आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

नगरदेव वेणीमाधव, नागवासुकि भी नजरअंदाज

Allahabad

Updated Tue, 28 Aug 2012 12:00 PM IST
दारागंज की दुर्दशा
----------------------------------------
आस्था के इन स्थलों पर कुंभ के दौरान पहुंचते हैं करोड़ों श्रद्धालु
प्रयाग के माधवों के क्षेत्र के तौर पर इसकी पहचान लेकिन सोया है पर्यटन विभाग
सड़कें बदहाल, जरा सी बारिश में कीचड़, सफाई और सुरक्षा के भी इंतजाम नहीं
इलाहाबाद। महाकुंभ के मद्देनजर भले ही संगम की रेती और शहर की सूरत बदल रही हो पर मुख्य ‘कुंभ क्षेत्र’ दारागंज में आस्था के स्थलों की अनदेखी हो रही है। श्रद्धालुओं के बीच माधवक्षेत्र के तौर पर मशहूर नागावासुकि मंदिर तथा वेणी माधव मंदिर में कुंभ के दौरान भारी भीड़ होती है। कुंभ क्षेत्र में स्थित इन दोनों मंदिरों में देश विदेश के करोड़ों श्रद्धालु दर्शन को पहुंचते हैं। अबकी सरकार ने ऐसे सभी स्थलों के विकास को करोड़ों रुपये का बजट जारी किया है लेकिन इन स्थलों पर विभाग की नजर नहीं है। न पर्यटन विभाग, न ही मेला प्रशासन ने इन मंदिरों की ओर रत्ती भर ध्यान दिया है। तीर्थ पुरोहित और दारागंज के लोग इस अनदेखी से बेहद नाराज हैं।
----इंसेट-----
मान्यता: दर्शन बिना प्रयाग की यात्रा अधूरी
वेणी माधव नगर देव हैं तो नागवासुकि असि माधव का क्षेत्र है। संगम में डुबकी लगाने के लिए आने वाले श्रद्धालु द्वादश माधवों के दर्शन के क्रम में इन माधव मंदिरों के दर्शन के लिए जरूर पहुंचते हैं। मान्यता है कि इनके दर्शन के बिना तीर्थराज प्रयाग की यात्रा अपूर्ण है। विकास तो दूर पर्यटन विभाग की ओर से इन मंदिरों का रास्ता बताने को दारागंज क्षेत्र में भी कोई बोर्ड तक नहीं लगाया गया है, जिससे श्रद्धालु अक्सर भटकते हैं।
----इंसेट-----
मंदिरों तक पहुंचना मुश्किल
नागवासुकि की ओर जाने वाले डॉ.प्रभात शास्त्री मार्ग, कच्ची सड़क और वेणी माधव मंदिर की ओर जाने वाले निराला मार्ग पर जगह-जगह गड्ढे होने से इन पर पैदल चलना मुश्किल है। इन्हें जोड़ने वाली पंडित ठाकुर प्रसाद वैद्य गली की दशा सबसे ज्यादा खराब है। क्षेत्र के निवासी धर्मराज पांडेय हालात से निराश हैं। कहा कि इन पर चलने वाले अक्सर चुटहिल होते हैं। मंदिरों के इर्द-गिर्द बिजली, पानी, सफाई और सुरक्षा नहीं होने से प्रयाग की पंचकोसी परिक्रमा के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा।
----इंसेट-----
सीढ़ियों पर सोए थे दयानंद
इस प्राचीन मंदिर की सीढ़ियों पर महर्षि दयानंद सरस्वती ने फरवरी 1870 के जाड़े में कई रातें काटी थीं। इसीलिए आर्यसमाज के लोगों के लिए भी यह स्थान महत्वपूर्ण है।
----इंसेट-----
नागवासुकि के शीर्ष पर उगे पौधे
प्राचीन नागवासुकि मंदिर की ओर से पर्यटन विभाग आंखें मूंदे है। मंदिर के शीर्ष पर जहां पीपल, बरगद, वहीं गेट पर चिलबिला, नीम के पौधे उग आए हैं, जिसके कारण इसकी छत के दरकने का खतरा बना हुआ है। मंदिर की बहिर्वेदी में जगह-जगह दीवारों में दरार आ गई है। गर्भगृह और बहिर्वेदी के पत्थरों पर केमिकल वॉश, पॉलिश की जरूरत है। मंदिर के पूर्व की ओर दोनों सीढ़ियों पर लगा चैनल भी वर्षों से खराब है, जिसके लिए कई बार चेताया गया, पर अब तक नहीं बन सका है।
----इंसेट-----
परिसर की लाइटें बुझीं
मंदिर के भीतर की दोनों सोडियम लाइट वर्षों से खराब पड़ी है, मंदिर की ओर आने वाले रास्ते पर भी जगह-जगह अंधेरा है। मंदिर में पीने के पानी के लिए कोई टैंक नहीं है। मेले के दौरान यहां सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त कराए जाने की भी दरकार है ताकि श्रद्धालुओं के साथ कोई अनहोनी न हो सके।
----इंसेट-----
जर्जर हालत में यात्री शेड
मंदिर परिसर में बना दशकों पुराना यात्री शेड जर्जर है। यहां नए यात्री शेड के लिए विभाग की ओर से योजना तैयार की गई थी, पर बाद में इसे निरस्त कर दिया गया। ऐसे में यहां आकर ठहरने वालों के लिए सिर्फ एक ही यात्री शेड बचा है।
----इंसेट-----
वेणी माधव मंदिर सड़क पर गड्ढे
प्रयाग के नगर देव वेणीमाधव के मंदिर की ओर भी पर्यटन विभाग की नजर नहीं गई है। प्रधान पुजारी ओंकार देव गिरि जी का कहना है, सामान्य दिनों में भी यहां दर्शन को दूरदराज से यात्री आते हैं, पर संकरा और खराब मार्ग होने से वे अक्सर चुटहिल होते हैं। मंदिर के पास आवारा पशुओं का भी जमावड़ा होने से यात्रियों को परेशानी होती है। मंदिर के पास कोई रैनबसेरा भी नहीं है, जिससे यहां आने वाले कुछ देर विश्राम कर सकें।
----इंसेट-----
अब से पहले पर्यटन विभाग की ओर से मंदिर के लिए निर्माण कार्य कराए गए थे, पर अबकी महाकुंभ होने के बावजूद इसकी अनदेखी समझ से परे है। यह सिर्फ मंदिर ही नहीं श्रद्धालुओं के साथ भी भेदभाव है।
-पंडित श्यामधर त्रिपाठी
-प्रधान पुजारी, नागवासुकि मंदिर
----इंसेट-----
वेणी माधव और नागवासुकि मंदिर, माधवों के क्षेत्र हैं, कुंभ मेले के दौरान भी इनकी ओर ध्यान नहीं दिया गया तो अन्याय होगा। मंदिरों के इर्द-गिर्द और इनकी ओर आने वाले रास्ते बदहाल हैं। यहां सफाई, सुरक्षा की व्यवस्था भी जरूरी है।
-पदुमनारायण शोकहा
-वेणी माधव मंदिर मार्ग, दारागंज
----इंसेट-----
माधवों के दोनों मंदिरों की ओर जाने वाले मार्ग दुर्दशाग्रस्त तो हैं ही, इनके लिए कोई मार्ग निर्देशक भी नहीं लगाया गया है जिससे वहां जाने वालों को भटकना पड़ता है। मंदिरों की ओर जाने वाले रास्तों की शुरुआत में बोर्ड या प्रवेश द्वार बनाए जाने चाहिए।
-सालिक राम पांडेय
-मोरी मार्ग, दारागंज
----इंसेट-----
पंचकोसी परिक्रमा में शामिल नागवासुकि और वेणी माधव मंदिरों की ओर जाने वाले रास्ते की दुर्दशा है। यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं, सो इनके इर्द-गिर्द भी बिजली, पानी, सफाई और सुरक्षा की समुचित व्यवस्था की जानी चाहिए।
-अभिषेक दुबे
-निराला मार्ग, दारागंज
----इंसेट-----
‘कुंभ क्षेत्र के प्रमुख मंदिरों के लिए कार्ययोजना तैयार की गई थी, पर ट्रस्ट के नियंत्रण के कारण सरकारी धन से इन मंदिरों में विकास कार्य नहीं कराया जा सकता है। जिला योजना में अनुमोदन मिला तो नागवासुकि मंदिर में कुछ कार्य कराए जाएंगे।’
-अमित कुमार
-क्षेत्रीय पर्यटन अधिकारी
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

nagradev venimadhav

स्पॉटलाइट

लिपिस्टिक या लिप बाम नहीं, ये खास MASK अब होठों को बनाएगा खूबसूरत

  • शुक्रवार, 18 अगस्त 2017
  • +

कभी नौकरानी का काम करती थी ये हीरोइन, 1500 से ज्यादा फिल्में कर बनाया था गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड

  • शुक्रवार, 18 अगस्त 2017
  • +

15 लड़कों ने एक गधे के साथ कर डाला ऐसा काम, खुद की जान पर आ गई आफत

  • शुक्रवार, 18 अगस्त 2017
  • +

क्या आप किसी दूसरे के ईयरफोन का इस्तेमाल करते हैं तो आपको भी हो जाएगी ये अजीब बीमारी

  • शुक्रवार, 18 अगस्त 2017
  • +

14 की उम्र में 15 साल की लड़की से दारा सिंह ने की थी शादी, B ग्रेड फिल्मों के लिए लेते थे मोटी फीस

  • शुक्रवार, 18 अगस्त 2017
  • +

Most Read

42 साल से नहीं नहाया, लिंग काटकर बना ‘अघोरी बाबा’ और अब रहस्यमय मौत से सब हैरान

mysterious death of aghori
  • शुक्रवार, 18 अगस्त 2017
  • +

बिहार में बाढ़ की तबाही, अबतक 72 की मौत, 73 लाख प्रभावित

worst situation in bihar because of flood, death toll rise over 72
  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

इलाहाबाद HC ने यूपी सरकार से कहा- गोरखपुर हादसे के असली कारणों का खुलासा करें

High Court ask Yogi Government to specify cause of child deaths in Gorakhpur BRD Medical College
  • शुक्रवार, 18 अगस्त 2017
  • +

टेरर फंडिंग: NIA ने कश्मीरी कारोबारी जहूर वटाली को किया गिरफ्तार

nia arrested Kashmiri businessman in Terror funding case
  • गुरुवार, 17 अगस्त 2017
  • +

सर्पदंश के बाद पत्नी को ले गया तांत्रिक के पास, उसने कर डाला ऐसा काम क‌ि अब पछता रहा

woman dies due to snake bite in almora
  • शुक्रवार, 18 अगस्त 2017
  • +

बिहारः सुसाइड करने वाले बक्सर डीएम के ससुर ने 72 घंटे बाद खोला राज

My daughter is not at fault says Father-in-law of DM Buxar
  • शनिवार, 12 अगस्त 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!