आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

तकनीक से तारतम्य बैठा रहे जवान

Mau

Updated Mon, 20 Aug 2012 12:00 PM IST
मऊ। पुलिस की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता को लेकर भारत सरकार की अति महत्वाकांक्षी योजना सीसीटीएनएस यानी क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम के प्रशिक्षण की शुरूआत जिले में हो गई है। योजना के अंतर्गत पूरे देश के सभी थानों, पुलिस अधिकारियों के कार्यालय, पुलिस कंट्रोल रूम और जांच एजेंसियों को कंप्यूटराइज्ड कर नेटवर्किगिं के माध्यम से आपस में जोड़ने की व्यवस्था है। उक्त प्रशिक्षण के लिए राज्य सरकार द्वारा दो लाख अड़सठ हजार का बजट जिला पुलिस को दिया गया था।
एसपी जोगेंद्र कुमार ने रविवार को अमर उजाला को बताया कि शासनादेश के अनुक्रम में तेरह अगस्त से पुलिस कार्यालय में सीसीटीएनएस प्रशिक्षण की शुरूआत हो गई है। यह तीन स्तर पर होगा। इसमें प्रति सप्ताह आठ पुलिसकर्मियों को रोजाना आठ घंटे का कंप्यूटर प्रशिक्षण दिया जाना है। दारोगा और उनसे ऊपर के सभी कर्मियों के लिए यह अनिवार्य है। जबकि सिपाहियों को रुचि लेने और तकनीकी ज्ञान की जानकारी रखने वालों को ही प्रशिक्षित किया जाएगा। प्रशिक्षण में यह सिखाया जाएगा कि पद अनुरूप करने वाले लिखा पढ़ी के कार्यों को कंप्यूटर में कैसे करना है जिससे वह आनलाइन रिकार्ड के रूप में दर्ज हो जाएं। यह प्रशिक्षण निट के प्रशिक्षक द्वारा जिले में दिया जा रहा है। प्रशिक्षण सही से हो इसके लिए जिला स्तरीय मिशन टीम बनाई गई है। इसके अध्यक्ष एसपी हैं। साथ ही एएसपी, सीओ, डीसीआरबी प्रभारी और एनआईसी का व्यक्ति सदस्य हैं। प्रशिक्षण पश्चात योजना के अगले चरण में सभी थानों को चार-चार कंप्यूटरों से लैस किया जाएगा। कुल मिलाकर अब यह कहा जा सकता है कि वर्ष 2014 की शुरूआत पर पुलिस विभाग से कागज और कलम की छुट्टी हो जाएगी।

आमजन और पुलिस दोनों को मिलेगा लाभ
मऊ। योजना के क्रियान्वयन से जहां आम आदमी घर बैठे ही अपनी शिकायत दर्ज करा लेगा। वहीं चरित्र सत्यापन, नौकरों व किराएदारों का सत्यापन और शस्त्र लाइसेंस आदि का आवेदन घर से ही संभव होगा। दूसरी ओर पुलिस विभाग को भी योजना से काफी राहत मिलेगी। मैनुअल कार्यों में जहां एक ओर कमी आएगी वहीं कहीं के भी अपराधी का रिकार्ड मिनटों में प्राप्त किया जा सकेगा। अधिकारियों को भी थानों और विवेचनाओं की आनलाइन मानीटरिंग में सहूलियत मिलेगी। सबसे बड़ी बात बिजली की समस्या से निजात के लिए थानों को जनरेटर का दिया जाना भी योजना में प्रमुखता से शामिल है। बहरहाल यह कहा जा सकता है कि साल भर बाद पुलिस की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता के समावेश की पुरजोर गुंजाइश होगी।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

Open Letter: हीरोइन का अपडेटेड वर्जन नाकाबिले बर्दाश्त क्यों?

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

'रामायण' बनाने वाले की पोती तस्वीरें वायरल

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

यह खिलाड़ी साबित हुआ भारत के लिए विभीषण

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

खुले में नहाती हैं सुष्मिता, सैफ को है बाथरूम से प्यार

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

ऑस्कर की 'कीमत' सिर्फ 10 अमेरिकी डॉलर

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

Most Read

ड‌िम्पल ने मोदी को बताया झूठ का प‌िटारा, कसाब को द‌‌िया नया फुलफॉर्म

dimple yadav rally in gonda
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

पीएम मोदी के बयान से हिला पाकिस्तान, सर्जिकल स्ट्राइक-2 की तैयारी तो नहीं!

prime minister statement shock pakistan
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

जानें, अखिलेश को मायावती से क्यों लग रहा है डर

akhilesh says against mayawati
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

EC ने समाजवादी एम्बुलेंस से ‘समाजवादी’ शब्द ढंकने को कहा

 up chief election office orders to cover  samajwadi word from samajwadi ambulance
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

खुशखबरी : 15 अप्रैल से यहां हाेगी सेना रैली भर्ती, 13 जिलाें के अभ्यर्थी अभी करें अावेदन

sena bharti rally in kanpur
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

भड़काऊ भाषण ने खड़ा किया मुसीबतों का पहाड़, पीएम मोदी के सामने आई नई मुश्किल

pm accused of making inflammatory speeches at rally
  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top