आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

नलकूप बने ‘ठूंठ’, तो नहरें सूखीं

Hardoi

Updated Tue, 03 Jul 2012 12:00 PM IST
हरदोई। संभावित सूखे से निपटने को अभी तक कोई सजगता नहीं बरती जा रही है। जिम्मेदारों की उदासीनता आलम यह है कि जिले में अभी तक संभावित सूखे से निपटने को किसी कार्य योजना का खुलासा नहीं किया गया है, ऐसे में अगर सूखा पड़ा तो सरकार की किरकिरी होनी तय है।
प्रदेश सरकार भले ही हर मोर्चे पर तैयारियों के निर्देश दे रही हो, पर जिम्मेदार बेखबर बने हुए हैं। एक सैकड़ा से ज्यादा नलकूप खराब पड़े हैं और नदियों में पानी का स्तर घटने से नहरों में पानी की धार सुस्त पड़ने से रजबहों एवं माइनरों में टेल तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है। गांवों में तालाब सूखे पड़े हैं, जिससे पशुओं के लिए पेयजल का संकट मंडराने लगा है और जल स्तर गिरने से हैंडपंपों से बालू आने से लोग परेशान हैं, फिर भी सजगता नहीं बरती जा रही है। मानसून पिछड़ने से संभावित सूखे के मद्देनजर जिले में कोई खास तैयारियां नहीं हुई है। जिले के अधिकांश क्षेत्रों में सरकारी नलकूप बंद पड़े हैं।
आंकड़ों में केवल 29 नलकूप ही खराब बताए जा रहे, जबकि हकीकत यह है कि 635 नलकूपों में 125 नलकूप वर्षों से खराब पड़े हैं और 29 नलकूप यांत्रिक तथा बिजली समस्या से बंद हैं। इस तरह से 154 नलकूप बंद हैं। उधर, खरीफ की फसलों के लिए 40 लाख रुपए माइनरों की सफाई पर खर्च हो गए, पर किसानों को पानी नहीं मिल पा रहा। नदियों में पानी कम होने से नहरों में पानी की धारा का वेग काफी धीमा हो गया। कुछ स्थानों पर तो भरपूर पानी है, तो कुछ स्थानों पर माइनरों एवं रजबहों की तलहटी दिखाई पड़ रही है। मनरेगा में करोड़ों खर्च कर संरक्षित एवं नए बनाए गए तालाबाें की तलहटी दिखाई पड़ रही है।
किसानाें का मानना है कि अगर 5 जुलाई तक पानी न बरसा तो खरीफ की फसलें चौपट हो जाएंगी। सबसे ज्यादा नुकसान गन्ना एवं धान की फसलों का होगा। ज्ञात हो कि इस वर्ष जिले में धान का संभावित क्षेत्रफल सवा लाख हेक्टेयर है, तो गन्ने का 47,500 हेक्टेयर है। तापमान चढ़ा रहने एवं गन्ने की सिंचाई को पानी न मिलने से 20 से 25 फीसदी उत्पादन गिरने की संभावना बन गई है, जबकि धान की रोपाई को तैयार हो रही नर्सरी बचाने को किसानों को मशक्कत करनी पड़ रही और पानी न बरसने पर धान की रोपाई प्रभावित होने से उत्पादन पर खराब असर पड़ेगा। जिला कृषि अधिकारी अमर सिंह ने माना कि मानसून न आने से किसानों का चिंतित होना स्वाभाविक है।
इंसेट---
बोले, हाकिम
‘प्रभारी डीएम/सीडीओ एके द्विवेदी ने संभावित सूखे को लेकर तैयारियों के संबंध में कहा कि शासन से इस ओर पत्र मिला है। हम हर स्तर पर तैयारियां पूरी करेंगे और सूखा या बाढ़ के जो हालात बनेंगे, उसको लेकर जरूरी कार्रवाई की जाएगी।’
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

bole canals sukhin

स्पॉटलाइट

नए कलेवर में लॉन्च हुए नोकिया के मोबाइल फोन, खास हैं खूबियां

  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

जानिए दुनिया के सबसे सम्मानित पुरस्कार 'ऑस्कर' से जुड़ी 10 रोचक बातें 

  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

ICC रैंकिंग: स्टीव ओ'कीफ की ऊंची छलांग, अश्विन-जडेजा और विराट को हुआ नुकसान

  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

अब यह लोकप्रिय कार भी नहीं मिलेगी बाजार में

  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

सेक्स में चरम सुख की कुंजी क्या है? शोध में हुआ खुलासा

  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

Most Read

बागी मंत्री को अख‌िलेश ने क‌िया कैब‌िनेट से बाहर

vijay mishra expelled from akhilesh cabinet
  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

झारखंड: महिला कर्मचारियों को मिलेगी दो विशेष छुट्टी

Jharkhand:women will get 2 special leave under sarva shiksha abhiyan
  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

ड‌िम्पल ने मोदी को बताया झूठ का प‌िटारा, कसाब को द‌‌िया नया फुलफॉर्म

dimple yadav rally in gonda
  • शनिवार, 25 फरवरी 2017
  • +

पीएम मोदी के बयान से हिला पाकिस्तान, सर्जिकल स्ट्राइक-2 की तैयारी तो नहीं!

prime minister statement shock pakistan
  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +

अपने ऊपर दर्ज रेप के मामले में गिरफ्तारी देने पहुंचे आईपीएस अमिताभ ठाकुर

IPS amitabh thakur protest against fir against him in rape case
  • रविवार, 26 फरवरी 2017
  • +

जानें, अखिलेश को मायावती से क्यों लग रहा है डर

akhilesh says against mayawati
  • सोमवार, 27 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top