आपका शहर Close

अंग्रेजों के सितम के बाद अपनो से भी न मिला इंसाफ

Lakhimpur

Updated Wed, 15 Aug 2012 12:00 PM IST
बगावत पर गोराें ने मूड़ाबुजुर्ग में किया था तांडव
जमीनों से बेदखल कर घर को लगा दी थी आग
बिजुआ। कुंज बिहारी लाल (मूड़ा बुजुर्ग) अंग्रेजों की हुकूमत के खिलाफ बगावत की, 6 माह और 9 दिन की कैद, साथ ही पिता को जमीन से बेदखल कर घर को आग के हवाले कर दिया। यह प्रोफाइल अंग्रेजों के खिलाफ बगावत करने वाले उस 15 साल उम्र के नौजवान का है, जोे खेलने-कूदने की उम्र में आजादी की लड़ाई में कूद पड़ा। जब देश आजाद हुआ तो इंसाफ की उम्मीद जगी लेकिन यहां इंसाफ मिलना तो दूर शहीद के परिवार को उनकी पुश्तैनी जमीन तक न वापस की जा सकी।
इलाके के मूड़ा बुजुर्ग गांव के पं. लक्ष्मी प्रसाद के घर एक जनवरी 1901 को जन्मे कुंज बिहारी लाल ने प्राइमरी की तालीम बिजुआ से हासिल की। मिडिल की पढ़ाई के लिए अलीगंज के बोर्डिंग स्कूल में रहने के दौरान ही उन पर गांधी जी के असहयोग आंदोलन का असर पड़ा। 15 साल की उम्र में ही कुंज बिहारी लाल ने बस्ता छोड़ आजादी की मशाल उठा ली। अंग्रेजों के खिलाफ गांव-गांव जुलूस के साथ बगावती पर्चे बांटने लगे। गोरों की आंखों में किरकिरी बन चुके कुंज बिहारी लाल के साथ बिजुआ के कांग्रेस के मंडल अध्यक्ष कुंवर प्रताप सिंह के अलावा गांव के साथी मातादीन, रघुवर दयाल, शंकर लाल और रामलाल भी थे।
00000
बगावत पर जुल्मों की इंतहा
फरारी के दौरान अंग्रेजों ने इनके पिता को जमीन से बेदखल कर दिया, और घर को भी आग लगा दी, इस पर भी कुंज बिहारी लाल नहीं माने, बगावत जारी रही। उनकी इतनी सी इल्तिजा थी कि हम रहे न रहें पर देश का मान रहे। आखिरकार 1921 में होली के दिन कुंज बिहारी लाल और साथियों को अंग्रेज गिरफ्तार कर सके। इसमें 18 अप्रैल 1922 को छह माह का कठोर कारावास और 50 रुपये अदा करने की सजा हो गई। 6 माह पूरे होने पर जब जेलर ने 50 रुपये जुर्माना लेकर छोड़ना चाहा तो इस सेनानी ने कहा कि उसे हिरासत मंजूर है लेकिन पैसे देकर अपनी रिहाई नहीं और नौ दिन और जेल में गुजारने के बाद इस सेनानी के हौसले और बढ़ गए।
0000
मरते मर गए, लेकिन अनसुनी रही फरियाद
गोरों ने अपने खिलाफ बगावत करने के इल्जाम में जिस जमीन से कुंज बिहारी लाल के पिता को बेदखल किया था, उस जमीन को पाने के लिए वह आजाद हिंदुस्तान के नौकरशाहाें से फरियाद करते करते इस दुनिया से सन् 1989 में विदा भी हो गए, लेकिन कोई सुनवाई नही हुई। जबकि 15 अगस्त 1984 को जब तत्कालीन डीएम बनारसी दास ने स्वतंत्रता सेनानी कुंज बिहारी लाल को मानपत्र दिया तो उस पत्र में खुद इस बात का जिक्र भी किया कि अंग्रेज सरकार ने इनका घर फूं ककर जमीन से बेदखल कर दिया था। इनके पुत्र अध्यापक पुत्तू लाल भी अपने पिता के साथ कई बार अफसरों के पास गए, लेकिन उन्हें जमीन वापस नही मिल सकी।
00000
इंदिरा जी ने दिया था ताम्रपत्र
15 अगस्त 1972 को कुंज बिहारी लाल को तत्कालीन प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी ने अशोक चिह्न युक्त ताम्रपत्र भेंटकर सम्मानित किया था।
Comments

Browse By Tags

apno sitam

स्पॉटलाइट

कर्ज में डूबा ये एक्टर बेटी के घर रहने को हुआ मजबूर, 2 साल से काम के लिए भटक रहा

  • शनिवार, 18 नवंबर 2017
  • +

हफ्ते में एक फिल्म देखने का लिया फैसला, आज हॉलीवुड में कर रहीं नाम रौशन

  • शनिवार, 18 नवंबर 2017
  • +

SSC में निकली वैकेंसी, यहां जानें आवेदन की पूरी प्रक्रिया

  • शनिवार, 18 नवंबर 2017
  • +

बिग बॉस में 'आग' का काम करती हैं अर्शी, पहनती हैं ऐसे कपड़े जिसे देखकर लोग कहते हैं OMG

  • शनिवार, 18 नवंबर 2017
  • +

गजब: अगर ये घास, है आपके पास तो खाकर देखिए, बिल्कुल चिप्स जैसा स्वाद

  • शनिवार, 18 नवंबर 2017
  • +

Most Read

हार्दिक पटेल मामले में अखिलेश का बयान, कहा- 'किसी की प्राइवेसी को सार्वजनिक करना बहुत गलत बात'

akhilesh yadav statement about hardik patel cd case
  • शुक्रवार, 17 नवंबर 2017
  • +

J&K: फुटबॉलर से लश्कर-ए-तैयबा का आतंकी बना था माजिद, किया सरेंडर

footballer who joined LeT has surrendered before security forces in Kashmir
  • शुक्रवार, 17 नवंबर 2017
  • +

ऐश्वर्या-अभिषेक बने माता-पिता और दादा बने मुख्यमंत्री रमन सिंह

baby girl born to aishwarya abhishek cm raman singh becomes grandfather
  • रविवार, 12 नवंबर 2017
  • +

चुनाव आयोग का शरद यादव को करारा झटका, बोला- चुनाव चिन्ह तीर के असली हकदार नीतीश

Election commission recognizes Nitish Kumar led faction as JDU and gives them arrow symbol
  • शुक्रवार, 17 नवंबर 2017
  • +

PoK पर फारूक के बिगड़े बोल, 70 साल में तय नहीं कर पाए अब कहते हैं ये हमारा हिस्सा है

Farooq Abdullah give reaction on POK
  • गुरुवार, 16 नवंबर 2017
  • +

गांधी के हत्यारे गोडसे की मूर्ति लगाने पर हिंदू महासभा के खिलाफ शिकायत दर्ज

Complaint filed against Hindu Mahasabha in Indore for installing Nathuram Godse statue at Gwalior
  • शुक्रवार, 17 नवंबर 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!