आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

गंगा किनारे के शहरों में पॉलिथिन करें प्रतिबंधित

Allahabad

Updated Fri, 07 Dec 2012 05:30 AM IST
इलाहाबाद। पॉलिथिन के बढ़ते प्रदूषण पर चिंतित हाईकोर्ट ने पूरे प्रदेश में गंगा के किनारे पर स्थित शहरों में इसे प्रतिबंधित करने के लिए कहा है। न्यायालय ने राज्य सरकार से कहा है कि इस पर विचार कर शीघ्र निर्णय लिया जाए। गंगा प्रदूषण याचिका की सुनवाई कर रही न्यायमूर्ति अशोक भूषण और अरुण टंडन की खंडपीठ ने प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड तथा राज्य सरकार से थार्माकोल के इस्तेमाल पर भी रोक लगाने को कहा। साथ ही संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा ताकि यह पता लगाया जा सके थर्माकोल कितना हानिकारक है।
न्यायालय ने इलाहाबाद में पॉलिथिन पर पूर्ण प्रतिबंध होने के बावजूद प्लास्टिक के ग्लास और थर्माकोल पर रोकथाम न लगाने पर नाराजगी जाहिर की। नगर निगम को निर्देश दिया है कि इस संबंध में आवश्यक कदम उठाया जाए। यह स्पष्ट किया है कि उनके आदेश में मात्र पॉलिथिन बैग पर ही प्रतिबंध नहीं है, अपितु पॉलिथिन पैकिंग, ग्लास और थर्माकोल आदि भी इसके दायरे में हैं। राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता सीबी यादव ने दलील दी कि थर्माकोल कम हानिकारक है इसलिए इसके इस्तेमाल की अनुमति दी जाए।
नक्शा पास होने पर कचहरी में निर्माण पर विचार
कचहरी परिसर का विस्तार करने के लिए जिला जज द्वारा निर्माण की अनुमति मांगे पर हाईकोर्ट ने कहा है कि पहले एडीए द्वारा नक्शा स्वीकृति करा लिया जाए, उसके बाद निर्माण की अनुमति देने पर विचार किया जाएगा। कचहरी परिसर हाईकोर्ट द्वारा गंगा किनारे अधिकतम बाढ़ बिंदु से पांच सौ मीटर की दूरी तक निर्माण न करने के प्रतिबंधित क्षेत्र में आता है। एडीए द्वारा पिलर लगा कर प्रतिबंधित क्षेत्र चिन्हित किया गया है। इस बावत जिला जज ने हाईकोर्ट ने से अनुमति मांगी थी। हालांकि जिला न्यायालय प्रशासन द्वारा निर्माण अभी सिर्फ प्रस्तावित है।
हाई-वे पर डिवाइडर बनाने की अनुमति
हाईकोर्ट ने प्रदेश सरकार द्वारा सड़कों पर डिवाइडर बनाने की अनुमति मांगे जाने पर सशर्त इसकी मंजूरी दे दी है। सरकार की ओर से बताया कि सभी सड़कों को निर्धारित मानक के अनुसार चौड़ा कर दिया गया है। मुख्य राजमार्गों पर डिवाइडर बनाना आवश्यक है। हाईकोर्ट ने कहा कि डिवाइडर बनाने की अनुमति इस शर्त पर दी जा रही है कि इसे बनाने के एक माह के भीतर इन सड़कों पर फुटपाथ भी बनाना होगा। एमजी मार्ग सहित कई सड़कों के डिवाइडर गायब कर देने पर खंडपीठ ने अधिकारियों को आड़े हाथों लिया।
स्टेशन से संगम तक अतिक्रमण हटाएं
रेलवे स्टेशन से संगम तक की सड़क पर से अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया है। जिलाधिकारी और एसएसपी इलाहाबाद को भी निर्देश दिया है कि वह नगर निगम का इस कार्य में सहयोग करें। एमिकस क्यूरी अरुण गुप्ता ने कहा कि नवाब युसूफ रोड, लीडर रोड और ओल्ड जीटी रोड भी मेला प्रभावित क्षेत्र में हैं। इन सड़कों का निर्माण कराने और अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया है। खंडपीठ ने सिविल लाइंस हनुमान मंदिर के पास सड़क की पटरियां और नालों के ऊपर नर्सरियां बनाने पर भी एडीए और नगर निगम की खिंचाई की। निर्देश दिया है कि इन सड़कों से अतिक्रमण हटाकर नाले बहाल किए जाएं।
नाला सफाई के लिए मशीन खरीदने के लिए नगर निगम को दो माह का और समय दिया गया है। निगम ने बताया कि लखनऊ, वाराणसी और कानपुर से तीन मशीनें मंगाई गई हैं। खुद की मशीन खरीदने में वक्त लगेगा। नाला सफाई का काम दो सप्ताह में पूरा करने को कहा है।
गंगा में पानी छोड़ने पर रिपोर्ट मांगी
न्यायालय ने प्रदेश सरकार से कहा है कि वह कुंभ मेले के दौरान गंगा में छोड़े जाने वाले जल पर अपनी रिपोर्ट पेश करे। इस संबंध में उत्तराखंड सरकार से भी वार्ता करने का निर्देश दिया है। रिपोर्ट पेश होने के बाद न्यायालय तय करेगा कि कितना जल छोड़ा जाना आवश्यक है। एमिकस क्यूरी द्वारा अरैल में सच्चा बाबा आश्रम के सामने से संगम में गिर रहे नाले की ओर ध्यान आकर्षित किया गया। कोर्ट ने इस प्रकार के सभी नालों को मेला क्षेत्र से दूर मोड़ने का निर्देश दिया है। यह भी कहा है कि कुंभ मेला क्षेत्र में उत्सर्जित होने वाला सीवेज और गंदा पानी किसी भी हालत में गंगा में नहीं जाना चाहिए। मेलाअधिकारी इस संबंध में योजना तैयार करें।
क्रिया योग मामले में एडीए को फटकार
क्रिया योग संस्थान द्वारा प्रतिबंध के बावजूद गंगा के पेटे में निर्माण किए जाने की शिकायत पर एडीए को फटकार लगाई है। एडीए की ओर से बताया गया निर्माण ढहा दिया गया था। इसके बाद पुन: निर्माण किया गया जिसे गिरा दिया जाएगा।
दुर्गा प्रतिमा विसर्जन हेतु तालाब बनाने पर प्रदेश सरकार की ओर से रिपोर्ट पेश की गई। बताया गया कि करछना के पास चाका ब्लाक के नजदीक दो हेक्टेयर भूमि चिन्हित की गई है। विसर्जन के लिए यहां तालाब बनाया जा सकता है। कोर्ट ने डीएम इलाहाबाद से इस पर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

ganges shore towns

स्पॉटलाइट

रेखा ही नहीं उनकी सौतेली बहनें भी हैं दुनियाभर में मशहूर, जानिए उनके बारे में

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

B'Day Spl: सरेआम SRK से पिट चुके हैं शिरीष कुंदर, 8 साल बड़ी फराह से शादी से पहले बनाते थे मोबाइल

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

नाखून चबाने की लत को छूमंतर कर देगें ये टिप्स

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

बॉडी बिल्डिंग में पनीर से भी ज्यादा फायदेमंद ये फूड, होगा चमत्कारी असर

  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

रोमांस के मामले में चंचल होती हैं इस राशि की लड़कियां, जानिए दूसरी राशियों के बारे में सब कुछ

  • मंगलवार, 23 मई 2017
  • +

Most Read

MCD उपचुनावः भाजपा का नहीं खुला खाता, आप को मिली जीत

mcd bypoll on 2 seats: know results here as aap won a seat
  • मंगलवार, 23 मई 2017
  • +

अल्पसंख्यकों का कोटा खत्म करने की बातें आधारहीन: यूपी सरकार

 UP govt to end minority quota
  • मंगलवार, 23 मई 2017
  • +

ED का शिकंजा, मीसा भारती का CA गिरफ्तार

ED arrested Misa Bharti's chartered accountant Rajesh Agarwal in money trail scam
  • मंगलवार, 23 मई 2017
  • +

पति के शरीर से आती है बदबू, नहीं रहना साथ, थाने पहुंची पत्नी

smell comes from Husband body not staying with him
  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

11 सुरक्षाकर्म‌ियों से घ‌िरे रहेंगे श‌िवपाल, योगी सरकार ने दी जेड श्रेणी सुरक्षा

 shivpal and suresh khanna gets z security
  • मंगलवार, 23 मई 2017
  • +

छेदीलाल की मौत की वजह बनी ‘लघुशंका’

chhedilal death reason is laghushanka
  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +
Live-TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top