आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

केजीएमयू के बाल रोग विभाग का ऑक्सीजन प्लांट फेल

Lucknow

Updated Sun, 18 Nov 2012 12:00 PM IST
लखनऊ। केजीएमयू के बाल रोग विभाग का ऑक्सीजन प्लांट बुधवार रात अचानक फेल हो गया। इससे नियो नेटल आईसीयू और पीडियाट्रिक आईसीयू में हड़कंप मच गया। रेजीडेंट डॉक्टरों ने विभाग के वरिष्ठ चिकित्सकों को इसकी सूचना दी। लगभग पांच घंटे की मशक्कत के बाद आधी रात तक एक कम्प्रेशर की मरम्मत कर ऑक्सीजन की आपूर्ति सामान्य की गई। उधर, मामले को गुपचुप ढंग से प्रशासन ने रफा-दफा कर दिया और गड़बड़ी के लिए दोषियों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे पहले वर्ष 2011 में अचानक ऑक्सीजन प्लांट फेल हुआ था। उस दौरान भी कम्प्रेशर में ही दिक्कतें आई थीं और एनआईसीयू-पीआईसीयू में ऑक्सीजन की आपूर्ति ठप हो गई थी। इसके बावजूद प्रशासन की ओर से पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए। बाल रोग विभाग के नियोनेटल आईसीयू, पीडियाट्रिक आईसीयू और हाई डिपेंडेंसी वार्ड में केंद्रीयकृत ऑक्सीजन आपूूर्ति की जाती है। इसके लिए सेंट्रल ऑक्सीजन प्लांट में दो कम्प्रेशर लगे हैं, जिससे सिलेंडर से ऑक्सीजन को वार्ड तक प्रेशर बनाकर भेजा जाता है। बताया जा रहा है कि बुधवार शाम करीब पांच बजे एक कम्प्रेशर खराब हो गया, जबकि एक कम्प्रेशर पहले से ही खराब पड़ा था। इसके बाद एनआईसीयू, पीआईसीयू और एचडीयू में ऑक्सीजन की आपूर्ति रुक गई। अचानक आए इस संकट से सभी जगह हड़कंप मच गया। बाल रोग विभाग में नवजात बच्चों के साथ मौजूद उनके तीमारदार परेशान हो उठे। ऑक्सीजन प्लांट पर भी तीमारदारों की भीड़ जुट गई। रेजीडेंट डॉक्टरों ने तत्काल इसकी सूचना विभागाध्यक्ष सहित अन्य चिकित्सकों को दी। काफी मशक्कत के बाद रात करीब 12:30 बजे कम्प्रेशर को ठीक किया जा सका। इसके बाद ही ऑक्सीजन की आपूर्ति सामान्य हो पाई। बताया जा रहा है लंबे समय से मेंटेनेंस न होने के कारण कम्प्रेशर खराब हुआ। इसके रिंग, पिस्टन, ब्लॉक आदि खराब हो गए थे। हालांकि रख-रखाव में ढिलाई पर भी प्रशासन का रवैया सख्त नहीं है और गड़बड़ी के जिम्मेदारों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। उधर, केजीएमयू के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. जेडी रावत का कहना है कि दो कम्प्रेशर में से एक खराब हुआ था, लेकिन इससे बहुत दिक्कत नहीं हुई। अब नए कम्प्रेशर लगाए जाएंगे।
2001 में हुआ था बड़ा हादसा ः वर्ष 2001 में ऑक्सीजन प्लांट में गड़बड़ी के चलते बाल रोग विभाग में 20 से अधिक बच्चों की मौत हो गई थी। इस हादसे के बावजूद चिविवि प्रशासन ऑक्सीजन प्लांट के रख-रखाव में लापरवाही बरतता रहा है। इसके बाद 17 अगस्त 2011 को अचानक कम्प्रेशर ठप हो गए थे। इस घटना के करीब 15 महीने बाद एक बार फिर वैसी ही घटना हो गई।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

सीधे इंटरव्यू के जरिए डॉक्टरों की नियुक्ति, जल्द करें अप्लाई

  • बुधवार, 29 मार्च 2017
  • +

रंग को लेकर पति से हुई तुलना को यूं भड़क उठी ये एक्ट्रेस

  • बुधवार, 29 मार्च 2017
  • +

चैत्र नवरात्र को यादगार बना देंगे ये Free ऐप

  • बुधवार, 29 मार्च 2017
  • +

पीजी या फ्लैट में रहते हैं, जानें इन जरूरी बातों को

  • बुधवार, 29 मार्च 2017
  • +

डबिंग में अपने ही रेप सीन को देख हलकान हो गई ये हीरोइन, रोने लगी ज़ार ज़ार

  • बुधवार, 29 मार्च 2017
  • +

Most Read

योगी सरकार के इस ऑर्डर ने उड़ाये ‘गुरुओं के होश’

yogi government orders surprised teacher
  • बुधवार, 29 मार्च 2017
  • +

छात्रा बनकर थाने पहुंचीं सीओ ने दी तहरीर, मुंशी ने दर्ज नहीं की रिपोर्ट    

CO Vandana Sharma
  • सोमवार, 27 मार्च 2017
  • +

योगीराज में सूबे की चर्चित जिलाधिकारी बी. चंद्रकला प्रतिनियुक्ति पर पहुंचीं दिल्ली

Yogiraj discussed the District Magistrate B. chandrakala Delhi reached deputation
  • मंगलवार, 28 मार्च 2017
  • +

ग्रेटर नोएडा में केन्याई लड़की को कैब से उतारकर पीटा

nigerian girl took out of auto and brutally beaten in greater noida
  • बुधवार, 29 मार्च 2017
  • +

यूपी में अवैध कत्लखाने बंद करने पर बोले बाबा रामदेव, जानें- क्या कहा

 baba ramdev on illigal slaughter houses.
  • बुधवार, 29 मार्च 2017
  • +

तीन तलाक के विरोध में हिंदू लड़के से किया विवाह

Jodhpur: Muslim Girl Marriage With Hindu Boy
  • मंगलवार, 28 मार्च 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top