आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

बकाया मिले तो ढूंढ लेंगे ठिकाना

Etawah

Updated Thu, 03 May 2012 12:00 PM IST
इटावा। डीएम से गुहार लगाने के बाद किसी राहत की उम्मीद न मिलते देख सूत मिल की लेबर कालोनी में रह रहे श्रमिक कर्मचारियों के परिवारों की इन दिनों नींद हराम है। गरीबी से जूझ रहे इन श्रमिक परिवार के लोगों का कहना है कि इस शहर में उनका और कोई आशियाना नहीं है। ऐसे में वे बेघर होने के बाद कहां जाएं। मिल को बंद हुए दो दशक बीत चुके हैं। वेतन, फंड आदि का भुगतान हो जाए तो कहीं और ठिकाना ढूंढ लेंगे।
माली हालत बेहद खराब
मिल की लेबर कालोनी में रह रहे श्रमिक परिवारों की माली हालत बेहद खराब है। ज्यादातर श्रमिकों की मौत हो चुकी है। अब उनकी विधवाएं अपने पुत्रों के साथ रह रही हैं। जो जैसे तैसे गुजर बसर कर रही हैं। कालोनी को देखें तो अमूमन की हालत जर्जर है। गरीबी दूर से नजर आती है। घरों के आगे डोरी पर फटे पुराने कपड़े टंगे दिखते है। रसोई गैस के इस दौर में आज भी खाना लकड़ी कोयला जलाकर पकता है।
इस तरह की चर्चाएं
कालोनी में रह रहे लोगों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं हैं। यहां रह रहे सुखलाल बताते है कि कोई कह रहा था कि कालोनी को खाली करा कर फिर से धागा मिल शुरू की जाएगी। वहीं किसी ने बताया कि यहां रोडवेज बस स्टैंड बनेगा।
परिवार लेकर कहां जाएं
मिल कर्मचारी रामनारायन की करीब साढ़े पांच साल पहले मृत्यु हो चुकी है। पत्नी अनारा देवी अपनी दो पुत्रवधुओं के साथ रहती हैं। अनारा देवी के मुताबिक उनके दो लड़के हैं। जो प्राइवेट नौकरी करते है। उसी से परिवार की गुजर बसर हो रही है। पति के करीब डेढ़ लाख रुपए बकाया है। मिल जाए तो कहीं और ठिकाना ढूंढ लेंगे।
मजदूरी करके पेट पाल रहे
सावित्री देवी भी अपने अविवाहित पुत्र मुकेश की मजदूरी के सहारे जीवन यापन कर रही हैं। पति वासुदेव का निधन हो चुका है। वह बताती है कि उनके पति का भी करीब एक लाख रुपए का भुगतान नहीं हुआ है। अब ऐसे में यहां से निकल कर बगैर रुपयों के कैसे कोई घर मिलेगा।
गैरेज में बनाया आशियाना
कालोनी में बने एक पुराने गैरेज में वीरावती रहती हैं। उनके मुताबिक ससुर शोभाराम और सास कलावती दोनों की मृत्यु हो चुकी है। पति सुरेंद्र मजदूरी करते हैं। ससुर मिल में कारीगर थे। करीब 3 लाख रुपए का बकाया है। रहने को छत है यहीं सोच कर दिन काट रहे हैं।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

प्रभास की फिल्म 'साहो' का टीजर रिलीज, जबरदस्त एक्शन करते दिखे 'बाहुबली'

  • गुरुवार, 27 अप्रैल 2017
  • +

भारतीय सेना के बेड़े में शामिल होगी टाटा सफारी स्टॉर्म 4x4

  • गुरुवार, 27 अप्रैल 2017
  • +

इन पाक एक्टर्स से सीखिए दाढ़ी रखने का अंदाज, गर्मियों में भी दिखेंगे कूल

  • गुरुवार, 27 अप्रैल 2017
  • +

ये हैं वो 10 डायलॉग्स जिन्होंने विनोद खन्ना को 'अमर' बना दिया

  • गुरुवार, 27 अप्रैल 2017
  • +

देखें, दिलों पर राज करने वाले विनोद खन्ना के ये LOOK

  • गुरुवार, 27 अप्रैल 2017
  • +

Most Read

अंकल पेंट मत करना, पापा दरोगा हैं, इसके बाद सीओ ने क्या किया

Do not paint uncle, Papa is Daroga, what did the CO do after this
  • गुरुवार, 27 अप्रैल 2017
  • +

शहीद की मां का दर्द,‘प्रधानमंत्री से कुछ नहीं होता तो मैं ही कर दूंगी आतंकवादियों का खात्मा’

martyr ayush mother says about pm modi
  • शुक्रवार, 28 अप्रैल 2017
  • +

शहीद कैप्टन के पिता का बड़ा बयान, कहा-'केंद्र सरकार की खराब पॉलिसी की वजह से मरा मेरा बेटा'

big statement of father martyr captain ayush yadav
  • शुक्रवार, 28 अप्रैल 2017
  • +

यूपी डीजीपी का पद छोड़ते वक्त ये ट्वीट कर गए जावीद अहमद, आपने पढ़ा?

javeed ahmed tweets before leaving the post of UP dgp
  • शनिवार, 22 अप्रैल 2017
  • +

योगी सरकार का गरीबों को एक और तोहफा, अब मई से दोगुना मिलेगा...

The Yogi Government's gift to the poor, now it will double in May ...
  • रविवार, 23 अप्रैल 2017
  • +

3 हजार ईंट लेकर पहुंचे मुस्लिम, बोले- बनाओ राममंदिर

muslims reach ayodhya with 3000 bricks for ram temple construction
  • शुक्रवार, 21 अप्रैल 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top