...अभी दस दिन दूर है मानसून

Badaun Updated Sun, 17 Jun 2012 12:00 PM IST
बदायूं। मई के मध्य से अब तक गर्मी ने अपने तीखे तेवर से जनजीवन को बेहाल कर दिया। इस बीच अंधड़ भी नहीं चला इसलिए तापमान लगातार बढ़ता जा रहा है। इस समय मृगशिरा नक्षत्र की तल्खी असहनीय हो गई है। धूप निकलते ही सड़कों पर आवाजाही काफी कम नजर आ रही है। अपने निर्धारित समय 31 मई से छह दिन विलंब से केरल तट पर पांच जून को आया मानसून धीमी रफ्तार में आगे बढ़ रहा है। मौसम विज्ञानी के मुताबिक अभी कम से कम हफ्तेभर तल्ख मौसम का सामना करना पड़ेगा। मानसून 25 से 30 जून के बीच उत्तर प्रदेश और समूचे उत्तर भारत में पहुंचेगा। इस बीच प्री मानसून की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता। यदि वह आया तो तापमान में गिरावट होगी और थोड़ी सी राहत मिलेगी।
पंतनगर विश्वविद्यालय के मौसम विज्ञानी डॉ. एचएस कुशवाहा का कहना है कि केरल तट पर आने वाले मानसून को यूपी एवं उत्तर भारत मेें पहुंचने में कम से कम तीन हफ्ते का समय लगता है। इस बार चूंकि पांच जून को केरल तट पर पहुंचा है, लिहाजा 25 से 30 जून के मध्य वह यहां पहुंचेगा। इस दौरान बढ़ते तापमान के चलते गर्म हवा ऊपर जाकर रुक रही है। ऐसे में क्षेत्रीय स्तर पर हवा के कम दबाव का क्षेत्र विकसित हो सकता है। ठंडी हवा उस खाली स्थान को भरने के लिए मिलेगी तो हवा घुमावदार होगी, बादल बनेंगे और उनका घनत्व अधिक रहा तो बड़े दायरे में तेज बारिश, हवा चलेगी। यही प्री मानसून मौसम की तल्खी कम करेगा और मानसून को तेजी से अपनी ओर खींचेगा।
इस समय मानसून की दक्षिण-पश्चिम शाखा असम, मेघालय, त्रिपुरा, कर्नाटक, तमिलनाडु और अरब सागर की शाखा महाराष्ट्र की ओर बढ़ते हुए कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश कर रहा है। बंगाल की खाड़ी में यदि हवा के कम दबाव का क्षेत्र विकसित हुआ तो मानसून को ताकत मिल जाएगी और वह तेजी से बंगाल, बिहार होते हुए उत्तर प्रदेश में दाखिल कर जाएगा।

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