आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

शिक्षित हैं लेकिन सुरक्षित नहीं

Pauri

Updated Wed, 17 Oct 2012 12:00 PM IST
कोटद्वार। नवरात्रों के नौ दिनों में नौ देवियों की पूजा की जाती है, लेकिन समाज में नारी शक्ति आज भी असुरक्षित है। महिलाओं पर अत्याचार, हिंसा की घटनाएं जहां आम बात हो गई हैं वहीं इस आधुनिकीकरण के दौर में कन्या भ्रूण हत्या पर रोक नहीं लग रही है। नियम कायदे सिर्फ महिलाओं के लिए हैं। पहाड़ में महिलाएं आत्मनिर्भर हैं वे खेती-बाड़ी करके जीवन यापन कर रही हैं लेकिन पहाड़ में जीवन बहुत कठोर है। सुबह से लेकर शाम तक घर, खेत और जंगल के सभी कामों का बोझ महिलाओं के सिर पर होता है लेकिन महिला शक्ति है जो उसे खुशी-खुशी सहती है।
कोतवाली में महिला काउंसलिंग में 90 प्रतिशत मामले घरेलू हिंसा के आते हैं। अपराध भी बढ़ रहा है। रचना हत्याकांड का मामला चल रहा है लेकिन मामले का खुलासा अभी तक नहीं हुआ। वहीं कुछ दिन पहले कौड़िया के जंगल में लकड़ी लेने जा रही युवती के साथ कुछ बदमाशों ने जबरदस्ती का प्रयास किया, कामयाब न होने पर पत्थरों से उसको मारने का प्रयास किया, जिससे उसका चेहरा खराब हो गया। ये स्थिति तब है जब समाज में लोग शिक्षित हैं, अशिक्षितों को शिक्षित किया जा रहा है। कुछ तो सही राह पर चल निकलते हैं, समाज सुधार का बीड़ा उठाते हैं लेकिन कुछ असामाजिक तत्व ऐसे हैं जो समाज के नाम पर कलंक लगाते हैं।

इंसेट
क्या कहती हैं महिलाएं
नियम सिर्फ महिलाओं के लिए
- पिछले कुछ समय में महिलाओं की स्थिति में कुछ सुधार जरूर हुआ है, लेकिन आज भी समाज में वह दर्जा नहीं दिया जाता है। समाज के जटिल नियमों में सिर्फ महिलाओं को ही बंधना पड़ता है। -अनीता देवी, ग्राम ठांगर।

काम में कट जाता है जीवन
पहाड़ में तो महिलाएं सुबह से शाम तक काम में लगी रहती हैं। इसी में उनका जीवन कट जाता है। उनके इस काम का उनको कोई श्रेय नहीं मिलता है। उल्टे कई महिलाओं के साथ बुरे बर्ताव की भी घटनाएं भी सामने आती रहती हैं। - सुनीता देवी, ग्राम विथ्याणी।

सुरक्षित नहीं हैं
- महिलाएं आज कहीं भी सुरक्षित नहीं हैं। कहीं भी चली जाएं असुरक्षा का खतरा बना रहता है। किसी भी महिला को इंसाफ दिलाने के लिए कठिन संघर्ष करना पड़ता है। - गुड्डी देवी, ग्राम आमसौड़।

बेटों का दबाव महिलाओं पर
- दुर्गा पूजा आज रस्म अदायिगी भर रह गई है। कन्याओं को जिमाने वाले समाज में कन्या भ्रूण हत्या कर दी जाती है। बेटों का दबाव महिलाओं पर यह समाज ही करता है। देवियों की पूजा करने वाले लोग उनको मारते हैं जिनके नाम के पीछे देवी लगा होता है। - विनीता भट्ट, सदस्य राज्य महिला आयोग।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

B'day Spl : फिल्मों में आते ही सुशांत ने तोड़ दिया 6 साल पुराना रिश्ता, नई हीरोइन से चल रहा है अफेयर

  • शनिवार, 21 जनवरी 2017
  • +

Film Review: कॉफी विद डी: रोचक विषय की भोंथरी धार

  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

क्या फ‌िर से चमकेगा युवराज का बल्ला और क‌िस्मत, जान‌िए क्या होने वाला है आगे

  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

BHIM एप के 1.1 करोड़ डाउनलोड, जानिए क्यों बाकी पेमेंट एप से बेहतर

  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

कार का अच्छा माइलेज चाहिए तो पढ़ लें ये टिप्स

  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

Most Read

शिवपाल समर्थकों ने बनाया नया संगठन, नाम जानकर हो जाएंगे हैरान

shivpal supporters created new organization
  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

अखिलेश की सूची में कुछ नाम बदले, कुछ निरस्त, यहां देखें

correction in akhilesh yadav list
  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

बोले राजा भइया- नहीं है गठबंधन की जरूरत, अकेले ही जीत लेंगे चुनाव

there is no need of alliance with congress
  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

खाते में आ गए 49 हजार, निकालने पहुंची तो मैनेजर ने भगाया

49000 come in account without permission of account hoder
  • शनिवार, 14 जनवरी 2017
  • +

बीजेपी को झटका, पूर्व विधायक ने थामा अखिलेश का हाथ

shiv singh chak joins samajwadi party
  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

सपा ने गठबंधन में नहीं दी जगह, अब रालोद ने घोषित किए प्रत्याशियों के नाम

RLD declares its candidates for UP election.
  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top