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अब तक महज 7.17 फीसदी खरीद हुई

Sant kabir nagar

Updated Sun, 09 Dec 2012 05:30 AM IST
संतकबीरनगर। पिछले एक सप्ताह से धान खरीद नहीं हो रही है। यदि किसी केंद्र पर छिटपुट खरीद हो भी रही है तो वहां बिचौलिए हावी हैं। कछुए की चाल से हुई खरीद की स्थिति यह है कि अब तक लक्ष्य के सापेक्ष सिर्फ 7.17 फीसदी ही खरीद हो पाई है। धान बेचने के लिए किसान मारे-मारे फिर रहे हैं।
धान खरीद के लिए स्थापित 42 क्रय केंद्रों पर अब तक 50,200 एमटी (मीट्रिक टन) लक्ष्य के सापेक्ष 7,443 एमटी धान की खरीद हो पाई है। विपणन शाखा के नौ केंद्रों ने 21,000 एमटी खरीद के सापेक्ष सिर्फ 2,133 एमटी धान की खरीद हुई है। जबकि पीसीएफ के स्थापित 22 केंद्रों ने 15,000 एमटी के सापेक्ष 4,445 एमटी धान की खरीद कर पाई है। यूपी एग्रो के स्वीकृत 3 केंद्रों को 7,200 एमटी खरीद करना है और अब तक खरीद सिर्फ 84.86 एमटी ही हुई है। यूपीएसएस और राज्य कर्मचारी कल्याण निगम के स्थापित 3-3 केंद्रोें को क्रमश: 1500-1500 एमटी धान खरीद करना है और अब तक सिर्फ यूपीएसएस ने 341 एमटी तथा राज्य कर्मचारी कल्याण निगम ने 429.68 एमटी धान खरीद की है। नेफेड के दो केंद्र हैं और 4,000 एमटी धान खरीद का लक्ष्य है। नेफेड ने सिर्फ 9.24 एमटी खरीद हुई है। डैमेज चावल 3 प्रतिशत तक ही लिए जाने का शासन का फरमान है। मिलरों का चावल एफसीआई ले नहीं रहा है और मिलर क्रय क्रेंदों से धान लेने से मना कर दिए हैं। जिसके चलते धान खरीद ठप है। खलीलाबाद तहसील क्षेत्र के चकिया निवासी किसान रामउजागिर, कौवाटार निवासी ह्दय नारायन चतुर्वेदी, निमावा निवासी सऊद अहमद, धनघटा तहसील क्षेत्र के बेलवाडांडी निवासी किसान सुभाष चंद्र त्रिपाठी, खरवनिया निवासी नरसिंह का कहना है कि केंद्रों पर धान खरीद नहीं हो रही है। पिछले एक सप्ताह से केंद्र का चक्कर काट रहे हैं। उनका कहना है कि छिटपुट जो खरीद हो रही है,उसमें बिचालिए हावी है।

खुले में रखा है धान
जनपद के 1,478 किसानों से 7,443 एमटी खरीदे गए धान में से 3,187 एमटी धान मिलरों को भेजा जा चुका है। जबकि 4,256.52 एमटी धान केंद्रों पर खुले आसमान के नीचे रखा गया है। जनपद में गोदाम भी नहीं है कि केंद्रों पर मौजूद धान को सुरक्षित रखवाया जा सके। 341 किसानों को अभी तक बिक्री धान की रकम नही मिल पाई है। खुले में रखे गए धान में नमी आने की संभावना जताई जा रही है।

डैैमेज चावल का लिमिट 3 प्रतिशत से बढ़ाए जाने के मुद्दे पर शासन स्तर पर बातचीत चल रही है। यह समस्या पूरे प्रदेश की है। धान खरीद की प्रगति कम है, मगर लक्ष्य पूरा होगा। कुछ दिनों से धान खरीद प्रभावित हुई है। किसानों को समस्या न हो, इसके लिए पूरी कोशिश की जा रही है।
राजेश कुमार, डीएम
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