आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राष्ट्रपति की दया पर टिकी हैं गुरमीत सिंह की सांसें

Shahjahanpur

Updated Sat, 24 Nov 2012 12:00 PM IST
सत्र न्यायालय से फांसी की सजा पर सुप्रीम कोर्ट ने भी लगाई थी मुहर
राष्ट्रपति के पास विचाराधीन है गुरमीत की दया याचिका
26 वर्ष पहले परिवार के तेरह लोगों का किया था कत्ल
अमर उजाला नेटवर्क
पुवायां। पुवायां के गुरमीत को फांसी होगी या राष्ट्रपति उसे जीवनदान देंगे, यह चर्चा गत दिवस यहां लोगों की जुबान पर उस समय थी जब आतंकी कसाब को फांसी दिए जाने की खबर आम हुई। गुरमीत ने 26 वर्ष पूर्व परिवार के ही 13 लोगों की तलवार से काटकर बेरहमी से हत्या कर दी थी।
बंडा क्षेत्र के गांव पिपरिया मजरा में वर्ष 1986 में रक्षाबंधन की सुबह का मंजर आज भी क्षेत्र के बड़े बुजुर्ग नहीं भूले हैं। यहां के नाजिर सिंह अपने पुत्र कर्मसिंह, मानसिंह और गुरमीत सिंह के साथ संयुक्त परिवार में गुजर करते थे। सभी पुत्रों की शादी हो चुकी थी। रक्षाबंधन की शाम छोटा पुत्र गुरमीत सिंह अपनी पत्नी दलवीर कौर को मायके छोड़ने गया था। शाम को वह वापस आया। आते ही वह घर के पास बने ट्यूबवेल पर जा पहुंचा और वहां सो रहे पिता नाजिर को तलवार से काटकर मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद वह पास ही स्थित घर जा पहुंचा और बड़े भाई कर्मसिंह, उनकी पत्नी भजन कौर और उनके दो पुत्राें बुद्धू और बब्बू को तलवार से काट डाला। उसका राक्षस यहीं समाप्त नहीं हुआ। पास के कमरे में लेटे दूसरे भाई मानसिंह, उनकी पत्नी सीता कौर और उनकी चार पुत्रियों और दो पुत्रों को भी तलवार से काटकर मार डाला।
पुलिस ने गुरमीत को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। उसे शाहजहांपुर में फांसी की सजा सुनाई गई। वर्ष 2006 में हाईकोर्ट ने उसकी फांसी की सजा बरकरार रखी। उसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने भी फांसी की सजा पर मोहर लगा दी। बाद में उसने राष्ट्रपति के पास दया याचिका दाखिल की, जो अभी विचाराधीन है।




पत्नी और दोस्त के पढ़ाए
में हैवान बना था गुरमीत
छह माह तक के भतीजे को तलवार से काट डाला था
अमर उजाला नेटवर्क
पुवायां। अपने ही परिवार के 13 लोगों की नृशंस हत्याएं करने वाला गुरमीत मौत के साए में जेल में दिन गुजार रहा है। परिवार के जीवित बचे लोगों को यह जानकारी तक नहीं है कि वह इस समय कहां की जेल में है, लेकिन घटना के पीछे जो तथ्य सामने आए थे वह इस बात की इशारा करते थे कि उसने दोस्त के बहकावे में आकर घटना को अंजाम दिया था।
गुरमीत के एक दोस्त का उसके घर आना जाना था। घर के अन्य लोगों को उसका घर आना और गुरमीत की पत्नी के साथ अकेेले बात करना पसंद नहीं था। परिवार के लोग अक्सर इसको लेकर टोकाटाकी करते रहते थे। यह बात गुरमीत की पत्नी और दोस्त को नागवार गुजरती थी। परिवार के जीवित बचे सदस्यों के अनुसार दोनों ने गुरमीत को परिवार के लोगों के खिलाफ खूब भर रखा था। गुरमीत ने आखिरकार रक्षाबंधन से एक दिन पूर्व योजनाबद्ध ढंग से पत्नी को मायके पहुंचा दिया और वापस आकर घटना को अंजाम दे डाला।
वर्ष 2006 में गुरमीत के जीवित बचे भाई बलविंदर सिंह और भाभी दलजीत कौर ने उससे नैनी जेल में मुलाकात की थी। तब उसको अपने किए पर पछतावा था और उसने भाई-भाभी से पत्नी का ध्यान रखने की अपील की थी। दलजीत कौर के अनुसार उसने कहा था कि उसे अपने कुकर्मों की सजा उसे जरूर मिलेगी। वह अपने दोस्त को दोषी तो मानता था, लेकिन परिजनों के कत्ल को खुद अंजाम दिए जाने की बात कहता रहा। उसने भाई-भाभी से परिजनों की हत्या के लिए क्षमा करने की अपील भी की थी।


बरकरार रहे फांसी की सजा
घटना के दौरान मृत मानसिंह का पुत्र परमजीत घटना का चश्मदीद है। वह आज भी घटना की याद करके सिहर उठता है। परमजीत के अनुसार वह घटना की रात नलकूप पर आया तो चाचा उसके पिता की हत्या कर चुके थे। दादा को भी तलवार से काट डाला था। यह देखकर वह मौके से भाग निकला और पास के एक झाले पर जाकर घटना की जानकारी दी। यदि वह मौके से नहीं भागता तो चाचा उसको भी जान से मार देता। राष्ट्रपति से उसे क्षमा नहीं मिलनी चाहिए। कोर्ट से उसे मिली फांसी की सजा बरकरार रहनी चाहिए। जिस दिन उसे फांसी की सजा होगी उस दिन वह समझेगा कि न्याय मिल गया है। गुरमीत की पत्नी वर्तमान समय में अपने मायके तराई के मैनिया में रह रही है।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

घर में पैसे की बरसात कर देगा तिजोरी में रखा ये बीज, जानें रखने का तरीका

  • सोमवार, 29 मई 2017
  • +

पहली डेट पर जाते वक्त लड़कियों के दिमाग में चलती हैं ये बातें

  • सोमवार, 29 मई 2017
  • +

अपनी इस 'हीरोइन' की तरक्की और कारोबार से अक्षय भी जल-भुन उठेंगे

  • सोमवार, 29 मई 2017
  • +

खुल गया राज, क्यों हो रही है बेमौसम इतनी बारिश

  • सोमवार, 29 मई 2017
  • +

'दंगल' ने बदल दी इस एक्टर की किस्मत, हाथ लगीं इतनी फिल्में

  • सोमवार, 29 मई 2017
  • +

Most Read

पठानकोट: मिला लावारिस बैग, सर्च ऑपरेशन जारी

bsf on High alert in Pathankot after suspicious bag found
  • सोमवार, 29 मई 2017
  • +

यूपी में एक साथ 222 वरिष्ठ PCS अफसरों के तबादले, देखें पूरी लिस्ट

senior PCS transferred in Uttar   Pradesh.
  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

नीतीश के PM मोदी के साथ लंच पर तेजस्वी का तंज, कहा- चटनी पॉलिटिक्स

cm Nitish kumar will attend pm Modi's banquet
  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

गृह मंत्रालय ने मांगी रिपोर्ट, मायावती बोलीं- भीम आर्मी से कोई संबंध नहीं

mayawati pc on dalits saharanpur violence
  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

यूपी में 141 PPS अफसरों के तबादले

 141 deputy SP transferred in Uttar Pradesh.
  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

नक्सलियों का आज झारखंड बंद, धनबाद में रेलवे पटरी उड़ाई

Jharkhand: Maoists blew up railway tracks between Chichaki and Karmabandh railway stations
  • सोमवार, 29 मई 2017
  • +
Live-TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top