आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

कागज में पूरे, जमीन पर अधूरे

Kanpur

Updated Fri, 07 Dec 2012 05:30 AM IST
केस नंबर एक
सिविल लाइंस के रामकृपा-श्यामकृपा अपार्टमेंट के मालिक व नीति रियल एस्टेट कंपनी के प्रमुख अरुण गोयल नयागंज में 1200 वर्ग मीटर भूखंड पर पांच मंजिला अपार्टमेंट बनवा रहे हैं। ग्रांउड फ्लोर पर 32 दुकानें हैं। फर्स्ट से फोर्थ फ्लोर तक 32 फ्लैट बनेंगे। केडीए से नक्शा पास है। सभी विभागों की एनओसी भी है। कमी है तो सिर्फ सेटबैक की। सामने-दायें-बायें और पीछे एक इंच जमीन भी नहीं छोड़ी है। पूछने पर बताया कि बीच में जगह है। सेटबैक उसमें ही एडजेस्ट हो गया है। केडीए ने कोई कार्रवाई नहीं की, कोई सेटिंग है क्या? इस सवाल पर बोले, क्या बतायें। जो है सो है। दुनिया ही सेटिंग पर चल रही है।

केस नंबर दो
वसंतविहार नौबस्ता में शैलेंद्र उत्तर और तेजू गुप्ता 700 वर्ग मीटर पर पांच मंजिला अपार्टमेंट में 24 फ्लैट बनवा रहे हैं। बायीं तरफ कार्नर है लेकिन सामने और दायें हिस्से में सेटबैक नहीं है। केडीए से हाल ही में नोटिस भी मिली है लेकिन निर्माण जारी है। न तेजू मिले न शैलेंद्र। पूछने पर यहां काम कर रहे लोगों में से किसी ने नाम भी नहीं बताया। सेटबैक की जानकारी मांगने पर बोले, पीछे छूटा है। यह भी कहा, ऐसे ही नहीं बनवा रहे। नक्शा पास कराने के लिये बीस लाख खर्चा किया है। शहर में फ्लैट बनाकर देना इतना आसान थोड़े है।


विवेक त्रिपाठी
कानपुर। बिल्डर बड़ा हो या छोटा, सेटबैक में जरूर खेल करता है। सेटबैक किसी भी मकान या इमारत के आगे-पीछे व दायें-बायें छोड़ी जाने वाली अतिरिक्त जगह होती है। भवन एवं विकास उपविधि 2008 में भूखंड के हिसाब से सेटबैक के मानक तय हैं लेकिन एक भी बिल्डर इनका पालन नहीं करता। केडीए बोर्ड मेंबर साहबे आलम कहते हैं अनाप-शनाप इमारतें तान रहे बिल्डर सेटबैक को खिलवाड़ समझते हैं। कहीं भी नजर उठाकर देख लीजिये। शहर में निर्माणाधीन हर छोटे-बड़े अपार्टमेंट में सेटबैक या तो है ही नहीं या फिर आधा-अधूरा। कल्यानपुर निवासी एक बिल्डर बताते हैं किसी भी इमारत में सेटबैक मानकों के मुताबिक नहीं होता। बिल्डर नक्शे के मुताबिक थोड़ा-बहुत चेंज कर लेते हैं। सेटबैक में चेंज से पूरी इमारत आगे-पीछे हो जाती है। केडीए के स्थानीय जेई सेटबैक खाने वाले बिल्डरों से खर्चा लेते हैं इसलिये कार्रवाई नहीं होती। बिल्डर और केडीएकर्मियों के इस घालमेल का खामियाजा जनता को भुगतना पड़ता है। अगर बिल्डिंग मल्टीस्टोरी है और उसमें सेटबैक नहीं है, तो आपातकालीन परिस्थितियों में जान के लाले पड़ जाते हैं। केडीए के एक अफसर बताते हैं किसी बिल्डिंग का हंड्रेड परसेंट एरिया कवर हो जायेगा तो रेन वॉटर रिचार्जिंग बंद हो जायेगा।

300 वर्ग मीटर के नक्शे में सेटबैक खत्म
संशोधित भवन एवं विकास उपविधि 2008 में तीन सौ वर्ग मीटर भूखंड के नक्शे में सेटबैक की व्यवस्था खत्म कर दी गई है। ऐसे भूखंड में सिर्फ आगे और पीछे सेटबैक होता है। दायें-बायें सेटबैक की जरूरत नहीं होती। अगर किसी ने सेटबैक कम कर रखा है तो उसे एक सीमा तक कंपाउंड (जुर्माना) किया जा सकता है। मसलन सामने और साइड के हिस्से का सेटबैक अगर 25 और पीछे 10 प्रतिशत तक हिस्से में कंपाउंडिंग हो सकती है। रेजिडेंशियल में एक मीटर तक कंपाउंड हो सकता है।

यह हैं नियम
भूखंड का क्षेत्रफल (वर्ग मीटर में) सेट बैक (मीटर में)
300 से 500 तक आगे पीछे पार्श्व-1 पार्श्व-2
4.5 4.5 3.0
500 से 1000 तक 6.0 6.0 3.0 1.5
1000 से 1500 तक 9.0 6.0 4.5 3.0
1500 से 2000 तक 9.0 6.0 6.0 6.0

सेटबैक वेंटीलेशन के लिये होता है और सभी बिल्डिंग में जरूरी है। इससे बिल्डिंग लाइन मेनटेन रहती है। नियम के मुताबिक जिस स्थान का जितना सेटबैक तय है, उसे उसी स्थान पर होना चाहिये। इसे एडजेस्ट नहीं किया जा सकता। यह नियम विरुद्ध है। ऐसा करने वाले के खिलाफ कार्रवाई का प्राविधान है।
आशीष पुरी, नगर नियोजक, केडीए


(कुछ बताना है, डायल करें -9675898242)
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

PICS: पार्टी में पत्नी को छोड़ श्रद्धा कपूर को चूम बैठे मोहित सूरी, मच गई खलबली

  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

लड़कियों के इस खास ऐप के बारे में नहीं जानते होंगे लड़के, यहां होती हैं ऐसी बातें

  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

शाम की पूजा में भूलकर भी ना बजाएं घंटी, होते हैं अशुभ परिणाम

  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

शर्लिन चोपड़ा ने खिंचवा डाली ऐसी फोटो, जमकर आए भद्दे कमेंट

  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

रमजान 2017ः सेहरी में खाएंगे ये 5 चीजें तो दिनभर नहीं लगेगी प्यास

  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

Most Read

नीतीश के PM मोदी के साथ लंच पर तेजस्वी का तंज, कहा- चटनी पॉलिटिक्स

cm Nitish kumar will attend pm Modi's banquet
  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

बसपा से बाहर हुए नसीमुद्दीन ने बनाया राष्ट्रीय बहुजन मोर्चा

naseemuddin initiates rashtriya bahujan morcha
  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +

CM के दौरे से पहले दलितों को बांटे गए साबुन-शैंपू-सेंट, कहा- ये लगाकर ही पास जाना

Before visit of CM Yogi Adityanath to Kushinagar's 'Mushar Basti' , Dalits asked to use soaps, scent
  • शुक्रवार, 26 मई 2017
  • +

गृह मंत्रालय ने मांगी रिपोर्ट, मायावती बोलीं- भीम आर्मी से कोई संबंध नहीं

mayawati pc on dalits saharanpur violence
  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

इसी महीने आ जाएगा मानसून, यूपी में कब हैं बारिश के आसार जानें

monsoon will reach to uttar pradesh after mid june
  • शुक्रवार, 26 मई 2017
  • +

जेवर गैंगरेप कांडः पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे मोदी के मंत्री, दिया न्याय का भरोसा

jewar bulandshahr highway gangrape: mahesh sharma meets victims and all developments of the day
  • शनिवार, 27 मई 2017
  • +
Live-TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top