आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

जोर लगा के हइसा, पानी में गया पइसा

Kanpur

Updated Fri, 07 Dec 2012 05:30 AM IST
हाईलाइटर -: लाख विरोध के बाद राज्य सरकार भी एफडीआई के लिए मौन सहमति दे चुकी है। इससे आम आदमी और व्यापारी का भला कम और नुकसान ज्यादा होना तय है। मगर हजारों श्रमिकों के परिवारों की रोजी-रोटी से जुड़ी लाल इमली के चलने की राह में एक मामूली कांटा दूर करने का मुद्दा सिर्फ चर्चा भर में है। फ्री-होल्ड करने के लिए सपा की पिछली सरकार ने सहमति दे दी थी, मगर आज तक इसे अमल में नहीं लाया गया।
स्टाफ रिपोर्टर
कानपुर। दो साल पहले रिवाइवल प्लान की घोषणा, 2007 से अब तक 150 करोड़ रुपए का वेतन बंट गया, 86 करोड़ रुपए केंद्र सरकार की सहायता राशि मिली, कई अरब की संपत्तियां हैं। इतना सबकुछ होने के बावजूद लाल इमली में उत्पादन ठप हो चुका है। बिक्री पर किसी का ध्यान नहीं है। अब चर्चा है कि सार्वजनिक क्षेत्रों की अन्य मिलों की तरह लाल इमली भी बंद हो जाएगी।
लाल इमली में वर्तमान में 800 श्रमिक और 200 सुपरवाइजर और अधिकारी कार्यरत हैं। इन पर सालाना वेतन के मद में 25 करोड़ रुपए खर्च होते हैं। वर्ष 2006-07 से मिल के उत्पादन कार्य में भारी गिरावट शुरू हुई थी। उस वक्त होने वाला करीब 25 करोड़ का उत्पादन अब ठप हो चुका है। मिल के एक अधिकारी के मुताबिक वर्ष 2002-03 में 37 करोड़ की ग्रांट और 49 करोड़ का लोन लाल इमली को दिया गया था, ताकि यह सुचारू हो सके। मगर यह रकम भी मिल को परेशानियों से उबारने में नाकाफी साबित हो चुकी है। सूत्रों के मुताबिक जितना पैसा मिल में फुटकर रूप में आया, अगर एक बार में उतनी रकम खर्च कर दी जाती तो मिल में न सिर्फ जबर्दस्त उत्पादन हो रहा होता, बल्कि मिल के खर्चे और वेतन आदि के लिए भी किसी का मुंह न देखना पड़ता। रिवाइवल दो वर्ष पूर्व स्वीकृत किया जा चुका है, मगर इसमें मिल की संपत्तियों को फ्री-होल्ड कराकर बेचने की शर्त लगी है। पिछली सपा सरकार के दौरान 8 फरवरी 2005 में कैबिनेट ने वर्ष 98 के सर्किल रेट पर फ्री-होल्ड को अनुमति दे दी थी। मगर यह फैसला कभी धरातल पर आया ही नहीं। बसपा सरकार ने तो सारी छूट ही वापस ले ली। अब फिर से स्थिति वही आ गई है। मुख्य सचिव के साथ वार्ता फिर आरंभ की गई है। हालांकि दो बैठकें विभिन्न वजहों से हो ही नहीं पाई हैं।

बयान

मंत्रालय के निर्देशों के हिसाब से कार्यवाही की जाती है। फ्री-होल्ड के मामले पर मुख्य सचिव से बैठक होनी है, उसमें कुछ हल निकलने की उम्मीद है।
हीरक उपाध्याय, सीएमडी (बीआईसी)

लाल इमली को चलाने की राजनीतिक इच्छाशक्ति है ही नहीं। इसे चलाने का दावा एक लॉलीपाप बनकर रह गया है, जिसे वोट बटोरने के लिए इस्तेमाल किया जाता है।
राजू ठाकुर, महामंत्री सूती मिल मजदूर संघ
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

water haisa paisa

स्पॉटलाइट

Open Letter: हीरोइन का अपडेटेड वर्जन नाकाबिले बर्दाश्त क्यों?

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

'रामायण' बनाने वाले की पोती तस्वीरें वायरल

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

यह खिलाड़ी साबित हुआ भारत के लिए विभीषण

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

खुले में नहाती हैं सुष्मिता, सैफ को है बाथरूम से प्यार

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

ऑस्कर की 'कीमत' सिर्फ 10 अमेरिकी डॉलर

  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

Most Read

ड‌िम्पल ने मोदी को बताया झूठ का प‌िटारा, कसाब को द‌‌िया नया फुलफॉर्म

dimple yadav rally in gonda
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

पीएम मोदी के बयान से हिला पाकिस्तान, सर्जिकल स्ट्राइक-2 की तैयारी तो नहीं!

prime minister statement shock pakistan
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

जानें, अखिलेश को मायावती से क्यों लग रहा है डर

akhilesh says against mayawati
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

EC ने समाजवादी एम्बुलेंस से ‘समाजवादी’ शब्द ढंकने को कहा

 up chief election office orders to cover  samajwadi word from samajwadi ambulance
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

खुशखबरी : 15 अप्रैल से यहां हाेगी सेना रैली भर्ती, 13 जिलाें के अभ्यर्थी अभी करें अावेदन

sena bharti rally in kanpur
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

भड़काऊ भाषण ने खड़ा किया मुसीबतों का पहाड़, पीएम मोदी के सामने आई नई मुश्किल

pm accused of making inflammatory speeches at rally
  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top