आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

क्या वतन पर मिटने वालों का यही बाकी निशां होगा?

Kanpur

Updated Wed, 15 Aug 2012 12:00 PM IST
...शहीदों की चिताओं पर लगेंगे हर बरस मेले, वतन पर मरने वालों का यही बाकी निशां होगा।
हितैषी जी द्वारा लिखा यह गीत उन दिनों हर क्रांतिकारी के मन में नया जोश भर देता था। उन्हें लगता था कि उनका बलिदान व्यर्थ नहीं जाएगा, एक दिन देश स्वतंत्र होगा और आजाद हिन्दुस्तान में सांस लेने वाली पीढ़ी उनके बलिदान को याद रखेगी। लेकिन 15 अगस्त के मौके पर अमर उजाला ने जब स्वतंत्रता आंदोलन की ऐतिहासिक घटनाओं के गवाह रहे स्थलों का निरीक्षण किया तो कुछ और ही हकीकत सामने आई।
मेमोरियल वेल
15 जुलाई, 1857 को इस कुएं में अंग्रेजों के लगभग 200 परिजनों को काट कर फेंका गया था। स्मारक पुरातत्व स्थल व अवशेष अधिनियम 1958 (24) के तहत संरक्षित किया गया। संरक्षण के बाद इस कुएं को ढक कर चबूतरा बना दिया गया। बच्चे अब इसके ऊपर स्केटिंग व साइकिलिंग करते हैं। चबूतरा जगह-जगह टूटा है। वेल के सामने लगी तात्या टोपे की प्रतिमा का चौबारा भी टूट रहा है।
नानाराव पार्क बीबीघर
इस पार्क में अंग्रेजों के समय में एक मंजिली इमारत हुआ करती थी। बताते हैं कि 1857 में 27 जून से लेकर 15 जुलाई तक नानाराव पेशवा ने लगभग दो सौ अंग्रेज महिलाओं और बच्चों को यहां बंदी बनाकर रखा था। बीबीघर एक अंग्रेज अफसर द्वारा अपनी रखैलों को ठहराने के लिए बनवाया गया था। प्रशासन इसे तरणताल के आसपास का स्थान बताता है। पर जानकार बताते हैं कि स्वीमिंग पूल के नीचे आज भी बीबीघर का इतिहास दफन है।

बूढ़ा बरगद
1857 में इस बरगद पर अंग्रेजों ने एकसाथ 133 क्रांतिकारियों को सूली पर चढ़ा दिया था। खोखला हो चुका ये बरगद चार साल पहले गिर चुका है। इसकी शाखाएं सूखी लकड़ी में तब्दील हो चुकी हैं। बस्ती के कई लोग इस पर कपड़े सुखाते हैं, बच्चे डालों पर लुका-छिपी खेलते हैं। प्रशासन की ओर से इसके रखरखाव की कोई भी व्यवस्था नहीं हैं।

बिठूर
आजादी और ऐतिहासिक दृष्टि से मशहूर बिठूर का हाल बदतर है। रानी लक्ष्मी बाई का किला, पेशवा नाना साहब की इमारत खंडहर हो चुकी है। इससे जुड़े पास के ब्रह्मावर्त घाट, पत्थर घाट और ध्रुव का इतिहास भी गर्त में हैं।


फूलबाग-क्वीन्स पार्क
.आजादी से पहले इसे क्वीन्स पार्क के नाम से जाना जाता था। इसे 1890 में बनाया गया था। आजादी के बाद इस बिल्डिंग पर झंड़ा फहराया जाता था। बड़ी सभाएं होती थीं। सन् 2000 के दशक में यहां म्यूजियम बना कर गदर की कहानी बयां करती कई ऐतिहासिक चीजें रखी गई थीं। जिसे बंद कर दिया गया। पार्क में आज आवारा जानवरों और गंदगी का साम्राज्य है।

फूलबाग में गणेश शंकर विद्यार्थी के स्मारक का प्लास्टर उखड़ रहा है। नई सड़क पर जहाँ विद्यार्थी जी को गोली मारी गयी थी, वहाँ आज तक कोई स्मारक नहीं बन सका है।

राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमाओं का हाल भी अच्छा नहीं है। महात्मा गांधी इंटर कालेज में लगी गांधी जी प्रतिमा में कई दरारें हैं, 50 साल हो गये पर प्रतिमा में आज तक एक छत्र तक नहीं लग सका।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

nishan sod

स्पॉटलाइट

अगर बाइक पर पीछे बैठती हैं तो हो जाएं सावधान

  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

सैफ ने किया खुलासा, आखिर क्यों रखा बेटे का नाम तैमूर...

  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

Viral Video: स्वामी ओम का बड़ा दावा, कहा सलमान को है एड्स की बीमारी

  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

बॉलीवुड से खुश हैं आमिर खान, कहा 'हॉलीवुड में जाने का कोई इरादा नहीं'

  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

सैमसंग ने लॉन्च किया 6GB रैम वाला दमदार फोन, कैमरा भी है शानदार

  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

Most Read

बीजेपी को झटका, पूर्व विधायक ने थामा अखिलेश का हाथ

shiv singh chak joins samajwadi party
  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

टिकट बंटवारे को लेकर बीजेपी से नाराजगी पर आया स्वामी प्रसाद मौर्या का बयान

swami prasad maurya denies news of being unhappy due ticket distribution
  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

खाते में आ गए 49 हजार, निकालने पहुंची तो मैनेजर ने भगाया

49000 come in account without permission of account hoder
  • शनिवार, 14 जनवरी 2017
  • +

जानें, सपा में 'अखिलेश युग' की शुरुआत पर क्या बोले अमर ‌सिंह

 amar singh reaction on EC decision.
  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +

कभी भी हो सकता है सपा-कांग्रेस के गठबंधन का ऐलान, गुलाम नबी ने की पुष्ट‌ि

ghulam nabi confirms congress alliance with sp
  • मंगलवार, 17 जनवरी 2017
  • +

सपा में दो राष्ट्रीय अध्यक्ष! मुलायम की नेमप्लेट के नीचे लगा अखिलेश का बोर्ड

akhilesh yadav name plate in sp office as sp chief
  • सोमवार, 16 जनवरी 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top