आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

अन्नदाता के निकलेंगे खून के आंसू

Jalaun

Updated Thu, 12 Jul 2012 12:00 PM IST
उरई(जालौन)। खेती की लगातार बढ़ती लागत अब किसानों को और रुलाएगी। पिछले साल खरीफ और रबी सीजन में 905 रुपए में मिलने वाली डीएपी खाद की बोरी अब किसानों को 1200 रुपए में मिलेगी। इसी तरह उर्द, मूंग और धान के बीजों के दाम लगातार बढ़ रहे हैं। लेकिन किसानों को न तो सब्सिडी मिल रही है और न उत्पादन बढ़ रहा है। दिनोदिन महंगी होती जा रही खेती से अब किसानों का मोहभंग हो रहा है।
खरीफ हो या रबी फसलों की खेती किसानों की आमदनी कम और खर्च ज्यादा बढ़ रहे हैं। डीएपी यूरिया व बीज के दामों में वृद्धि से साल दर साल बढ़ रही खेती की लागत किसानों को अब कुछ ज्यादा हलकान कर रही है। उत्पादन लगातार घट रहा है। जिन किसानों ने पिछले रबी व खरीफ सीजन में डीएपी खाद की बोरी 905 रुपए में खरीदी थी उन्हें अब तीन सौ रुपए अधिक यानि 1200 रुपए में 50 किलो डीएपी खाद की बोरी लेने को मजबूर होना पडे़गा। किसान संघ के जिलाध्यक्ष साहब सिंह चौहान का कहना है पिछले साल उर्द, चना का बीज सस्ता था लेकिन जब 700 रुपए की बोरी 900 में मिली तो अटपटा लगा। इस बार 905 रुपए की बोरी 1205 में मिलेगी। वह कहते हैं कि कृषि आधारित देश मेें कृषि की ही सबसे ज्यादा दुर्दशा हो रही है। तिल, मूंग, उर्द सोयाबीन पर 1205 रुपए कुंतल अनुदान मिलता है जबकि बीज की गुणवत्ता का हाल यह है कि हम सरकारी बीज ले रहे हैं तो उसकी कोई गारंटी नहंीं कि वह शत प्रतिशत जमेगा ही। जिले में किसान सोयाबीन व उर्द के बीज बोकर घाटे का सौदा कर चुका है। किसान राजवीर सिंह जादौन ने कहा किसानों को रासायनिक खाद का भरोसा छोड़ देना चाहिए। किसान जैविक खादों का इस्तेमाल व जीरो बजट की खेती पर अपना ध्यान केंद्रित करें। यूपीए सरकार से इससे ज्यादा और क्या उम्मीद हो सकती है। हर वर्ष दो सौ तीन सौ रुपए खाद की बढ़ रही लागत की सरकार को चिंता ही नहीं है। सब्सिडी भी नहीं बढ़ रही है। जिला कृषि अधिकारी बी कुमार कहते हैं पिछले वर्ष के मुकाबले जरुरत से ज्यादा हमारे पास डीएपी यूरिया खाद मौजूद है। खरीफ में हमें तीन हजार मीट्रिक टन खाद की जरुरत है लेकिन हमारे पास दस हजार मीट्रिक टन से अधिक खाद है। 4115मीट्रिक टन यूरिया मौजूद है जबकि हमें छह हजार मीट्रिक टन खाद की आवश्यकता है। दो हजार मीट्रिक टन की हम कमी पूरी समय रहते कर लेंगे। उधर यूपी एग्रो के खाद प्रभारी सुरेश बाबू का कहना है कि पीसीएफ व कृषि विभाग ने हमें खरीफ सीजन के लिए अब तक नहीं मिली है खाद। मिलते ही हम उपलब्ध कराएंगे। इधर सरकारी बीज भंडारों में धान, मूंग, उर्द, मक्का, ज्वार, अरहर, तिल, सोयाबीन के बीज पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। रेट भी सरकारी दर पर निर्धारित है। किसानों को 1200 रुपए कुन्तल की दर से अनुदान दिया जाएगा। दूसरी ओर प्राइवेट बीज भंडार के पिंटू चौहान व सोनू सिंह का कहना है कि खरीफ के सीजन में बारिश के विलंब होने की वजह से बाजार धीमा चल रहा है।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

कुछ लड़कियां क्यों नहीं करतीं जिंदगीभर शादी, लड़के जान लें

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

IndVsAus: अश्विन, जडेजा, जयंत से नहीं, कंगारुओं को इससे है डर

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

रिसर्च: मोटे मर्दों की सेक्स लाइफ होती है शानदार

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

सेल्फी के शौकीनों के लिए खुशखबरी, इस फोन में होगा 3D कैमरा

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

रजनीकांत की दीवानी है ये हीरोइन, अब साथ में करेगी काम

  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

Most Read

पांच दिन बंद रहेंगे बैंक

Banks closed five days
  • गुरुवार, 16 फरवरी 2017
  • +

सोनिया की चिट्ठी- 'मोदी ने आपका सब कुछ छीन लिया'

for the first time soina gandhi does not take part in election campaign at raibarielly
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

खुशखबरी : 15 अप्रैल से यहां हाेगी सेना रैली भर्ती, 13 जिलाें के अभ्यर्थी अभी करें अावेदन

sena bharti rally in kanpur
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

पीटीए मामले में सुप्रीम कोर्ट के ऑर्डर से उलझा निदेशालय

supreme court verdict regarding appointment of PTA teachers
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

समाजवादी जब जोश में होते हैं तो हाथ छोड़ भी साइकिल चला लेते हैं: अखिलेश

akhilesh yadav rally bahraich
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

यूपी चुनाव 2017 : एक गांव में एक वोट पड़ा दूसरे में एक भी नहीं, कारण जानकर रह जाएंगे हैरान

vilagers  voting boycott in kanpur
  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top