आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

पांच मौतों की जांच में लापरवाही!

Pilibhit

Updated Wed, 22 Aug 2012 12:00 PM IST
मौके पर नहीं पहुंचा कोई अफसर, हो गई जांच
टीबी से मौत पर स्वास्थ्य और राजस्व विभाग की जांच रिपोर्ट विरोधाभासी
मंडलायुक्त गंभीर, आज दोपहर तक तलब की जांच रिपोर्ट
पीलीभीत/ बीसलपुर। गांव मीरपुर रतनपुर में दलित परिवार के पांच लोगों की मौत मामले में डीएम के निर्देश पर भी कोई अफसर गांव नहीं पहुंचा। अधीनस्थों ने जांच कर रिपोर्ट बनाई, जिसमें स्वास्थ्य और राजस्व विभाग में विरोधाभास है। जांच का कोई मानक भी निर्धारित नहीं किया गया। डीएम ने सीएमओ और एसडीएम बीसलपुर ओपी वर्मा से मामले की जांच कर रिपोर्ट देने को कहा था, जबकि दोनों अधिकारी मौके पर नहीं गए। जिन लोगों ने जांच की। उधर,
तहसील दिवस में आए मंडल आयुक्त के राममोहन राव ने पांच दलितों की मौत मामले में एडीएम शिवाकांत द्विवेदी से कहा कि सीएमओ और एसडीएम स्तर से जांच कराकर बुधवार की दोपहर तक पूरे मामले की रिपोर्ट उन्हें दें।

टीबी से नहीं हुईं मौतें : स्वास्थ्य
बीसलपुर के गांव मीरपुर रतनपुर में मंगलवार को सीएमओ डॉ राकेश तिवारी ने सरकारी अस्पताल दियोरिया के प्रभारी चिकित्साधिकारी हेमंत गंगवार, को तथा जिला क्षय रोग अधिकारी ने सरकारी अस्पताल बीसलपुर के सीनियर टीबी लैब सुपरवाइजर योगेश सक्सेना जांच के लिए भेजा। विभागीय के टीम प्रभारी डॉ हेमंत गंगवार ने बताया उन्होंने अपनी जांच में बच्चों समेत पांचों लोगों की मौत टीबी से होना नहीं पाई है। रिपोर्ट में यह भी कहा कि अस्पताल के टीबी मरीज पंजिका के अनुसार सोनपाल का दो वर्ष पूर्व टीबी का उपचार शुरू हुआ था और आठ माह के कंपलीट उपचार के बाद वह पूरी तरह से ठीक थे। सोनपाल की पत्नी सरिता और उसके भाई नन्हे लाल की उनके अस्पताल में कभी टीबी की जांच तक नहीं हुई। बकौल डॉक्टर टीबी से एक परिवार के पांच लोगों की 25 दिन के भीतर मौत नहीं हो सकती।

टीबी से हुईं तीन मौतें : राजस्व
डीएम के निर्देश बाद एसडीएम ओपी वर्मा ने कानूनगो हरीओम बाजपेई को दलित परिवार की स्थिति तथा मौतों पर ग्रामीणों के बयान का दायित्व सौंपा। कानूनगो के नेतृत्व में राजस्व विभाग की टीम ने गांव में जाकर व्यापक जांच पड़ताल की। टीम प्रभारी हरीओम बाजपेई ने बताया कि जांच में स्पष्ट हो गया है कि नन्हे लाल, सोनपाल और उसकी पत्नी सरिता की मौत टीबी से ही हुई है। उनसे जांच का आधार पूछे जाने पर बोले, सभी के बयानों में एकरूपता है। सोनपाल के दो बच्चों की मौत किसी अज्ञात बीमारी से हुई है, जिसका पता लगाने की जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग को सौंपी गई है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जिला क्षय रोग अधिकारी को तथा राजस्व विभाग के कर्मचारियों ने एसडीएम बीसलपुर को रिपोर्ट भेजी है।

शवों का पोस्टमार्टम कराए प्रशासन : विधायक

बीसलपुर के भाजपा विधायक रामसरन वर्मा ने दलित परिवार के पांच लोगों की मौत की खबर को गंभीरता से लिया है। उन्होंने डीएम से बात की। कहा कि दलितों की मौत की जांच को मजाक नहीं बनाया जाना चाहिए। प्रशासन को चाहिए कि माला नदी में उतरा रही सोनपाल और उनकी पत्नी की लाश का पोस्टमार्टम कराए अन्यथा मामले को विधानसभा में उठाया जाएगा। जरूरत पड़ी आंदोलन की राह अपनाई जाएगी।

मदद मिलती तो न होती पांच मौतें

बीसलपुर। गांव मीरपुर रतनपुर में 25 दिन के भीतर एक परिवार के पांच लोगों की मौत गरीबी के कारण इलाज न हो पाने के चलते हो गई। माना जा रहा है कि उन्हें मदद मिलती तो शायद उनकी मौत न होती। परिजनों का रोते रोते बुरा हाल है। इतना बड़ा हादसा होने के बावजूद प्रशासन के किसी जिम्मेदार अधिकारी और जनप्रतिनिधि ने गांव में पहुंच कर पीड़ित परिजनों का हाल जानने का प्रयास नहीं किया है। इस बात से परिजन और ग्रामीणों में प्रशासन, जनप्रतिनिधियों के प्रति जबरदस्त रोष है।

अभी रिपोर्ट की जानकारी नहीं: डीएम
डीएम राजशेखर ने कहा कि तहसील दिवस और बैठकों के कारण दिनभर व्यस्त रहा। अभी मामले को देख नहीं पाया । जांच रिपोर्ट की भी जानकारी नहीं है। ऑफिस में बैठने की फुर्सत नहीं मिली।






मौतों से टीबी नियंत्रण कार्यक्रम पर उठे सवाल
घर चिन्हित कर इलाज के दावे खोखले साबित
संपूर्ण रोकथाम के लिए हर माह लाखों व्यय

पीलीभीत। बीसलपुर के गांव मीरपुर रतनपुर के दलित परिवार में पांच लोगों की मौत से प्रशासन में हड़कंप मचा है। इनमें से तीन लोगों की टीबी से मौत की बात सामने आने से डॉट्स सहित समूचा टीबी नियंत्रण कार्यक्रम सवालों में आ गया है। घर-घर रोगियों को चिन्हित कर मरीजों को दवा खिलाने और ठीक करने के दावे की भी पोल खुल गई है।
जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ आरके दिनकर के अनुसार, पूरे देश में 3.5 करोड़ जनसंख्या टीबी से पीड़ित है। इस रोग से देश में प्रति मिनट दो लोगों की मौत हो रही है। रोकथाम को देश में 1300 करोड़ रुपये नियंत्रण कार्यक्रम खर्च हो रहे हैं। जिले में जिला अस्पताल के अलावा बीसलपुर, पूरनपुर और जटपुरा में सुपरवाइजर निर्देशन में कार्यक्रम चल रहा है। सभी पीएचसी और सीएचसी पर 21 माइक्रोस्कोपी सेंटर बने हैं। यहां जांच होती है। कुल मिलाकर घर-घर मरीजों को चिन्हित कर छह अथवा आठ महीने तक चलने वाले इलाज की पूरी व्यवस्था की गई है। समुचित स्टाफ और दवाएं है। इसके बाद भी मौतें हो गई और विभाग को खबर तक न लगी। महकमे के रिकार्ड में सिर्फ दलित सोनपाल का इलाज किया गया, जबकि नन्हे लाल और सोनपाल की पत्नी सरिता को भी टीबी थी, जिसका महकमे का पास कोई रिकार्ड नहीं है। इससे ही उनके घर-घर मरीज चिन्हित करने के दावे की पोल खुल गई है। फिलहाल मामले की जांच में यह सच निकला तो कार्यक्रम से जुड़े अधिकारियों का फंसना तय माना जा रहा है।

...तो कैसे चले कार्यक्रम
सरकारी अस्पताल दियोरिया के टीबी अनुभाग प्रभारी आलोक शर्मा 18 जुलाई से अनाधिकृत रूप से अनुपस्थित चल रहे हैं। कोई पूछने वाला नहीं। दलितों की मौत वाला गांव भी इसी इलाके में हैं। इस बात का अंदाजा भी आसानी से लगाया जा सकता है कि जब टीबी अनुभाग प्रभारी ही अस्पताल में नहीं है तो अस्पताल में आने वाले टीबी मरीजों का उपचार कैसे होता होगा। क्षेत्र में कार्यक्रम की स्थिति क्या होगी? हालांकि इस बाबत अस्पताल के प्रभारी चिकित्साधिकारी हेमंत गंगवार ने बताया कि टीबी अनुभाग प्रभारी की गैर मौजूदगी में वह टीबी मरीजों का स्वयं उपचार करते हैं। श्री गंगवार का यह तर्क समझ से परे है।
  • कैसा लगा
Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

शादी के दिन करोड़ों के गहनों से लदी थीं पटौदी खानदान की बहू, यकीन ना आए तो देखें तस्वीरें

  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

16 की उम्र में स्टाइल के मामले में बड़े-बड़ों को टक्कर दे रहीं हैं श्वेता तिवारी की बेटी

  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

शाहिद को छोड़ 10 साल बड़े सैफ से शादी को क्यों तैयार हुईं थीं करीना, इसके पीछे है बड़ा राज

  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

इन लड़कों से दूर भागती हैं लड़कियां, लड़के हो जाएं सावधान

  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

रोज चेहरे पर लगाएं प्याज का रस, छूमंतर हो जाएंगे सारे दाग धब्बे

  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

Most Read

गुरदासपुर उपचुनावः विनोद खन्ना की पत्नी का टिकट कटा, सलारिया होंगे अकाली-भाजपा के प्रत्याशी

Swaran Singh Salaria to be BJP party candidate from Gurdaspur in  the upcoming Lok Sabha by-election
  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

सपा में विवाद जारी: लोहिया ट्रस्ट से रामगोपाल हुए बेदखल, शिवपाल बने सचिव

lohia trust meeting held today in lucknow
  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

J&K: त्राल में पुलिस पार्टी पर आतंकी हमला, 2 की मौत, 7 जवानों समेत 31 घायल

grenade attack on central reserve police force at bus stand in pulwama district tral
  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

बसपा विधायक सहित कई बड़े नेता सपा में शामिल, अखिलेश बोले- इसे अपना ही घर समझें

bsp leaders indrajeet join samajwadi party
  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +

नवरात्र में टूट सकती है सपा, मुलायम-शिवपाल बनाएंगे नई पार्टी, ये हो सकता है नाम

samajwadi party will be divided mulayam and shivpal announce new party
  • बुधवार, 20 सितंबर 2017
  • +

राम रहीम के बहाने अखिलेश ने भाजपा को लपेटा, हनीप्रीत के नेपाल भागने पर भी उठाया सवाल

akhilesh yadav statement about baba ramrahim and honipreet
  • गुरुवार, 21 सितंबर 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!