आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

नेट-जेआरएफ में शहरियों को भारी सफलता

Allahabad

Updated Wed, 19 Sep 2012 12:00 PM IST
इलाहाबाद। यूजीसी-नेट जून-2012 में संगम के मेधावियों ने जबरदस्त सफलता हासिल की है। देश भर में सफल होने वाले कुल प्रतियोगियों में 15 फीसदी यहीं के हैं, जबकि पूर्व की परीक्षाओं में यह आंकड़ा पांच फीसदी से भी कम होता था। जूनियर रिसर्च फेलोशिप (जेआरएफ) के लिए भी यहां के मेधावियों ने पहले के सभी रिकार्ड तोड़ दिए हैं। यूजीसी ने सोमवार को रिजल्ट घोषित कर दिया, जिसमें परीक्षा के प्रारूप में बदलाव का साफ असर दिखाई दिया।
पूर्व के वर्षों में जहां 10 से 12 हजार अभ्यर्थी नेशनल इलिजिबिलिटी टेस्ट (नेट) क्वालीफाई कर पाते थे, जबकि इस बार 40332 ने सफलता हासिल की है। इनमें से 4347 इलाहाबाद केंद्र के हैं। पिछले तीन साल का रिकार्ड देखें तो अभी तक जून-2009 की परीक्षा में 381 अभ्यर्थी नेट हुए थे। जेआरएफ में भी यहां के रिकार्ड 580 परीक्षार्थी सफल हुए हैं। अकेले हिन्दू छात्रावास के शान्तनू, मनमोहन सिंह, पंकज कुमार, सनी सिंह, विपिन कुमार, आनंद सिंह, अखिलेश यादव, अतुल यादव, शैलेश पांडेय, प्रदीप त्रिपाठी, सुभाष कुमार, राहुल, बृजेश यादव समेत 30 से अधिक छात्र जेआरएफ और नेट हुए हैं। यही हाल अन्य छात्रावासों में भी है।
नेट में रिकार्ड रिजल्ट के पीछे परीक्षा प्रारूप में बदलाव को कारण माना जा रहा है। इस परीक्षा से तृतीय प्रश्नपत्र भी वस्तुनिष्ठ आधारित हो गया था। इस निर्णय के बाद से ही अच्छी सफलता की उम्मीद की जा रही थी। इसकी वजह से इस बार अभ्यर्थियों की संख्या भी दोगुने से अधिक हो गई थी। इसके अलावा पेपर भी अपेक्षाकृत आसान आया था। इस रिकार्ड रिजल्ट के मद्देनजर छात्रावासों तथा विश्वविद्यालय के आसपास के इलाकों में जश्न और उत्साह का माहौल रहा।
संगम के मेधावियों ने जेआरएफ में सफलता के सभी रिकार्ड तोड़ दिए हैं। पूरे देश में पूर्व की तरह इस बार भी 3625 अभ्यर्थियों को जेआरएफ के लिए क्वालीफाई कराया गया है। इनमें से यहां के 580 अभ्यर्थी सफल हुए हैं। इससे पहले दिसंबर-2009 की परीक्षा में सबसे अधिक 129 अभ्यर्थी सफल हुए थे।
हालांकि नेट और जेआरएफ में इतनी बड़ी सफलता के बाद यह भी सवाल उठने लगा है कि ये लोग आखिर जाएंगे कहां। विश्वविद्यालय में शिक्षकों की कमी के कारण डीफिल कोर्स में प्रवेश के लिए पहले से ही सैकड़ों जेआरएफ भटक रहे हैं। नेट की तो गिनती ही नहीं है। ऐसे में यह सफलता विश्वविद्यालय के लिए भी एक बड़ी चुनौती है।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

net-jrf shahriyon

स्पॉटलाइट

विक्रम भट्ट ने किया कबूल, सुष्मिता सेन से अफेयर के चलते पत्नी ने छोड़ा

  • रविवार, 30 अप्रैल 2017
  • +

कैटरीना ने दीपिका से पहले छीना ब्वॉयफ्रेंड और अब लाइमलाइट, आखिर क्यों ?

  • रविवार, 30 अप्रैल 2017
  • +

पांच ऐसे स्मार्टफोन, कीमत 5000 रुपये से कम लेकिन 4जी का है दम

  • रविवार, 30 अप्रैल 2017
  • +

'ट्यूबलाइट' का नया पोस्टर, सलमान के साथ खड़ा ये शख्स कौन?

  • रविवार, 30 अप्रैल 2017
  • +

आमिर, सलमान और शाहरुख को 'बाहुबली 2' से लेने चाहिए ये 5 सबक

  • रविवार, 30 अप्रैल 2017
  • +

Most Read

अखिलेश के बर्ताव से शहीद के परिजन नाराज, सपा समर्थकों की नारेबाजी से आक्रोश

akhilesh behavior displeases family of martyr
  • सोमवार, 1 मई 2017
  • +

योगी सरकार का एक और सख्त फैसला, नोट‌िस बोर्ड पर लगेगी टीचर्स की फोटो

government officers pic will be placed on   noticeboard to ensure attenence
  • शनिवार, 29 अप्रैल 2017
  • +

अब SP की फ्रायरब्रांड प्रवक्ता ने दिया इस्तीफा

pankhuri pathak resign from samajwadi party
  • रविवार, 30 अप्रैल 2017
  • +

अंकल पेंट मत करना, पापा दरोगा हैं, इसके बाद सीओ ने क्या किया

Do not paint uncle, Papa is Daroga, what did the CO do after this
  • गुरुवार, 27 अप्रैल 2017
  • +

शहीद कैप्टन के घर पहुंचे अख‌िलेश, बोले- 'अपनी ताकत का एहसास कराए सरकार'

martyr captain's body will come today
  • शनिवार, 29 अप्रैल 2017
  • +

योगी की चेतावनी- 9 से 6 ऑफिस में ही दिखें, कभी भी बज सकता है फोन

press con of minister shrikant sharma
  • शुक्रवार, 28 अप्रैल 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top