आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

गांवों में नहीं फूटी विकास की किरण

Lalitpur

Updated Sun, 30 Sep 2012 12:00 PM IST
ललितपुर। आधुनिकता के दौर में बिजली व सड़क के बिना जिंदगी की कल्पना संभव ही नहीं है। बावजूद इसके जनपद के वन क्षेत्रों के आसपास दशकों से बसे गांव के लोग बिना बिजली व सड़क के जिंदगी का एक - एक दिन गुजार रहे हैं। यहां सूर्योदय से शुरू होने वाली दिनचर्या सूर्यास्त पर समाप्त हो जाती है। टीवी, फ्रिज, बल्ब आदि उपकरण ग्रामीण जानते ही नहीं। मुख्यमंत्री के आगमन पर विकास की उम्मीद लगाए यहां के लोगों को फिलहाल निराशा ही हाथ लगी है।
भारत गांवों में बसता है और हर सरकार ग्रामीण इलाकों के विकास को कटिबद्ध रहती है। बावजूद इसके मड़ावरा ब्लाक स्थित लखंजर, पापड़ा, कुर्रट, वनगुआं, बारई, हीरापुर, धौरीसागर, सकरा, सौलदा, गौठरा, उल्दना व जैतूपुरा सहित कई गांवों में न तो सड़क है और न बिजली। जंगलों के बीच से होकर गुजरते दुर्गम पठारी रास्तों से होकर गांव जाना पड़ता है। कई गांवों में तो वाहन से पहुंचना असंभव है। प्रशासनिक अधिकारी भी अपने वाहन दूर खड़े करके गांव तक पहुंचते हैं। गांव में बिजली नहीं है। ग्रामीणों की पीढ़ियां रात में जगमगाते बल्ब की रोशनी देखे बिना परलोक सिधार गईं। जहां नगरीय इलाकों में इंटरनेट का इस्तेमाल करके लोग घर बैठे देश दुनिया से जुड़े रहते हैं, वहीं इन गांवों में रहने वाले ग्रामीणों को पड़ोस के गांव में होने वाली गतिविधियां कई दिनों बाद मालूम चलती हैं। बीते कुछ वर्षों के दौरान संचार संसाधनों में देश ने भले ही लंबी छलांग लगा ली हो, पर इन गांवों में रहने वाले ग्रामीणों के लिए ऐसी उपलब्धियों के कोई मायने नहीं हैं। शिक्षा व स्वास्थ्य सेवाएं भी ग्रामीणों को समय से नहीं मिल पातीं। इसकी वजह से बच्चों को कुपोषण की त्रासदी से भी गुजरना पड़ता है। इलाज के अभाव में भी तमाम लोग दम तोड़ देते हैं।
बिजली व सड़क बिना ठहर गए इन गांवों के विकास को लेकर लोग मुख्यमंत्री की ओर टकटकी लगाकर देख रहे थे। उम्मीद थी कि वे कोई रास्ता जरूर निकालेंगे, पर ऐसा कुछ नहीं हो सका।


नहीं होती शादी
ललितपुर। कुर्रट गांव में पानी की समस्या का निदान वर्षों से नहीं किया गया। पहाड़ी इलाका होने के कारण हैंडपंप असफल हो जाते हैं। ऐसे में महिलाओं को कई किलोमीटर दूर स्थित पहाड़ी नदी से प्रतिदिन पानी भरना पड़ता है। यह समस्या प्रचारित हो गई और दूसरे गांव के लोगों ने अपनी लड़कियों का संबंध यहां करना बंद कर दिया। इस कारण तमाम ग्रामीण कुवांरे ही परलोक सिधार चुके हैं और शादी बिना दर्जनों पचास की उम्र पार कर चुके हैं।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

रमजान 2017: सेहरी में खाएंगे ये 5 चीजें तो दिनभर नहीं लगेगी भूख

  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

एक ही फिल्‍म कर गुमनाम हुई ये 'गांव की छोरी', अब विदेश में खड़ा किया अरबों का साम्राज्य

  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

रमजान 2017ः पवित्र माह का पहला रोजा आज, जानें इससे जुड़े सख्त नियम

  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

#Menstrual hygiene day: पीरियड्स में रखें इन बातों का ख्याल, वरना हो सकती हैं ये दिक्कतें

  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

कई फिल्मों में काम कर चुकीं इस पॉपुलर एक्ट्रेस के साथ बेटे ने किया कुछ ऐसा, फूट-फूट कर रोईं

  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

Most Read

यूपी में एक साथ 222 वरिष्ठ PCS अफसरों के तबादले, देखें पूरी लिस्ट

senior PCS transferred in Uttar   Pradesh.
  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

नीतीश के PM मोदी के साथ लंच पर तेजस्वी का तंज, कहा- चटनी पॉलिटिक्स

cm Nitish kumar will attend pm Modi's banquet
  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

पाक ने की फिर की गोलीबारी, 2 पोर्टरों की मौत

pakistan voilates ceasefire on Loc two porters killed
  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

सीएम योगी ने बलरामपुर दौरे पर की कई घोषणाएं, जानें- क्या बोले

 yogi adityanath in balrampur.
  • रविवार, 28 मई 2017
  • +

गृह मंत्रालय ने मांगी रिपोर्ट, मायावती बोलीं- भीम आर्मी से कोई संबंध नहीं

mayawati pc on dalits saharanpur violence
  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

J&K: आज फिर घुसपैठ की कोशिश नाकाम, एक आतंकी ढेर

intruder killed on Loc in poonch of jammu and kashmir
  • रविवार, 28 मई 2017
  • +
Live-TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top