आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

खुले में फेंक रहे बायोमेडिकल कचरा

Haridwar

Updated Fri, 05 Oct 2012 12:00 PM IST
रुड़की। उत्तराखंड पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के नोटिस के बाद भी हरिद्वार जिले के 25 अस्पतालों में बायोेमेडिकल कचरा निस्तारण के उपाय नहीं किए गए हैं। इसमें 13 निजी नर्सिंग होम और 21 सरकारी अस्पताल हैं। इन अस्पतालों का कचरा अभी खुले में फेंका जा रहा है। पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड अब ऐसे अस्पताल प्रबंधनों के खिलाफ सीबीआई न्यायालय में शिकायत दर्ज करने की तैयारी में है।
जिले में कुल 125 नर्सिंग होम पंजीकृत हैं। सभी अस्पतालों को पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 के अंतर्गत जैव चिकित्सा अपशिष्ट नियम 1998 के तहत कचरा निस्तारण के उपाय किए जाने होते हैं। इसमें से ज्यादातर अस्पतालों ने तो अपने यहां कचरा निस्तारण के जरूरी उपाय कर लिए हैं, लेकिन 13 नर्सिंग होम ऐसे हैं, जिन्होंने कचरा निस्तारण के लिए कोई व्यवस्था नहीं की है। जबकि 21 सरकारी अस्पतालों में भी कचरा निस्तारण के लिए व्यवस्था नहीं की गई है। यहां का कचरा अस्पताल परिसर या उसके आसपास खुले में फेंका जा रहा है। बता दें कि अस्पतालों से तीन तरह का कचरा निकलता है।

स्वास्थ्य के लिए घातक कचरा
अस्पतालों से निकलने वाला कचरा काफी घातक होता है। खुले में फेंकने से प्रयोग की गई सुई और दूसरे उपकरण से संक्रामक बीमारियों का खतरा बना रहता है। सामान्य तापमान में इसे जलाकर खत्म भी नहीं किया जा सकता है। इसको 1200 डिग्री तापमान में ही खत्म किया जा सकता है। इसके लिए भगवानपुर औद्योगिक क्षेत्र में एक भट्टी लगी है।

पांच निकायों के खिलाफ दर्ज हो चुका मुकदमा
कूड़ा निस्तारण के जरूरी उपाय नहीं करने पर जिले की पांच निकायों के खिलाफ सीबीआई न्यायालय में मुकदमा दर्ज हो चुका। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से नगर निगम हरिद्वार, नगर पालिका मंगलौर, नगर पंचायत लंढौरा, लक्सर, झबरेड़ा के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था।

सजा का प्रावधान
कूड़ा निस्तारण के उपाय नहीं करने पर पांच साल की सजा और एक लाख रुपये जुर्माना का प्रावधान है। इसके बाद भी यदि जरूरी उपाय नहीं किए जाते हैं तो प्रति दिन पांच हजार का जुर्माना वसूला जाएगा।

ऐसे अस्पताल प्रबंधनों को दो बार नोटिस भेजे गए हैं। एक और नोटिस भेजा जा रहा है। इसके बाद भी कचरा प्रबंधन के उपाय नहीं किए गए तो सीबीआई की अदालत में शिकायत दर्ज की जाएगी।
- डॉ. अंकुर कंसल, क्षेत्रीय अधिकारी उत्तराखंड पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

पाकिस्तान की हार के बावजूद टूटा विवियन रिचर्ड्स का रिकॉर्ड

  • गुरुवार, 19 जनवरी 2017
  • +

प्रियंका चोपड़ा ने लाइट जलाकर बनाए हैं संबंध, खुद किया खुलासा

  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

OMG: ये लड़की डॉक्टर से मांग लाई अपना कटा पैर, फिर दिखाए गजब के करतब

  • गुरुवार, 19 जनवरी 2017
  • +

प्रियंका का सबसे जुदा अंदाज, किसी राजकुमारी से कम नहीं लग रही हैं

  • गुरुवार, 19 जनवरी 2017
  • +

BIGG BOSS : स्वामी ओम के चलते सलमान ने लिया बड़ा फैसला, ऐसा अब तक नहीं हुअा

  • गुरुवार, 19 जनवरी 2017
  • +

Most Read

खाते में आ गए 49 हजार, निकालने पहुंची तो मैनेजर ने भगाया

49000 come in account without permission of account hoder
  • शनिवार, 14 जनवरी 2017
  • +

बीजेपी को झटका, पूर्व विधायक ने थामा अखिलेश का हाथ

shiv singh chak joins samajwadi party
  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

टिकट बंटवारे को लेकर बीजेपी से नाराजगी पर आया स्वामी प्रसाद मौर्या का बयान

swami prasad maurya denies news of being unhappy due ticket distribution
  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

एटा बस हादसे में 25 लोगों की मौत, सीएम ने द‌िए मुफ्त इलाज के न‌िर्देश

cm akhilesh shows grieve on etah school accident
  • गुरुवार, 19 जनवरी 2017
  • +

जानें, सपा में 'अखिलेश युग' की शुरुआत पर क्या बोले अमर ‌सिंह

 amar singh reaction on EC decision.
  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

कभी भी हो सकता है सपा-कांग्रेस के गठबंधन का ऐलान, गुलाम नबी ने की पुष्ट‌ि

ghulam nabi confirms congress alliance with sp
  • मंगलवार, 17 जनवरी 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top