आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

खनन और क्रसर बंदी से कबूतरबाजों की चांदी

Sonbhadra

Updated Fri, 24 Aug 2012 12:00 PM IST
ओबरा। जिले में पत्थर खदानों की बंदी से कबूतरबाजों का धंधा तेजी पकड़ लिया है। बेरोजगारी का फायदा यह उठाने लगे हैं। क्षेत्र से अन्य प्रांतों में मजदूरों की सप्लाई भेजने वाला लगभग आधा दर्जन गिरोह सक्रिय है। प्रशासन की शिथिलता के कारण ऐसे कबूतरवाज मोटी रकम लेकर मजदूरों को गुलामी एवं यातनापूर्ण वातावरण में काम करने को विवश कर देते हैं। ऐसे ही दो कबूतरवाजों का खुलासा होने से क्रशर क्षेत्र के मजदूरों में दहशत व्याप्त है।
स्थानीय शारदा मंदिर के पास रहने वाला कबूतरबाज वीरेंद्र मुंशी ने आसपास के झोपड़पट्टियों से लगभग 50 मजदूराें को महाराष्ट्र के पूना स्थित सीमेंट ब्रीक बनाने वाली कंपनी में भेजा। कंपनी द्वारा यातना दिए जाने व बंधुआ मजदूरी कराए जाने से पीड़ित होकर इन मजदूरों की टोली से सोनू पुत्र प्रदीप किसी तरह भाग कर घर लौटा तब कहीं जाकर मामले का खुलासा हुआ। सोनू ने बताया कि वीरेंद्र मुंशी द्वारा कहस गया था मजदूरों को दो सौ रुपये रोज की मजदूरी व रहने का डेरा दिया जाएगा, जिससे वीरेंद्र के झांसे में आकर जटाशंकर, संतोष, सुनील, बाबा, डेविड, ममता, शंकर, गुड्डी सहित लगभग 50 मजदूर पूना के लिए गए थे, लेकिन वहां पर मजदूरों से 24 घंटे काम लिया जाता रहा। उसके अलावा कंपनी ठेकेदार द्वारा उनके साथ बराबर अमानवीय व्यवहार भी किया जा रहा है। सोनू ने बताया कि मेरी तबीयत खराब हो गई थी, लेकिन इलाज की कोई व्यवस्था नहीं थी। हमने घर जाने की इच्छा जाहिर किया तो मुझे मारा पीटा गया।
रात के अंधेरे में बिना किराया के हम वहां से किसी तरह भाग निकलने में सफल हुए। भूखे प्यासे पूना से मिर्जापुर तक पहुंचने में मुझे लगभग एक सप्ताह लग गया। क्योंकि पैसे के अभाव में ट्रेन का टिकट नहीं ले पाए थे, जिससे रास्ते में रेलवे पुलिस द्वारा बार बार ट्रेन से बाहर कर दिया जाता रहा। मिर्जापुर पहुंच कर अपने मां को फोन से सूचित किए तब कहीं जाकर ओबरा अपने घर पहुंच पाए। इसके अलावा दूसरे कबूतरवाज का भी मामले का उजागर हुआ।
स्थानीय निवासी लालती देवी ने बताया कि बिल्ली रेलवे स्टेशन के पास रहने वाला काशी सेठ ने भी तीन माह पूर्व लगभग 50 मजदूरों को दिल्ली आनंद बिहार के लिए भेजा था, जिसमें हमारा पुत्र राम सूरत भी गया है। तीन महीने से मेरे लड़के को कोई मजदूरी का पैसा नहीं दिया जा रहा है। काशी सेठ के घर पर अक्सर ताला बंद रहता है, जिससे लड़के के तबीयत की भी सही जानकारी न मिलने के कारण मन बहुत व्याकुल है। क्रशर बंदी का खामियाजा झेल रहे मजदूर अपना पेट पालने के लिए दर दर की ठोकर खाने पर मजबूर हैं। ऐसी स्थिति में प्रशासन इस पर कड़ा निर्णय नहीं लेता है तो बेरोजगार हुए हजारों मजदूरों को यातनापूर्ण जीवन बिताने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

kabutrabajon crores

स्पॉटलाइट

इस तरह से रहना पसंद करते हैं नए नवेले राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

बारिश में कपल्स को रोमांस करते देख क्या सोचती हैं ‘सिंगल लड़कियां’

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

शाहरुख को सुपरस्टार बना खुद गुमनाम हो गया था ये एक्टर, 12 साल बाद सलमान की फिल्म से की वापसी

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

बिग बॉस ने इस 'जल्लाद' को बनाया था स्टार, पॉपुलर होने के बावजूद कर रहा ये काम

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

इस मानसून फ्लोरल रंग में रंगी नजर आईं प्रियंका चोपड़ा

  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

Most Read

यूपी: पेपर लीक गैंग ने लगाई दरोगा भर्ती में सेंध, पूरी परीक्षा रद्द

up police recruitment entire process cancel
  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

बुरे वक्त से निपटने के लिए लालू ने बनाया प्लान B, माया-मांझी का लेंगे सहारा!

RJD leader Lalu Prasad prepares plans alternate pact with Mayawati and Manjhi
  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

यूपी कैबिनेट में UPPSC परीक्षा परिणामों की सीबीआई जांच कराने के प्रस्ताव पर लगी मुहर

uttar pradesh cabinet meeting
  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

कभी 30 रुपये देकर इसी किराये के मकान में रहते थे कोविंद, अब यहां जश्न

some important facts about ramnath kovind
  • शुक्रवार, 21 जुलाई 2017
  • +

J&K: आर्मी के जवानों ने थाने में घुसकर पुलिस को पीटा, अब्दुल्ला बोले- कार्रवाई हो

soldier beat policemen in jammu six injured
  • रविवार, 23 जुलाई 2017
  • +

अलगाववादियों को भारत सरकार से भी मिल चुके हैं पैसे: फारूक अब्दुल्ला

GOI too gave funds to separatists says farook abdullah
  • सोमवार, 24 जुलाई 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!