आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

बिजली की बदहाली से तंग जनता हंगामा पर उतारू

Varanasi

Updated Sat, 16 Jun 2012 12:00 PM IST
वाराणसी। लखनऊ कंट्रोल की मनमानी पर शुक्रवार को थोड़ी लगाम लगी। दिन में कटौती के घंटे कुुछ कम हुए लेकिन बदहाल विद्युत वितरण व्यवस्था के सामने यह राहत भी बेमानी साबित हुई। रात में बिजली गुल होने और सही सूचना नहीं देने से आजिज नागरिकों ने लेढ़ूपुर उपकेंद्र पर पहुंच कर खूब हंगामा किया। भूमिगत केबिल पंक्चर होने से मैदागिन, टाउनहाल, चौक उपकेंद्रों से जुड़े इलाकों में सारी रात बिजली गुल रही। दिन में चार-चार घंटे के अंतराल पर इन उपकेंद्रों को चलाया जा रहा है। बदहाली से वरुणापार इलाका भी अछूता नहीं है।
बीएचयू 33 केवी उपकेंद्र के तीनों ट्रांसफार्मर लगा दिए गए। तीसरे ट्रांसफार्मर पर शनिवार को लोड डाला जाएगा। दो ट्रांसफार्मर से इलाके में विद्युत आपूर्ति की जा रही है। अफसरों का दावा है कि सब कुछ ठीकठाक है लेकिन जनता बिजली के आने-जाने की शिकायत कर रही है। काशी से मैदागिन उपकेंद्र को जोड़ने वाली सर्किट की केबिल विशेश्वरगंज पोस्टआफिस के समीप पंक्चर हो गई है। इससे मैदागिन, काशी, टाउन हाल उपकेंद्रों से जुड़े दो दर्जन मुहल्लों में सारी रात बिजली गुल रही। सुबह दूसरी सर्किट के इन उपकेंद्रों को चालू किया गया लेकिन पूरा लोड लेना संभव नहीं है। लिहाजा चार-चार घंटे के अंतराल पर विद्युत आपूर्ति की जा रही है। वरुणापार, गोदौलिया, अस्सी, पांडेयपुर, लहरातारा, महमूरगंज इलाके में भी शाम को हर एक घंटे पर आधे से एक घंटे तक का शट डाउन लिया जा रहा है। लेढ़ूपुर से दौलतपुर को जोड़ने वाली 33 केवी लाइन में दो जंफर गुरुवार की रात 10.30 पर उड़ गए। रात दो बजे तक न तो बिजली बनी और अधिकारियों तथा उपकेंद्र का फोन स्विच आफ हो गया तो क्षेत्रीय जनता उपकेंद्र पहुंच गई। वहां पहुंचने पर बताया गया कि लेढ़ूपुर 132 केवी उपकेंद्र से लाइन बंद है। गुस्सा उपभोक्ता वहां भी पहुंच गए। गेट पर सुरक्षाकर्मियों ने रोकने की कोशिश को तो उन्होंने वाहनों के धक्के से गेट खोल दिया और भीतर जाकर कर्मचारियों तथा अधिकारियों से खूब गालीगलौज की। भोर में चार बजे तक आपूर्ति बहाल की जा सकी। हरहुआ उपकेंद्र में भूमिगत केबिल कट जाने से हरहुआ फीडर की आपूर्ति दो दिनों से ठप है। दो दर्जन गांवों के लोग पेयजल तक को तरस गए हैं। इससे क्षुब्ध होकर पूर्व प्रधान अलिन सिंह के नेतृत्व में दो दर्जन ग्रामीण उपकेंद्र पर पहुंचे और तालाबंदी कर दी। अफसरों ने शनिवार तक आपूर्ति बहाल करने का आश्वासन दिया है।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

powers plight

स्पॉटलाइट

कुछ लड़कियां क्यों नहीं करतीं जिंदगीभर शादी, लड़के जान लें

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

IndVsAus: अश्विन, जडेजा, जयंत से नहीं, कंगारुओं को इससे है डर

  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

रिसर्च: मोटे मर्दों की सेक्स लाइफ होती है शानदार

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

सेल्फी के शौकीनों के लिए खुशखबरी, इस फोन में होगा 3D कैमरा

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

रजनीकांत की दीवानी है ये हीरोइन, अब साथ में करेगी काम

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

Most Read

खुशखबरी : 15 अप्रैल से यहां हाेगी सेना रैली भर्ती, 13 जिलाें के अभ्यर्थी अभी करें अावेदन

sena bharti rally in kanpur
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

सोनिया की चिट्ठी- 'मोदी ने आपका सब कुछ छीन लिया'

for the first time soina gandhi does not take part in election campaign at raibarielly
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

यूपी चुनाव 2017 : एक गांव में एक वोट पड़ा दूसरे में एक भी नहीं, कारण जानकर रह जाएंगे हैरान

vilagers  voting boycott in kanpur
  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

समाजवादी जब जोश में होते हैं तो हाथ छोड़ भी साइकिल चला लेते हैं: अखिलेश

akhilesh yadav rally bahraich
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

भड़काऊ भाषण ने खड़ा किया मुसीबतों का पहाड़, पीएम मोदी के सामने आई नई मुश्किल

pm accused of making inflammatory speeches at rally
  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

पुलिस अंकल जबरदस्ती करते रहे और मैं चिल्लाती रही

mai chilaati rahi
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top