेट के लिए रेनीटिडिन भी नहीं है। आई और ईयर ड्रॉप कई महीने से नहीं मिल रहे हैं। बच्चों के सीरप सेप्ट्रान, एमिटसिलिन, कफ सीरप, एंटीनॉलोन, उल्टी के लिए पेरीनॉर्म भी नहीं मिल रहे हैं। इंजेक्शन में आईवी फ्लूड, आरएल, एनएफ, आईसोलिट पी, सिप्रो, मेट्रोजिल नहीं हैं।
विभागीय सूत्रों का कहना है कि इन दवाओं के अभाव में चिकित्सक मरीजों को बाहर की दवाएं लिख रहे हैं। कुछ दवाओं की पूर्ति दूसरी दवा देकर की जा रही है। इस तरह मरीजों पर खर्च अधिक पड़ रहा है।
सभी दवाएं जिला अस्पताल में मौजूद हैं, जो नहीं होती हैं उनकी खरीद की जाती है। मरीजों को दवाएं दी जा रही हैं।-डा. नरेंद्र कुमार, सीएमएस
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Disclaimer


हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।
Agree
Election
  • Downloads

Follow Us