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पूरी तैयारी से गेहूं तुलवाने पहुंचे थे दबंग

Badaun Updated Wed, 16 May 2012 12:00 PM IST
बदायूं। मंडी समिति में मंगलवार की दोपहर सरेआम दबंगई करके आधा दर्जन से अधिक लोगों ने कानून व्यवस्था को तार-तार कर दिया। जब ट्रक हेल्पर अनिल को उतारकर दबंग गोली मार रहे थे तब दूर खड़े तीन सिपाही खुद के बचाव में दुबक गए। दबंग लगातार एक राजनेता का नाम भी ले रहे थे। हेल्पर की मौत के बाद स्थिति बदल गई। आक्रोशित भीड़ आगे बढ़ी तो दबंग अपनी कार और बाइक छोड़ भाग निकले। उसी कार में कारतूस समेत रायफल बरामद हुई। इससे जाहिर है कि वे पहले अपना गेहूं तुलवाने की मंशा लेकर पूरी तैयारी से आए थे।
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पुलिस ने जिन सात लोगाें को नामजद किया है उनमें से एक नईम को भीड़ ने ही पकड़कर पुलिस को सौंपा था। इन आरोपियों में से पांच को पुलिस हिस्ट्रीशीटर बता रही है। पकड़ा गया आरोपी खुद को भीड़ के सामने एक नेता का समर्थक बता रहा था। पुलिस के मुताबिक हिस्ट्रीशीटरों में नईम, उसका भाई फहीम, जहांगीर, अकबर और मुहम्मद मियां है। मन्नू उर्फ मानव और राजू उर्फ त्यागी की भी हिस्ट्रीशीट पुलिस खोज रही है।


मेरा ट्रक उसहैत के लिलवां क्रय केंद्र से एफसीआई का गेहूं लादकर नौ मई को मंडी समिति में आया था। मंगलवार को गेहूं की तौल और भंडारण का नंबर था। इसी दौरान दूसरे पक्ष के कुछ लोगों ने अपना ट्रक तौल के लिए लगा दिया। इसी पर बात बढ़ी तो वे हमारा ट्रक ले जाने लगे। विरोध करने पर उन्होंने हेल्पर अनिल को गोली मार दी। मेरे ट्रक से छह हजार रुपये और जैक गायब है। ट्रक की सीटें भी फाड़ दी गईं। -अवनीश यादव, ट्रक मालिक का भाई


तहरीर मेरे पास विलंब से आई इसलिए मुकदमा लिखने में देर हुई। जिन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई है उनमें पांच की हिस्ट्रीशीट मिल गई है। दो की खोज की जा रही है। सबकी गिरफ्तारी होगी और उनके खिलाफ गैंगस्टर की कार्रवाई की जाएगी।-रतन श्रीवास्तव, एसपी

दस घंटे बाद हुई एफआईआर
मंडी समिति में मंगलवार को हुई सरेशाम दबंगई और ट्रक हेल्पर की हत्या के मामले में घटना के दस घंटे बाद सिविल लाइन में एफआईआर दर्ज हुई। हेल्पर अनिल के पिता राजपाल को दृष्टिदोष है, लिहाजा वह नहीं आए। मां सोनवती मौके पर पहुंची तो बेटे की लाश देखकर गिर पड़ी। उन्हें अस्पताल ले जाया गया। वह कुछ नहीं बोल पा रही हैं। ट्रक मालिक के भाई अवनीश शाम छह बजे तहरीर लेकर पहुंचे तो पुलिस ने फिर से तहरीर लिखवाई। इसमें चार घंटे गुजर गए। सूत्र बताते हैं कि तहरीर में उस नेता का नाम भी था जिसके समर्थकों ने दबंगई की थी।

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