आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

धान खरीद को लगा जोर का झटका

Lakhimpur

Updated Tue, 20 Nov 2012 12:00 PM IST
एफसीआई ने शुरू नहीं किया चावल भंडारण
गोदामों पर नहीं हुई तकनीकी सहायकों की तैनाती
लखीमपुर खीरी। धान उपज की अच्छी लागत पाने की उम्मीद में किसानों को जोर का झटका लगा है। भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) ने जिला खीरी समेत प्रदेश के सभी जिलों में डेढ़ माह बाद भी चावल का भंडारण (उतार) शुरू नहीं किया है। भंडारण शुरू करना तो दूर अब तक गोदामों पर तकनीकी सहायकों (टीए) की तैनाती नहीं की गई है, जो भंडारण शुरू न होने का अहम कारण माना जा रहा है। भंडारण प्रक्रिया बंद होने से धान खरीद चरमरा गई है। हालात यह हैं कि राज्य की एजेंसियों ने लक्ष्य के सापेक्ष आठ फीसदी खरीद कर हाथ खड़े कर दिए हैं, क्योंकि भंडारण एफसीआई को करना है।
जिले में एक महीने बाद अक्तूबर के बजाय नवंबर से धान खरीद की शुरुआत हुई थी, लेकिन इसके बाद रफ्तार बढ़ने की जगह सुस्त हो गई है। इससे छोटे व मझोले किसानों को अपनी उपज का उचित मूल्य नहीं मिल सका है। किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाने के सरकारी दावे भी हवा-हवाई साबित हुए हैं। अब तक जिले में सरकारी एजेंसियों ने 5872 एमटी धान खरीद की है, जो लक्ष्य 77200 एमटी का महज आठ फीसदी ही है। बताना जरूरी होगा कि दिवाली के पहले खरीद दस फीसदी थी, लेकिन दिवाली के बाद घटकर आठ फीसदी रह गई। भंडारण शुरू न होने के चलते राज्य की एजेंसियों ने भी धान खरीद की गति धीमी कर दी है। इन विपरीत हालात से एजेंसियों को भले ही कोई फर्क पड़े या न पड़े, लेकिन सबसे ज्यादा झटका किसानों को लगना तय है। क्योंकि एजेंसियों के पास भंडारण की समस्या उत्पन्न होने से बिचौलियों की पौ-बारह हो गई है। किसानों को मजबूरन औने-पौने दामों पर धान बेचना मजबूरी होगा। अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि केंद्र सरकार की एजेंसी एफसीआई के एकमात्र क्रय केंद्र पर अब तक धान खरीद जीरो है। जिला प्रबंधक एके गुप्ता की माने तो अभी तक मानक के अनुसार धान नहीं आ रहा है।
00000
एफसीआई के गोदामों पर चावल का उतार शुरू न होने से धान की खरीद प्रभावित हुई है। गोदामों पर तकनीकी सहायक तैनात न होने से संकट गहरा गया है। इस समस्या की बाबत आरएफसी और एफसीआई के उच्चाधिकारियों और फूड कमिश्नर को पत्र भेजकर अवगत कराया गया है।
-सीबी उत्तम, जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी
00000
गत वर्ष चावल भंडारण में क्वालिटी में कमी पाई गई थी, जिसके चलते प्रदेश भर के तकनीकी सहायकोें को चार्जशीट किया गया था। इसके चलते खीरी समेत अन्य जिलों में भी चावल का भंडारण अभी शुरू नहीं हो सका है। जिले में करीब आठ तकनीकी सहायकों की जरूरत है। एक तकनीकी सहायक प्रतिदिन 2700 एमटी चावल पास कर सकता है। तकनीकी सहायकों की तैनाती होते ही भंडारण शुरू कराया जाएगा।
-एके गुप्ता, जिला प्रबंधक, एफसीआई
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

कपिल शर्मा के शो में कुछ ऐसे करतब दिखाएंगे सुपरस्टार जैकी चैन

  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

BIGG BOSS: मोनालिसा ने तोड़ा मनु का दिल, नजदीकियों को 'मजाक' कह डाला

  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

मॉडल की तरह परफेक्ट फिगर चाहिए? अपनाएं ये आसान से आसन

  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

नॉमिनेशन में 'सलमान का नाम' सुनते ही समारोह छोड़कर चली गई 'वो'

  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

उम्र के साथ बढ़ रही इस मॉडल की मांग, जवान मॉडल्स भरती हैं इसके आगे पानी

  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

Most Read

पाकिस्तान से रिहा सैनिक चंदू भारत में ‘कैद’

Indian soldier Chandu Babulal Chavan
  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

सोशल मीडिया पर डीआईजी वाराणसी का 'सियासी एसएमएस' वायरल

social media DIG Varanasi political SMS viral
  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

शिवपाल समर्थकों ने बनाया नया संगठन, नाम जानकर हो जाएंगे हैरान

shivpal supporters created new organization
  • शनिवार, 21 जनवरी 2017
  • +

अपना दल और भाजपा में दस सीटों पर सहमति 

Uttar Pradesh election BJP Apna Dal Ten seats in agreed
  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

राष्ट्रपति ने 4 की फांसी की सजा को उम्रकैद में बदला

President sets aside MHA advice, commutes death of 4 to life term
  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

अखिलेश की सूची में कुछ नाम बदले, कुछ निरस्त, यहां देखें

correction in akhilesh yadav list
  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top