आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

एक दशक में बरामद गोवंशों का पता नहीं

Kushinagar

Updated Wed, 24 Oct 2012 12:00 PM IST
खड्डा। पिछले एक दशक के दौरान खड्डा और नेबुआ नौरंगिया पुलिस ने करीब एक हजार गोवंश बरामद तो किया लेकिन उनका अब कहीं अता-पता नहीं है। जिन मामलों में फाइनल रिपोर्ट लग गयी है उनमें भी जानवरों की नीलामी प्रक्रिया नहीं अपनायी गयी। इस एक दशक के दौरान एक भी गोवंश का पोस्टमार्टम तक नहीं हुआ। खुद पुलिस भी यह बता पाने की स्थिति में नहीं है कि जिन लोगों को ये बेजुबान सुपुर्द किए गए थे उनके पास आज ये पशु हैं भी या नहीं।
उल्लेखनीय है कि तस्करी के जरिए ले जाए जा रहे गोवंश को जब पुलिस पकड़ती है तो गोवध निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करने के बाद इन जानवरों को माल मुकदमाती मानकर किसी न किसी व्यक्ति की सुपुर्दगी में दे दिया जाता है। इस सुुपुदर्गी का बाकायदा पुलिस रिकार्ड बनता है। नियमानुसार ऐसे जानवरों की मौत हो जाने या कोई अन्य स्थिति उत्पन्न होने पर संबंधित थाने को इसकी सूचना दी जानी आवश्यक होती है। इन जानवरों को बेचा नहीं जा सकता।
होता यह है कि पुलिसवालों से मिलकर गोतस्कर ही अपने या अपने खास लोगों को ये जानवर सुपुर्द करा देते हैं। कुछ दिन बाद फिर इन जानवरों को तस्कर निर्धारित गंतव्य तक भेज देते हैं। चूंकि गोवंशों की बरामदगी और सुपुर्दगी के बाद आम लोगों का ध्यान इस ओर से हट जाता है, इसलिए यह सारा काम बड़ी आसानी से चलता रहता है। पिछले दिनों एसपी से जब आरटीआई के तहत गोवंशों की बरामदगी, दर्ज मुकदमे और उनकी वर्तमान स्थिति की बाबत जानकारी मांगी गयी तो पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। काफी टालमटोल के बाद जो आधी-अधूरी सूचना मिली, उसमें यह चौंकाने वाला तथ्य सामने आया है कि पुलिस के पास इन गोवंश के बारे में अब कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है।
एसपी ऑफिस से मिली सूचना के मुताबिक वर्ष 2001 से लेकर जुलाई 2012 तक खड्डा थाने में गोवध निवारण अधिनियम के तहत कुल 82 मामले दर्ज हुए। इन मामलों में 756 पशु बरामद हुए, जिन्हें थानाक्षेत्र के विभिन्न लोगों की सुपुर्दगी में दे दिया गया। इस सूचना के अनुसार वर्ष 2001 में 307, वर्ष 2002 में 178, वर्ष 2003 में 86, वर्ष 2004 में 110, वर्ष 2005 में 31, वर्ष 2006 में 32 और वर्ष 2007 में पांच पशु बरामद हुए। वर्ष 2008 और 2009 में कोई बरामदगी नहीं हुई लेकिन वर्ष 2010 में सात पशु मिले। वर्ष 2010 से वर्ष 2012 तक की कोई जानकारी नहीं दी गयी है। इन मामलों में सैकड़ों अज्ञात लोगों के विरुद्ध मुकदमा भी दर्ज हुआ है। ऐसे ही नेबुआ नौरंगिया में भी वर्ष 2001 से 2012 तक गोवध के कुल 42 मामले दर्ज हैं। इनमें 221 पशु बरामद किए गए। इनमें से एक पशु की मौत हो गयी जबकि शेष 220 जानवर सुपुर्द किए गए।
इन दोनों थानों की पुलिस ने इनमें से दर्जन भर से ज्यादा मामलों में फाइनल रिपोर्ट लगा दी है। उन मामलों में बरामद गोवंश की नीलामी नहीं हुई। पुलिस यह भी बता पाने की स्थिति में नहीं है कि इनमें से कितने गोवंशों की मौत हो चुकी है। वजह यह कि किसी का पोस्टमार्टम नहीं हुआ है जबकि ऐसे जानवरों की मौत के बाद पोस्टमार्टम जरूरी होता है। इस संबंध में सीओ खड्डा विनोद कुमार यादव का कहना है कि सुपुर्दगी में देने के बाद पुलिस का काम खत्म हो जाता है। अगर कोई सुपुदर्गी वाले गोवंश को बेचे जाने की शिकायत करता है तो उसकी जांच करायी जाएगी।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

25 किलोमीटर पैदल जाकर किताब बेचते थे 'भाबी जी' के सक्सेना, अब 'पिटने' की लेते हैं इतनी फीस

  • बुधवार, 26 जुलाई 2017
  • +

मॉल में टहल रहीं थीं राधिका आप्टे, अचानक किया इतना हंगामा जमा हो गई भीड़

  • बुधवार, 26 जुलाई 2017
  • +

B'Day Spl: एक्ट्रेस मुग्धा गोडसे की इन अदाओं का हर कोई है कायल, देखें तस्वीरें

  • बुधवार, 26 जुलाई 2017
  • +

इस पा‌किस्तानी एक्ट्रेस को डेट कर रहे रणबीर कपूर, कैट से ब्रेकअप की वजह यही तो नहीं?

  • बुधवार, 26 जुलाई 2017
  • +

'कृष्णा' बनकर पॉपुलर हुआ था ये एक्टर, ग्लैमर की दुनिया से दूर आज कर रहा ऐसा काम गर्व करेंगे आप

  • बुधवार, 26 जुलाई 2017
  • +

Most Read

कभी 30 रुपये देकर इसी किराये के मकान में रहते थे कोविंद, अब यहां जश्न

some important facts about ramnath kovind
  • शुक्रवार, 21 जुलाई 2017
  • +

यूपी: पेपर लीक गैंग ने लगाई दरोगा भर्ती में सेंध, पूरी परीक्षा रद्द

up police recruitment entire process cancel
  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

J&K: आर्मी के जवानों ने थाने में घुसकर पुलिस को पीटा, अब्दुल्ला बोले- कार्रवाई हो

soldier beat policemen in jammu six injured
  • रविवार, 23 जुलाई 2017
  • +

बुरे वक्त से निपटने के लिए लालू ने बनाया प्लान B, माया-मांझी का लेंगे सहारा!

RJD leader Lalu Prasad prepares plans alternate pact with Mayawati and Manjhi
  • मंगलवार, 25 जुलाई 2017
  • +

अलगाववादियों को भारत सरकार से भी मिल चुके हैं पैसे: फारूक अब्दुल्ला

GOI too gave funds to separatists says farook abdullah
  • सोमवार, 24 जुलाई 2017
  • +

5 साल की बेटी को नहला रही थी मां, दोनों को मिली खौफनाक मौत

5 year old and mother died after electrocuting
  • सोमवार, 24 जुलाई 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!