आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

अब ‘बग्वाल’ बन गई बीते जमाने की बात

Pauri

Updated Tue, 13 Nov 2012 12:00 PM IST
कोटद्वार/यमकेश्वर। गढ़वाल में कभी बग्वाल की धूम रहती थी, लेकिन अब उसकी जगह पर दीपावली ही मनाई जा रही है। बग्वाल भी छोटी दीपावली को मनाई जाती है। पहाड़ में इसी दिन अधिक उत्साह हुआ करता था, लेकिन अब लोग बग्वाल को भूल कर छोटी और बड़ी दीपावली को ही अधिक जानते हैं।
यूं तो पहाड़ से बहुत कुछ पारंपरिक त्योहार और तौर तरीके खत्म होते जा रहे हैं, लेकिन दीपावली जहां पूरे देश में उत्साह के साथ मनाई जाती है वहीं पहाड़ में भी इसका दशकों से क्रेज रहा है। गढ़वाल में अधिक मान्यता छोटी दीपावली यानी बग्वाल की रहती थी, लेकिन अब वही बग्वाल मनाने वाले लोग शहरों में आकर सिर्फ दीपावली को ही तरजीह देते हैं। बग्वाल उनके लिए अब गांव की दीपावली भर रह गई है।

क्या होता है बग्वाल में
बग्वाल में लोग घरों में लोग स्वाली, पकोड़ी, भरी स्वाली आदि पकवान बनाते हैं। पालतू जानवरों की पूजा की जाती है। उसके बाद उनके लिए तैयार किया गया भात, झंगोरा, बाड़ी (मंडवे के आटे से बनाया जाता है) और जौ के लड्डू तैयार कर सबको परात या थाली पर लगाया जाता है। फिर उनको बग्वाली के फूलों से सजाया जाता है। जानवरों के पैर धोकर धूप दिया जलाकर उनकी की जाती है और टीका लगाने के बाद सींगों पर तेल लगाया जाता है। फिर परात में सजाया हुआ अन्न उनको खिलाया जाता है। यह प्रक्रिया सुबह करीब आठ से 12 बजे तक चलती है।

भैला खेलने का था चलन
बग्वाल के दिन गांव के लोग किसी सार्वजनिक स्थान पर एकत्रित होकर ढोल दमाऊ के साथ नाचते और भैला (लकड़ी के गिट्ठे को रस्सी से बांधकर आग लगाने के बाद घुमाया जाता है) खेलते थे, जिसमें लोग तरह-तरह के करतब दिखाते थे। आतिशबाजी भी भी इसी दिन करते थे। अब भैला का रिवाज बहुत कम गांवों में रह गया है।


क्या है मान्यता
- गढ़वाल में छोटी दीपावली को बग्वाल कहते हैं। इसको यम चतुर्दशी भी कहते हैं। इस दिन गौ पूजा से यमराज प्रसन्न होते हैं। मनुष्य की अल्पआयु में मृत्यु नहीं होती है। स्वर्ग की प्राप्ति होती है। नए जमाने के लोग अब इसको भूलने लग गए हैं। -पंडित मानवेंद्र मोहन बड़ोला, ग्राम पंचूर

- इस दिन भगवान कृष्ण ने नरकासुर का वध किया था। इसके अलावा पूरे साल एक दिन जानवरों को अन्न दिया जाता है। खरीफ की फसल की मंडाई के बाद पहला निवाला जानवरों को दिया जाता है। क्योंकि जानवर फसल तैयार करने में पूरा योगदान देते हैं। बग्वाल को लोग भूलते जा रहे हैं। -पंडित मनमोहन देव बड़ोला आंसौ दमराड़ा



ढोल-दमाऊं और भैलों से बनती है बात
भलसों गांव में आज भी परंपरागत रूप से मनाई जाती है दीपावली
अमर उजाला ब्यूरो
आदिबदरी। दीपावली की रात जहां पटाखों की आवाज से कान फटने को होते हैं, वहीं क्षेत्र का भलसों गांव इसका अपवाद है। यहां पटाखों का नहीं, बल्कि ढोल-दमाऊं की आवाज कानों में रस घोलती है। इस धुन के साथ नृत्य और भेला (मशाल) की रोशनी में घुला मिला उत्सवी माहौल अलग ही छटा बिखेरता है।
गैरसैंण तहसील का भलसों गांव, जहां आज भी तीन सौ से अधिक परिवार रहते है, अपनी दीपावली आज भी परंपरागत रूप से मनाता है। यहां के लोगों के लिए दीपावली केवल त्योहार ही नहीं, बल्कि आपसी भाई चारा और मनोरंजन सहित संस्कृति के द्योतक है। गांव के बुजुर्ग बलवंत सिंह और नंदा सिंह कहते हैं कि दीपावली का त्योहार यहां एक परपंरा बन गया है। वर्षोें से बनी इस परपंरा में पहले ग्रामीण अपने घरों में लक्ष्मी पूजन करते हैं और बाद में मंदिर के समीप बड़े खेत में समूह के रूप में एकत्रित होकर भेला खेलते हैं। युवाओं द्वारा भेलों से विभिन्न कलाकृतियां खेली जाती है। युवा भी इस त्योहार में पीछे नहीं रहते है। भागवत सिंह, गोविंद सिंह, जगदंबा खंडूरी ने कहा कि इस त्योहार की परपंरा को बरकरार रखने के लिए युवा खासे उत्साहित रहते हैं।
  • कैसा लगा
Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

5 महीने बाद सामने आया 'बाहुबली 2' का वो सच, जो यकीनन आप नहीं जानते होंगे

  • बुधवार, 20 सितंबर 2017
  • +

मनपसंद खाना खाने के बाद जरूर करें ये काम नहीं बढ़ेगा वजन...

  • बुधवार, 20 सितंबर 2017
  • +

ऐसे रेस्टोरेंट्स के नाम सुनकर आप भी हो जाएंगे हंसने पर मजबूर

  • बुधवार, 20 सितंबर 2017
  • +

नर्स ने मासूम के साथ किया कुछ ऐसा, बन आई जान पर, CCTV फुटेज से हुआ खुलासा

  • बुधवार, 20 सितंबर 2017
  • +

सोने से पहले हर लड़की सोचती है ये बातें, लड़के जाने लें

  • बुधवार, 20 सितंबर 2017
  • +

Most Read

नवरात्र में टूट सकती है सपा, मुलायम-शिवपाल बनाएंगे नई पार्टी, ये हो सकता है नाम

samajwadi party will be divided mulayam and shivpal announce new party
  • मंगलवार, 19 सितंबर 2017
  • +

निकाहनामा के समय दूल्हे ने नहीं हटाया सेहरा, दुल्हन ने किया शादी से इनकार

Bride refused marriage in kannauj
  • मंगलवार, 19 सितंबर 2017
  • +

सीएम योगी ने पेश किया छह माह का लेखा जोखा, पुलिस, युवाओं और किसानों पर दिया जोर

cm yogi presented six moth up government report card
  • मंगलवार, 19 सितंबर 2017
  • +

सीएम योगी का जवाब, किसानों की हंसी उड़ा रहे अखिलेश खुद बनेंगे हंसी के पात्र

Cm yogi reply to Akhilesh tweet on loan issue
  • मंगलवार, 19 सितंबर 2017
  • +

जम्मू-कश्मीर के डीजीपी ने ली चुटकी, 'सुना है लश्कर में कमांडर की वैकेंसी है'

DGP sp vaid said, the commander's vacancy available in Lashkar-e-Taiba Srinagar
  • मंगलवार, 19 सितंबर 2017
  • +

कुमार विश्वास ने किया ट्वीट- साथियों को शून्य समझने वालों... ढंग की इकाई भी न बचोगे

kumar vishwas tweets and attacks on aam admi party top leadership
  • सोमवार, 18 सितंबर 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!