आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

मिलिए दुनिया के 'सबसे गरीब' राष्ट्रपति से

Avanish Pathak

Avanish Pathak

Updated Fri, 16 Nov 2012 09:15 PM IST
Meet the world's 'poorest' President
जोस मुजीका उरुग्वे के राष्ट्रपति हैं लेकिन उन्हें देखकर किसी को भी ये विश्वास नहीं होता। वजह साफ है वो एक गरीब किसान की तरह अपना जीवन जीते हैं।
एक फार्म हाउस में तीन टांग के अपने कुत्ते की रखवाली के भरोसे मुजीका अपना जीवन गुजार रहे हैं जो किसी भी राष्ट्र प्रमुख के लिए लगभग असंभव है।

एक पंक्ति में कहें तो, उनकी जीवन शैली कुछ इस प्रकार है, एक जीर्ण-शीर्ण फार्म हाउस में वो निहायत कम सुविधाओं के साथ रहते हैं, जहां कुएं से पानी भरा जाता है और कपड़े भी बाहर खुले में ले जाते हैं।

मुजीका राष्ट्रपति हैं लिहाजा सुरक्षा के नाम पर उन्हें दो पुलिस अधिकारी मिले हैं और निजी स्तर पर वो मनुएला नाम का एक कुत्ता अपने साथ रखते हैं।

‘मैं सनकी सही’
ऐसा नहीं है कि उरुग्वे में राष्ट्रपति को सुविधाओं के नाम पर कुछ दिया नहीं जाता बल्कि, जोस खुद अपनी मर्जी से इस तरह से रहते हैं। उन्होंने, उरुग्वे की तरफ से दिए गए आलीशान घर को नकार कर अपनी पत्नी के छोटे से फार्म हाउस में रहना पसंद किया जो राजधानी मोनतेविडियो के पास है।

जोस अपनी पत्नी के साथ इस फार्म हाउस में रहते हैं और फूलों की खेती भी करते हैं। वो कहते हैं, “मुमकिन है मैं पागल और सनकी दिखता हूं लेकिन ये तो अपने-अपने ख्याल हैं।” जोस जो बोलते हैं उसे हूबहू अपनाने में विश्वास रखते हैं।

जोस, अपनी तनख्वाह का 90 फीसद दान कर देते हैं जो तकरीबन 12 हजार डॉलर के आस-पास है। अपने वेतन से 775 डॉलर वो उरुग्वे के गरीब और छोटे उद्यमियों को दान कर देते हैं। फार्म हाउस में पुरानी सी कुर्सी पर बैठे जोस कहते हैं, “मेरे पास जो भी है मैं उसमें जीवन गुजार सकता हूं।”

जोस का जीवन
जोस 'क्यूबा क्रांति' से निकले हुए नेता हैं और 2009 में उरुग्वे के राष्ट्रपति चुने गए। लेकिन 1960 और 1970 में वो उरुग्वे में गुरिल्ला संघर्ष के सबसे बड़े नेता भी हैं और उन्होंने अपने सीने पर छह बार गोलिया खाई हैं। उन्होंने चौदह साल जेल में काटे हैं। जोस को 1985 में तब जेल से रिहा किया गया जब देश में लोकतंत्र की वापसी हुई।

उनकी जिंदादिली की एक मिसाल मशहूर है। वो कहते हैं, “मैं सबसे गरीब राष्ट्रपति कहलाता हूं, लेकिन मैं समझता हूं कि मैं गरीब नहीं हूं। गरीब तो वो होते हैं जो अपना पूरा जीवन खर्चीली जीवशैली के लिए काम करने में बिता देते हैं और अधिक से अधिक कमाने की इच्छा रखते हैं।”

वो कहते हैं, ''ये पूरा मामला आजादी का है। अगर आपकी बहुत ज्यादा जरूरतें नहीं है, तो कोई मतलब नहीं है कि जीवन भर काम ही करते रहें। अगर आपके अंदर इस तरह की भूख नहीं होगी तो आपके पास वक्त ही वक्त होता है।”

आलोचना
हालांकि इन सबके बावजूद जोस की आलोचना भी जमकर होती है। खासतौर से उरुग्वे का विपक्षी दल ये मानता है कि हालिया वर्षों में देश के आर्थिक हालात खराब हुए हैं। जोस के विरोधी मानते हैं कि सार्वजनिक सेवा, स्वास्थ्य और शिक्षा के स्तर में कोई सुधार नहीं हुआ है। गर्भपात कानून में बदलाव के लिए भी जोस की काफी निंदा हो रही है।

  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

तो क्या देश के हर एक युवा के हाथ में होगा नोकिया 8 ?

  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

उस रात बाहर सो रहा होता कोई गांव वाला तो नहीं बच पाती उसकी जान, देखें यह खौफनाक वीडियो

  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

लैक्मे फैशन वीक में दिखा इन हसीनाओं का जलवा

  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

नवरात्रि के 9 दिनों में करोड़पति बन जाती हैं फाल्गुनी पाठक, बॉलीवुड से अचानक हो गईं गायब

  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

आर्मी जवान ने 'मैं तेरा ब्वॉयफ्रेंड' पर किया जबरदस्त डांस, पब्लिक बोली- 'सुपर से भी ऊपर'

  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

Most Read

एक बार फिर भारत के खिलाफ नेपाल का फूटा गुस्सा

Nepal once again anger against India
  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

रहस्य से उठा परदा, इंसान नहीं, सबसे पहले जानवर आए थे पृथ्वी पर

Scientists have solved the mystery of how the first animals appeared on Earth
  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

ट्रंप के प्रतिबंधों को ईरान का जवाब- अमेरिका को देंगे मौत

Iran Lawmakers demand to raised Military expenditure against America
  • सोमवार, 14 अगस्त 2017
  • +

इंडिया@70 में बोलीं सुषमा स्वराज- बुलेट से नहीं, बैलेट से बदलती है भारत देश की सत्ता

Sushma swaraj speaks in India@70, says-India never seen power transfer by bullets
  • शुक्रवार, 11 अगस्त 2017
  • +

चीन देगा बाढ़ प्रभावित नेपाल को 10 लाख डॉलर की सहायता

China will provide 1 Million Dollars aid to flood affected Nepal
  • मंगलवार, 15 अगस्त 2017
  • +

दक्षिण कोरिया: बसों में लगी सेक्स गुलाम की प्रतीक ‘कम्फर्ट वूमन’ की मूर्ति

buses carry statue of comfert woman in south korea
  • मंगलवार, 15 अगस्त 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!