आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

वतन पर मिटा सेनानी पर शर्म उनको नहीं आनी

Kanpur

Updated Fri, 07 Sep 2012 12:00 PM IST
कानपुर। ‘शहीदों की चिताओं पर लगेंगे हर बरस मेले, वतन पर मिटने वालों का यही बाकी निशां होगा’। रगों में जोश भर देने वाला यह शेर अब 15 अगस्त और 26 जनवरी को सिर्फ नेताओं के भाषणों के लिए ही रह गया है। भाषण खत्म, तमाशा खत्म। फ्रीडम फाइटर मन्ना लाल जी भी वतन पर ही मिटे। 6 दिन तक जिंदगी और मौत से संघर्ष के बाद गुरुवार सुबह मन्ना लाल जी ने हैलट अस्पताल में दम तोड़ दिया। लेकिन, भाषण सुनने के लिए भीड़ नहीं थी इसलिए कोई नेता उन्हें दो फूल चढ़ाने नहीं पहुंचा। नेता नहीं थे तो चेहरा दिखाने कोई अफसर भी नहीं आया। और तो और उनके परिजनों को उनका पार्थिव शरीर गांव ले जाने के लिए घंटों गाड़ी का इंतजार करना पड़ा। हैलट सीएमएस ने कहा कि लिखित अर्जी दो तब एंबुलेंस मिलेगी।
सरसी, अकबरपुर (कानपुर देहात) निवासी फ्रीडम फाइटर मन्ना लाल को 31 अगस्त को हैलट में भर्ती कराया गया था। उन्हें गंदे बेड पर डाल दिया गया, बाजार से दवाएं खरीदवाई गईं और तो और स्वतंत्रता सेनानी होने का प्रमाण भी मांगा गया। ‘अमर उजाला’ ने मामले को उठाया तो उनके इलाज के मुकम्मल इंतजाम हुए। सपा ग्रामीण जिलाध्यक्ष नाहर सिंह यादव, सचिव सचिन वोहरा की टीम के अलावा किसी दल का एक भी नेता उन्हें देखने नहीं गया। प्रशासनिक अफसर तो झांकने तक नहीं गए। इमरजेंसी आईसीयू में डा.प्रेम सिंह उनका इलाज कर रहे थे। मेडिकल कालेज प्राचार्य डा.नवनीत कुमार के अनुसार मन्ना लाल जी के सीने में बहुत कफ था। फेफड़ों में भी इसके असर की वजह से सांस लेने में दिक्कत थी। इलाज के दौरान गुरुवार सुबह 9:00 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके बेटे इंद्रजीत ने कहा कि पिता जी के इलाज में शुरू में लापरवाही तो की ही गई। मृत्यु के बाद अस्पताल से शव ले जाने के लिए भी दो घंटे तक एंबुलेंस नहीं मिली। परिजन शव लिए बैठे रहे। उन्होंने अस्पताल के सीएमएस डा.सीएस सिंह से गुहार लगाई तो उन्होंने कहा कि लिखित अर्जी दो। अर्जी देने के बाद दोपहर 12 बजे के बाद एंबुलेंस मिल सकी। अस्पताल में सीएमओ डा.आरपी यादव ने डिप्टी सीएमओ डा.एससी पाठक को उन्हें शृद्धांजलि देने भेजा। उधर रूरा प्रतिनिधि के अनुसार दोपहर बाद उनका शव पैतृक गांव सरसी पहुंचा। वहां उनके अंतिम दर्शन के लिए ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी। अंतिम दर्शन के लिए आस-पास के गांवों कठारा, भगंरापुरवा, माझापुरवा सहित कई गांवों के हजारों लोग पहुंचे। अकबरपुर तहसीलदार राकेश कुमार गुप्ता ने उनकी पत्नी नन्हीं देवी को 5 हजार रुपए की आर्थिक मदद दी। उनके बड़े पुत्र रामनरेश ने बताया कि अंतिम संस्कार शुक्रवार को सरसी में किया जाएगा।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

sod fighter

स्पॉटलाइट

कपल्स को देखकर ये सोचती हैं सिंगल लड़कियां!

  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

नौकरी के बीच में ही कपल्स को मिल सकेगा 'सेक्स ब्रेक'

  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

सुपरस्टारों के ये बच्चे भी बिन तैयारी हुए लॉन्च, हो गए फ्लॉप

  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

बदन से आती है दुर्गंध ? खाने की प्लेट से हटा दें ये चीजें

  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

हैलो! अनुष्का शर्मा आपसे बात करना चाहती हैं, ये रहा उनका नंबर

  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

Most Read

भड़काऊ भाषण ने खड़ा किया मुसीबतों का पहाड़, पीएम मोदी के सामने आई नई मुश्किल

pm accused of making inflammatory speeches at rally
  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

खुशखबरी : 15 अप्रैल से यहां हाेगी सेना रैली भर्ती, 13 जिलाें के अभ्यर्थी अभी करें अावेदन

sena bharti rally in kanpur
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

पत्नी की हत्या का आरोपी अमनमणि समेत सात सपा से निष्कासित

Amanmani tripathi expelled from SP.
  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

यूपी चुनाव 2017 : एक गांव में एक वोट पड़ा दूसरे में एक भी नहीं, कारण जानकर रह जाएंगे हैरान

vilagers  voting boycott in kanpur
  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

पुलिस अंकल जबरदस्ती करते रहे और मैं चिल्लाती रही

mai chilaati rahi
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर को सुप्रीम कोर्ट से मिली बड़ी राहत

Supreme Court verdict a big relief to BJP MP ANurag Thakur
  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top