आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

पीने का पानी हद दर्जे तक दूषित

Basti

Updated Mon, 08 Oct 2012 12:00 PM IST
बस्ती। जिले में पीने का पानी हद दर्जे तक दूषित हो चुका है। यह जल निगम की सर्वे रिपोर्ट में उजागर हुआ है। पानी में फ्लोराइड और आयरन की अधिकता से कई घातक बीमारियां हो सकती है। पानी के चलते ही अभी पिछले हफ्ते सुर्ती हट्टा में एक ही परिवार के दो बच्चों की जान चली गई थी। यह घटना सामने आने के बाद जब आंकडे़ तलाशे गए तो भयावह तस्वीर सामने आई।
शहर के होटल ढाबों पर ठीक नाली के ऊपर साधारण हैंडपंप लगे हैं। लोगों को यहां से पीने के लिए पानी दिया जाता हैै। विभाग ऐसे नलों पर लाल निशान लगाकर अपनी जवाबदेही पूरी कर लिया। मगर मौके की हकीकत यह है कि लोग वही पानी पीने को मजबूर हैं। जिला अस्पताल के बाल रोग विशेषज्ञ डॉक्टर एसके गौड़ के मुताबिक बच्चों में पानी के चलते सबसे अधिक बीमारियां हो रही हैं। डायरिया और पीलिया के बहुतायत मरीज दूषित पानी पीने की वजह से प्रभावित हो रहे हैं। फिजीशियन डॉ ए खान का कहना है कि पानी में फ्लोराइड की मात्रा अधिक होने पर मानसिक विकलांगता, हड्डियों का गलना, दांत में पीलापन, गठिया रोग होते हैं। इसके अलावा आयरन की अधिकता लीवर डैमेज करता है। पीलिया का भी खतरा बढ़ जाता है।
इनसेट
सर्वे में आ चुके हैं भयावह आंकडे़
अब बात जिले में लगे सरकारी हैंडपंपों की करें तो वर्ष 2011 में कराए गए सर्वे हकीकत बताने के लिए काफी है। सेंट्रल से आई टीम ने दस ब्लाकों के करीब पांच दर्जन से अधिक गांवों में पानी की जांच की थी। रिपोर्ट में सदर, बनकटी, गौर, साऊंघाट ब्लाक के नौ गांव के हैंडपंपों में फ्लोराइड मानक से अधिक पाए गए थे, जबकि हर्रैया, परशुरामपुर, सल्टौआ, साऊंघाट, रामनगर, बहादुरपुर, रुधौली, विक्रमजोत के गांवों में आयरन अधिक मिला था। वहीं हर्रैया के मझरिया गांव के दो पुरवे और साऊंघाट के कनैली के तीन पुरवों में तो पानी में कई जरूरी तत्वों में अधिकता पाई गई थी।
इनसेट
1200 हैंडपंपोें का इंतजाम
जल निगम के अधीशासी अभियंता पीएस सिंह ने बताया कि पिछले साल प्रभावित करीब पांच दर्जन गांवों में लोगों को पेयजल मुहैया कराने के लिए नये इंडिया मार्क टू हैंडपंप लगाए गए हैं। इनमें ऐसे गांवों को प्राथमिकता दी गई जहां पानी में कम शुद्धता मिली। 600 नया और इतने ही हैंडपंप रिबोर होने थे। इनमें अस्सी फीसदी से अधिक काम हो चुका है।
इनसेट
पेयजल के मानक और अस्वीकार्यता की सीमा
गुण स्वीकार्य अस्वीकार्य सीमा
टर्बिडिटी(गंदलापन)एनटीयू 1 10
पीएच 7.0 से 8.5 9.2
टीडीएस(मिग्रा/लीटर) 500 2000
हार्डनेस(मिग्रा/लीटर) 200 600
क्लोराइड(मिग्रा/लीटर) 1.00 1.5
नाइट्रेट(मिग्रा/लीटर) 45 45
अवशेष क्लोरिन(मिग्रा/लीटर) 0.2 1.0
क्षारीय(मिग्रा/लीटर) 200 600
आर्सेनिक(मिग्रा/लीटर) 0.01 0.05
इनसेट
तीन सदस्यीय टीम करती है सैंपलिंग
पानी की शुद्धता का पता लगाने के लिए तीन सदस्यीय टीम सैंपलिंग करती है। टीम में जल निगम, नगर पालिका और स्वास्थ्य विभाग के सदस्य होते हैं। ये तीन सदस्यीय टीम पानी का टेस्ट अप्रैल माह से शुरू करती है। 2011 की गई सैंपलिंग रिपोर्ट के मुताबिक 236 सैंपलिंग की रिपोर्ट नेगेटिव मिली। इनमें ग्रामीण क्षेत्र के 129 और शहरी क्षेत्र के 107 मामले शामिल हैं।
इनसेट
क्या कहते हैं स्वास्थ्य विभाग के आंकड़े
क्षेत्र कुल सैंपलिंग पॉजीटिव नेगेटिव
ग्रामीण क्षेत्र 575 446 129
शहरी क्षेत्र 858 751 107
इनसेट
शहरी क्षेत्र में यहां मिला था खराब पानी
- करुआ बाबा पुरानी बस्ती में इंडिया मार्क टू हैंडपंप का पानी
- कटेश्वर पार्क गांधी नगर के सामने लगा वाटर स्टैंड पोस्ट का पानी
- हनुमान मंदिर गांधीनगर वाटर स्टैंड पोस्ट का पानी
- जिला अस्पताल के इंडिया मार्क टू हैंडपंप का पानी
चाईपुरवा रेलवे स्टेशन के सामने पुरानी बस्ती का हैंडपंप
चाईपुरवा रेलवे स्टेशन के सामने पुरानी बस्ती का हैंडपंप
इनसेट
दूषित पानी सेहत के लिए खतरनाक
ओपेक हॉस्पिटल के डॉक्टर जीएम शुक्ला के मुताबिक पेयजल में आवश्यक तत्वों की कमी से तमाम तरह की बीमारियां फैलती हैं। डॉक्टरों के मुताबिक बैक्टीरिया, वायरस आदि के सूक्ष्म जीवाणु पेयजल के जरिए बीमारियां फैलाते हैं। इसके चलते पीलिया, हैजा, टाइफाइटड समेत कई रोग होते हैं। आर्थो सर्जन डॉक्टर डीके गुप्ता के मुताबिक फ्लोराइट की मात्रा अधिक होने से हड्डियों में खराबी आ जाती है। वहीं दांत भी पीले हो जाते हैं। जबकि पानी में आयरन की अधिकता का असर सीधे लीवर पर पड़ता है।
इनसेट
पानी की गुणवत्ता की ऐसे करें जांच
वाटर सेफ स्ट्रालाइज्ड विषाणुगत जांच कीट का प्रयोग करके आसानी से पानी गुणवत्ता का पता लगाया जा सकता है। जांच करने से पहले अपने साथ साबुन से अच्छी तरह धो लें। जांच किट की शीशी का ढक्कन खोलें और उसमें लगे निशान तक पानी को सीधे भर दें। इसके ढक्कन लगाकर किसी भी गरम स्थान पर (30 से 37 डिग्री सेंटीग्रेट) 24 से 48 घंटे तक रख दें। अब पानी के रंग में आए बदलाव को देखें।
- अगर पानी का रंग काला या शीशी में काले रंग की तलछट जमा हो जाए तो पानी में हानिकारक सूक्ष्म जीवाणु हो सकते हैं। इस पानी को क्लोरिन या फिर उबाल कर उपचारित करने के बाद ही प्रयोग करें।
- अगर 24 से 48 घंटे के बाद भी शीशी के रंग में कोई बदलाव नहीं आता है तो पानी पीने के लिए उपयुक्त है।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

स्पॉटलाइट

दीपिका पादुकोण को मिला ये खास सम्मान

  • शुक्रवार, 24 मार्च 2017
  • +

लेक्सस ने भारत में लॉन्च की एक साथ तीन कार

  • शुक्रवार, 24 मार्च 2017
  • +

'अंगूरी भाभी' का आरोप, प्रोड्यूसर के पति ने की छेड़छाड़

  • शुक्रवार, 24 मार्च 2017
  • +

आपके बिजनेस को नुकसान से बचाएगा यह उपाय, आजमाकर देखें

  • शुक्रवार, 24 मार्च 2017
  • +

स्मार्टफोन से बेहतरीन फोटो खींचने के लिए जरूर पढ़ें ये टिप्स

  • शुक्रवार, 24 मार्च 2017
  • +

Most Read

सीएम बनते ही याेगी ने लिया बड़ा फैसला, हांफने लगी यूपी की पुलिस

cm yogi adityanath first decision for up police
  • मंगलवार, 21 मार्च 2017
  • +

योगीराज में सूबे की चर्चित जिलाधिकारी बी. चंद्रकला प्रतिनियुक्ति पर पहुंचीं दिल्ली

Yogiraj discussed the District Magistrate B. chandrakala Delhi reached deputation
  • शुक्रवार, 24 मार्च 2017
  • +

सीएम बनते ही सुपर एक्शन में योगी, युवाओं के लिए कर दिया ये बड़ा एेलान

cm yogi adityanath first action for youth
  • बुधवार, 22 मार्च 2017
  • +

कर्जमाफी की आस लगाए बैठे किसानों को लगा ‘जोर का झटका’

farmers are disturb after bank action
  • शुक्रवार, 24 मार्च 2017
  • +

एक्‍शन मोड में योगी सरकार, बनारस के 15 थानों पर नए थानेदार

Yogi Sarkar in action mode, new SHO at 15 locations in varanasi
  • शुक्रवार, 24 मार्च 2017
  • +

CM योगी का नया फरमान, अब नहीं खा पाएंगे ड्यूटी पर गुटखा-पान

latest news related to cm adityanath in lucknow
  • बुधवार, 22 मार्च 2017
  • +
TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top