आपका शहर Close

टीकाकरण से वंचित हैं 40 हजार बच्चे

Pilibhit

Updated Mon, 17 Sep 2012 12:00 PM IST
शहर रहा फिसड्डी, पूरनपुर रहा अव्वल
55 हजार लक्ष्य के सापेक्ष सिर्फ 15 हजार बच्चों के लगे टीके
अगस्त माह की रिपोर्ट के बाद महकमे में हड़कंप
पीलीभीत। प्रदेश सरकार जहां करोड़ों रुपये खर्च करके स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ बनाने में लगी है, लेकिन ग्रामीण और शहरी क्षेत्र में उनका लाभ अब तक लोगों को नहीं मिल रहा है। अगस्त माह की सघन नियमित टीकाकरण योजना की रिपोर्ट के बाद महकमे के हाथ-पांव फूल गए हैं। शहर में ही सबसे निचले पायदान की रिपोर्ट ने स्वास्थ्य महकमे की पोल खोल दी है। टीकाकरण के सारे दावे फेल हैं।
शासन की मंशा के अनुरूप जिले में नवजात शिशुओं को जन्म से लेकर पांच साल तक बच्चों का नियमित टीकाकरण होना था। इसमें टीबी, पोलियो, टिटनेस, डायरिया, काली खांसी, गला घोंटू, खसरा जैसी गंभीर बीमारियों के टीके बच्चों के लगने थे। प्रत्येक सीएचसी और पीएचसी पर हफ्ते में बुधवार और शनिवार को टीके लगाए जाते थे, जिससे देहात क्षेत्र के अधिकांश बच्चे टीकाकरण से वंचित रह जाते थे। इन सभी तथ्यों पर जोर देते हुए जून से सितंबर माह के अंतिम सप्ताह में प्रत्येक पीएचसी, सीएचसी और स्वास्थ्य केंद्रों पर छह दिवसीय टीकाकरण का आयोजन किया था। इसके तहत कोई भी ग्रामीण अपने शिशुओं को इन छह दिवसों में जाकर टीकाकरण करा सकता है। साथ ही बुधवार और शनिवार को टीकाकरण की व्यवस्था वैसे ही रहेगी। अगस्त माह में महकमे का सापेक्ष लक्ष्य 55,648 था, जिसके तहत पूरे जिले में मात्र 15,137 ही टीके लगे। विभाग केवल 27.20 प्रतिशत लक्ष्य तक ही सिमट कर रह गया। इसमें सबसे कम शहर 16.52 और पूरनपुर 30.81 प्रतिशत लक्ष्य से अव्वल रहा। हकीकत जानें तो टीकाकरण में एक बार जिला फिसड्डी साबित हुआ।

टीकाकरण, माह अगस्त की रिपोर्ट
....................................................
स्थान लक्ष्य प्राप्ति प्रतिशत
अमरिया 7111 1911 27.72
ललौरीखेड़ा 4875 1347 27.63
न्यूरिया 6385 1462 22.90
बरखेड़ा 5229 930 17.79
बीसलपुर 6586 1780 27.03
बिलसंडा 5717 1704 29.81
पूरनपुर 15,690 4834 30.81
अर्बन 4055 670 16.52
-----------------------
कुल लक्ष्य : 55,648
पूर्ण प्रतिरक्षित : 15,137
पूर्ण प्रतिरक्षित प्रतिशत : 27.20 प्रतिशत
---------------
टीकाकरण को लेकर स्वास्थ्य महकमा गंभीर है। जागरूकता का ग्रामीण क्षेत्र में अभाव है। शहरी क्षेत्र में लोग प्राइवेट चिकित्सकों से भी टीके लगवा लेते हैं। लक्ष्य को बढ़वाने में विभाग प्रयासरत है। स्टाफ की कमी मुख्य समस्या है।
डॉ राकेश तिवारी, सीएमओ
Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

19 की उम्र में 27 साल बड़े डायरेक्टर से की थी शादी, जानें क्या है सलमान और हेलन के रिश्ते की सच

  • मंगलवार, 21 नवंबर 2017
  • +

साप्ताहिक राशिफलः इन 5 राशि वालों के बिजनेस पर पड़ेगा असर

  • मंगलवार, 21 नवंबर 2017
  • +

ऐसे करेंगे भाईजान आपका 'स्वैग से स्वागत' तो धड़कनें बढ़ना तय है, देखें वीडियो

  • सोमवार, 20 नवंबर 2017
  • +

सलमान खान के शो 'Bigg Boss' का असली चेहरा आया सामने, घर में रहते हैं पर दिखते नहीं

  • सोमवार, 20 नवंबर 2017
  • +

आखिर क्यों पश्चिम दिशा की तरफ अदा की जाती है नमाज

  • सोमवार, 20 नवंबर 2017
  • +

Most Read

हिजबुल का दावा- हमने भारतीय सेना से मरवाए पाक आतंकी, कश्मीर की जंग हमारी

HIZBUL TERRORIST VIDEO GOES TO VIRAL ON SOCIAL MEDIA IN SRINAGAR
  • मंगलवार, 21 नवंबर 2017
  • +

J&K: हंदवाड़ा में मुठभेड़, सुरक्षाबलों ने घेरकर मार गिराए लश्कर के 3 आतंकी

Three LeT terrorists all Pakistani neutralized in Handwara district of North Kashmir
  • मंगलवार, 21 नवंबर 2017
  • +

मध्यप्रदेश: हिन्दू महासभा के दफ्तर से हटाई गई गोडसे की मूर्ति, कमरा सील

Police removed statue of Nathuram Godse from hindu mahasabha gwalior office in madhya pradesh
  • मंगलवार, 21 नवंबर 2017
  • +

सपा प्रत्याशी के खिलाफ शिवपाल ने दिया बयान और जनता के सामने निर्दलीय प्रत्याशी का किया समर्थन

shivpal singh yadav staement against samajwadi party candidate
  • मंगलवार, 21 नवंबर 2017
  • +

हनुमान की मूर्ति को एयर लिफ्ट करने पर विचार करें एजेंसियां- हाईकोर्ट

Can Hanuman statue be airlifted to fix traffic, asks Delhi High Court
  • मंगलवार, 21 नवंबर 2017
  • +

 अभिनेता राजपाल की बेटी को आज ब्याहने जाएंगे संदीप, ये होंगी खास बातें

Sandeep will go to marry Rajpal's daughter
  • रविवार, 19 नवंबर 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!