आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

आंखों से झलकता है खामोश जुबां का दर्द

Farrukhabad

Updated Mon, 17 Dec 2012 05:30 AM IST
शोहदों के आतंक से कई छात्राएं नहीं आना चाहती कालेज, सिर नीचे कर गुजरने को हैं विवश
फर्रुखाबाद। कभी उनके चेहरे पर खौफ दिखता है तो कभी आंखों में गुस्सा उतर आता है। वे अपने साथ हुए वाकए को बयां करना चाहती हैं, लेकिन कुछ बोलने से पहले उनकी आंखें भर आती हैं। उसनेचेहरे के हावभाव उनकी खामोशी का दर्द भी बयां करते हैं। यह दर्द रोज अभिभावक देखते हैं और अध्यापक भी। फिर भी सभी चुप हैं। यह हाल है लोहाई रोड स्थिति कालेज से आने-जाने वाली बेटियों का। इन बेटियों के साथ आए दिन छेड़खानी हो रही है। कालेजों के आसपास जुटने वाले शोहदे फब्तियां कसते हैं। कई बार तो बाइक सवार शोहदे सारी हदें पार कर जाते हैं। इन हरकतों को कालेजों के आसपास के दुकानदार भी देखते हैं, लेकिन इनका आतंक इतना है कि कोई मुंह नहीं खोलता। अध्यापक दांत पीस कर रह जाते हैं। बेटियां शर्मसार होकर रोते हुए घर पहुंचती हैं। खुद से साथ हुए वाकए को अभिभावकों को बता कर स्कूल जाने तक से मना कर देती हैं, लेकिन अभिभावक कोई विकल्प न होने की वजह से उन्हें समझा-बुझाकर दोबारा उसी दर्द को सहने के लिए भेज देते हैं।
शहर में लोहाई रोड पर चार बड़े कॉलेज हैं। इनमें नाला मछरहट्टा स्थित एनएकेपी डिग्री कालेज, एनएकेपी इंटर कालेज, भारतीय डिग्री कालेज और खतराना स्थिति कनोडिया इंटर कालेज हैं। इसके अलावा कोठा पार्चा स्थित सिटी मिशन इंटर कालेज है। इन सभी कालेजों के आसपास छोटी-छोटी चाय-पानी व तंबाकू की दुकानें हैं। इन दुकानों के आसपास छात्राओं के स्कूल आगमन और शाम को छुट्टी के वक्त शोहदों की अच्छी खासी भीड़ जुटती है। ये कालेज छात्र नहीं हैं बल्कि ऐसे निठल्ले हैं, जिन्हें न तो अपनी मान मर्यादा का ख्याल है और न ही दूसरों की। ये कालेज गेट से निकलते ही छात्राओं को निशाना बनाकर फब्तियां कसते हैं। कई बार तो साइकिल से आने वाली छात्राओं को अनायास ही टक्कर मार देते हैं। इस वजह से छात्राएं परेशान हैं।
क्यों चुप हैं अभिभावक
अभिभावकों की मानें तो छात्राओं के साथ हो रही दुर्व्यवहार के बाद भी उनकी चुप्पी का एक बड़ा कारण है समाज है। वे प्राचार्य से शिकायत करते हैं। पुलिस से शिकायत करते हैं। सभी लिखित में तहरीर देने की बात कहते हैं। चूंकि वे शोहदों को अच्छी तरह से जानते-पहचानते नहीं हैं। दूसरी तरफ अपनी बेटी को निशाना नहीं बनाना चाहते हैं। इस वजह से लिखित में तहरीर नहीं दे पाते। उन्हें भय है कि तहरीर देने पर पुलिस सक्रिय नहीं हुई तो उनकी बेटी का कालेज आना मुश्किल हो जाएगा। सब कुछ देखने के बाद भी पुलिस चुप है।
रोती हुई घर पहुंचती हैं छात्राएं
एक स्नातक छात्रा जैसे ही कालेज से निकली। पीछे से आए बाइक सवार शोहदों ने उसे पहले टक्कर मार कर गिरा दिया और फिर उसे उठाने की कोशिश करते हुए अभद्रता की। छात्रा ने रोते हुए बताया कि ऐसी घटना रोज उन लोगों के साथ होती है। कालेज की छात्राओं का आना-जाना मुश्किल हो गया है।
ट्यूशन पढ़ने वाली छात्राएं भी परेशान
शोहदों में पुलिस का जरा भी भय नहीं है। इस वजह से कॉलेज छात्राओं के साथ ही ट्यूशन पढ़ने वाली छात्राएं भी भयभीत रहती हैं। ऐसे में अभिभावकों को खुद ट्यूशन केंद्र तक छात्राओं को छोड़ना पड़ रहा है।
कालेज के सामने बाइक स्टंट
कालेज आने-जाने वाली छात्राओं के सामने तमाम शोहदे बाइक स्टंट कर उन्हें डराते भी हैं। यह स्थिति कालेजों के आसपास के अलावा रेलवे रोड पर भी देखा जा सकता है। रामानंद बालिका इंटर कालेज के आसपास भी शोहदों का आतंक रहता है।
दुकानदारों में शोहदों का भय
कालेजों के आसपास मौजूद रहने वाले दुकानदार कहते हैं कि वे रोज छात्राओं के साथ अभद्रता होते देखते हैं। विरोध करते हैं कि शोहदे उनकी दुकानों में तोड़फोड़ कर देते हैं। पुलिस भी इन पर हाथ नहीं डाल रही है। ऐसे में वे भी विवश हैं। दुकानदार अरविंद पाल, विजय कटियार आदि कहते हैं कि कालेज के आसपास छात्राओं के साथ जिस तरह की बदसलूकी होती है, उससे खून खौल जाता है, लेकिन पुलिस का सहयोग न मिलने की वजह से लाचार हैं।
डीएम, एसपी को सौंपा पत्र
अभिभावक वीके पांडेय, संजय सिंह, आरएन पाल, विजय तिवारी आदि कहते हैं कि कुछ दिन पहले जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को पत्र सौंप कर कॉलेजों के आसपास पुलिस बल तैनात करने की मंाग की गई थी। इसके बाद भी अभी तक कोई व्यवस्था नहीं की गई। इलाके के थानाधिकारी से मिला गया तो उनका जवाब था कि कहां-कहां पुलिस लगाते रहे। अभिभावक कहते हैं कि इन शोहदों का आतंक खत्म नहीं हुआ तो किसी न किसी दिन अप्रिय घटना हो सकती है।
पुलिस चलाए अभियान
इस संबंध में भारतीय डिग्री कालेज के प्राचार्य डा. विश्राम सिंह कहते हैं कि अध्यापक खुद निगरानी कर रहे हैं। कालेज के छात्रों को आईकार्ड लगाकर आने का आदेश दिया गया है। गेट के आसपास किसी भी अपरिचित छात्र के दिखने पर उसे पकड़ कर पुलिस के हवाले किया जाएगा। दिक्कत यह है कि छात्राएं दूर-दूर से आती हैं। कालेज प्रशासन विद्यालय के आसपास ही निगरानी कर सकता है। यदि शोहदों पर शिकंजा कसने के लिए सड़क पर पुलिस अभियान चलाए तो छात्राओं को काफी राहत मिलेगी।
अपर पुलिस अधीक्षक ओपी सिंह का कहना है कि महिला थानाध्यक्ष को निर्देश दिए गए हैं कि कालेजों के आसपास निगरानी करें। जरूरत पड़े तो सिविल में महिला कांस्टेबलों को लगाकर शोहदों की धरपकड़ करें। इस समय कुंभ और सैफई महोत्सव में फोर्स लगाई गई है। जल्द ही नई रणनीति के तहत सिविल ड्रेस में कालेजों के आसपास पुलिस गश्त करेगी। शोहदों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। इसके अलावा अभिभावक एवं छात्राएं महिला थाने में भी शिकायत कर सकते हैं। शिकायतकर्ता का नाम गोपनीय रखा जाएगा।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

ऐश्वर्या राय सोशल मीडिया से रहेंगी दूर, पति अभिषेक ने लगाया बैन, वजह चौंका देगी

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

'बाहुबली-2' का मोशन पोस्टर रिलीज

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

Film Review: मैं 'रंगून' जाऊं कि नहीं, तय करें...

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

सौ साल की हुई पहली डबल रोल फिल्म

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

यात्रा करते समय आती हैं उल्टियां? अपनाएं ये तरीके

  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

Most Read

सपा में सात नेताओं पर‌ गिरी अखिलेश की गाज, पार्टी से बाहर

seven expelled from SP.
  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +

भड़काऊ भाषण ने खड़ा किया मुसीबतों का पहाड़, पीएम मोदी के सामने आई नई मुश्किल

pm accused of making inflammatory speeches at rally
  • गुरुवार, 23 फरवरी 2017
  • +

खुशखबरी : 15 अप्रैल से यहां हाेगी सेना रैली भर्ती, 13 जिलाें के अभ्यर्थी अभी करें अावेदन

sena bharti rally in kanpur
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

पुलिस अंकल जबरदस्ती करते रहे और मैं चिल्लाती रही

mai chilaati rahi
  • बुधवार, 22 फरवरी 2017
  • +

यूपी चुनाव 2017 : एक गांव में एक वोट पड़ा दूसरे में एक भी नहीं, कारण जानकर रह जाएंगे हैरान

vilagers  voting boycott in kanpur
  • रविवार, 19 फरवरी 2017
  • +

ये है अंतहीन प्राकृतिक शिवलिंग, 50 साल पहले जमीन से निकला था बाहर

endless shivling in kanpur
  • शुक्रवार, 24 फरवरी 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top