वजीरगंज में बिजली पर बवाल, लाठीचार्ज-पथराव

Badaun Updated Sun, 19 Aug 2012 12:00 PM IST
वजीरगंज (बदायूं)। बिजली को लेकर शनिवार को कसबे में बवाल हो गया। कटौती से आजिज आए लोगों ने सब स्टेशन पर प्रदर्शन करने के साथ ही करीब साढ़े छह घंटे मुरादाबाद-फर्रुखाबाद हाइवे जाम रखा। इस बीच भीड़ में से किसी ने पथराव किया तो पीएसी के लाठीचार्ज कर दिया। इससे भड़के लोगों ने जबर्दस्त पथराव कर चार बसों समेत करीब 16 वाहनों को क्षतिग्रस्त कर दिया। पुलिस ने दुकानों तक में घुसकर लोगों को पीटा।
वजीरगंज में छह घंटे की जगह दो घंटे बिजली मिल रही है। शनिवार को लोगों का धैर्य जवाब दे गया। सुबह करीब 10.15 बजे महिलाएं सबस्टेशन जा पहुंचीं और नारेबाजी करने लगीं। वहां मौजूद कर्मचारी भाग खड़े हुए। इस बीच भीड़ बढ़ती गई और लोगों ने मुरादाबाद-फर्रुखाबाद मार्ग जाम कर दिया। ग्रामीणों ने फुंका ट्रांसफार्मर भी सड़क पर रख दिया। करीब एक घंटे बाद मौके पर पहुंचे एसओ अमर सिंह ने गांव वालों को समझाने की कोशिश की लेकिन ग्रामीण बिजली या प्रशासनिक अफसरों को बुलाने की मांग पर अड़ गए। इसी हील हुज्जत में तीन घंटे बीत गए और हाईवे पर वाहनों की लंबी लाइन लग गई। इस बीच कई थानों की फोर्स, पीएसी के साथ ही सीओ हरिराम निमला और एसडीएम रजनीश राय भी मौके पर पहुंच गए। अफसरों ने एक्सईएन एके सोलन और एसडीओ सुशील भारद्वाज को भी बुलवा लिया। उपकेंद्र के भीतर अफसरों की लोगों से बातचीत हो ही रही थी कि बाहर से पथराव से शुरू हो गया। एसओ के आदेश पर पीएसी ने लाठीचार्ज किया तो भगदड़ मच गई। पुलिस ने दुकानों में घुसकर लोगों को पीटा। गुस्साई भीड़ ने पथराव तेज करने के साथ ही वाहनों में तोड़फोड़ शुरू कर दी। रोडवेज की दो बसों के साथ ही दो निजी बसें और एक दर्जन ट्रकों को क्षतिग्रस्त कर डाला। इस दौरान यात्री वाहनों से उतरकर भाग निकले।
इस बीच बाजार बंद कर व्यापारी मौके पर पहुंच गए। सैकड़ों की भीड़ ने सबस्टेशन को घेर लिया। बिजली को लेकर शुरू हुआ आंदोलन पुलिस के खिलाफ हो गया। लोग दरी बिछाकर सड़क पर बैठ गए और एसओ को हटाने की मांग करने लगे। एक घंटे बाद एसपी मंजिल सैनी मौके पर पहुंची और गांव वालों की मांग पर कार्रवाई का भरोसा दिलाया। एसओ को ईद के बाद हटाने के वादे पर जाम खुल सका।

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