आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

अंगूठा टेक नहीं रहेगी ललितपुर की महिला

Lalitpur

Updated Mon, 23 Jul 2012 12:00 PM IST
ललितपुर। पिछड़ा कहलाने वाले बुंदेलखंड क्षेत्र में शिक्षा के प्रति लोगों में क्रांतिकारी चेतना आ रही है। इसी का परिणाम है कि ललितपुर जिले की 50 फीसदी से अधिक महिलायें शिक्षित हैं, वहीं पुरुषों में यह दर 76 प्रतिशत है। यह आंकड़े वर्ष 2011 की जनगणना में सामने आए हैं। इसी गति से महिलाओं में शिक्षा का क्रेज बढ़ता रहा तो एक दिन ऐसा आएगा जब जिले की महिलाओं को कोई अंगूठा टेक नहीं कहेगा।
जनपद की साक्षरता दर में धीरे- धीरे सुधार हो रहा है। महिलाएं घरेलू कामकाज के अलावा क ख ग सीखने में भी रुचि दिखा रही हैं। यही वजह है कि मौजूदा समय से जिले की आधी से अधिक महिलाएं ककहरा जानने लगी हैं। जिले की ज्यादातर आबादी ग्रामीण इलाकों में निवास करती है। यहां रहने वाले लोगों को प्रमुख पेशा खेती व मजदूरी है। जिनका पढ़ाई लिखाई से अधिक वास्ता नहीं रहा है। खेती किसानी करने में मशगूल किसान शेष समय घरेलू कामकाज में व्यतीत करता था। महिलाएं तो सिर्फ चूल्हा चौका तक ही सीमित रहती थी। कापी किताबों से उनका कोई रिश्ता नहीं रहा है। बीते कुछ वर्षों में हालात बदलने लगे हैं। ग्रामीण भी स्वयं व बच्चों की शिक्षा के प्रति जागरूक हुए हैं। बच्चों को स्कूल भेजने के साथ ही ग्रामीण पुरुष व महिलाएं ककहरा सीखने में रुचि दिखाने लगे हैं। स्कूल जाने वाले बच्चों के साथ घर पर बैठकर महिलाएं व पुरुष वर्णमाला को खुद भी पहचानने लगे और अपना नाम लिखना सीख गए। वर्ष 2011 की जनगणना इसका प्रमाण है। मौजूदा समय में जनपद की कुल आबादी 12,18,002 है। इनमें से 64.95 फीसदी यानि कि 6,57,292 लोग साक्षर पाए गए। इन साक्षरों में 2,50,984 महिलाओं को ककहरा का ज्ञान है। वहीं 4,06,308 पुरुष पढ़े लिखों की श्रेणी में शामिल किए गए हैं।

दस वर्षों में 15 फीसदी बढ़े साक्षर
ललितपुर। वर्ष 2001 की जनगणना में जनपद की कुल आबादी 9,77,734 में 3,84,491 लोग ही साक्षर थे, जो 49.46 प्रतिशत था। इनमें से 63.81 प्रतिशत यानि 2,65,227 पुरुष ककहरा का ज्ञान रखते थे, वहीं महज 32.97 फीसद यानि 1,19,264 महिलाओं का शिक्षा से जुड़ाव था। वर्ष 2011 की जनगणना में साक्षरता दर 64.95 प्रतिशत पहुंच गई, जो वर्ष 2001 की साक्षरता दर से 15.49 फीसदी अधिक है। इस इजाफे में महिलाओं का योगदान अधिक रहा, उनकी साक्षरता दर में 19.29 प्रतिशत का सुधार हुआ है। वर्ष 2001 में महिलाओं की साक्षरता दर 32.97 थी, जो 2011 में 52.26 हो गई है। महिलाओं की तुलना में पुरुष की साक्षरता दर में महज 12.60 प्रतिशत का ही सुधार हुआ है। वर्ष 2001 में 63.81 प्रतिशत पुरुष साक्षर थे। वर्ष 2011 तक यह आंकड़ा 76.41 प्रतिशत तक पहुंच सका।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

lalitpur tech

स्पॉटलाइट

क्या ये गाने आपको पुराने दौर में ले जाते हैं, सुनकर कीजिए तय

  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +

उपन्यासकार वेद प्रकाश शर्मा की ये कहानी आपके दिल को छू जाएगी

  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +

हर उभरती हीरोइन को कंगना से सीखनी चाहिए ये 6 बातें, सफलता चूमेगी कदम

  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +

WhatsApp लाया अब तक का सबसे शानदार फीचर, आपने आजमाया क्या ?

  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +

बेसमेंट के वास्तु दोष को ऐसे करें दूर

  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +

Most Read

काशी की महिला ज्योतिषियों ने बताया यूपी चुनाव का परिणाम

femal astrologers from kashi tell about result of up electionp
  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +

पांच दिन बंद रहेंगे बैंक

Banks closed five days
  • गुरुवार, 16 फरवरी 2017
  • +

यूपी चुनाव 2017 : एक गांव में एक वोट पड़ा दूसरे में एक भी नहीं, कारण जानकर रह जाएंगे हैरान

vilagers  voting boycott in kanpur
  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

भितरघात की चिंगारी से झुलसती सपा

spark of sabotage scorched SP
  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +

खुशखबरी : 15 अप्रैल से यहां हाेगी सेना रैली भर्ती, 13 जिलाें के अभ्यर्थी अभी करें अावेदन

sena bharti rally in kanpur
  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +

IPL-10 में धूम मचाने को तैयार यूपी के ये 10 खिलाड़ी

ten players from up select in ipl
  • सोमवार, 20 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top