आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

शोध छात्रों पर संस्थानों की नजरें इनायत

Lucknow

Updated Wed, 13 Jun 2012 12:00 PM IST
लखनऊ। कला संवर्ग के विषयों में शोध करने वाले छात्रों के लिए अच्छी खबर है। शोध संस्थानों ने फैलोशिप की राशि दो गुना से पांच गुना तक बढ़ा दी है। इसमें इंडियन काउंसिल ऑफ हिस्टोरिकल रिसर्च, इंडियन काउंसिल आफ फिलॉस्पिकल रिसर्च तथा इंडियन काउंसिल ऑफ सोशल साइंसेज रिसर्च शामिल हैं। इन संस्थानों की फैलोशिप की धनराशि का 2001 के बाद रिवीजन किया गया है। जूनियर फैलोशिप 6000 से 16000 रुपये जबकि सीनियर फैलोशिप 8000 से 40000 रुपये प्रति माह कर दी गई है।
इतिहास लेखन की वैज्ञानिक प्रवृत्ति को बढ़ावा देने तथा राष्ट्रीय एवं सांस्कृतिक सभ्यता की सही सूचना एवं जानकारी के शोध एवं लेखन को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से भारतीय इतिहास अनुसंधान परिषद (आईसीएचआर) इस विषय के शोध छात्रों को फैलोशिप प्रदान करती है। ऐसे ही सोशल साइंसेज के क्षेत्र में शोध को बढ़ावा देने के लिए भारतीय सामाजिक विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएसएसआर) तथा दर्शन में शोध के नए आयामों पर काम के लिए भारतीय दर्शन अनुसंधान परिषद (आईसीपीआर) द्वारा भी फैलोशिप प्रदान की जाती है। यह फैलोेशिप चार श्रेणियों में विभाजित है। वर्ष 2001 के बाद अब इस फैलोशिप का रिवीजन नहीं किया गया था। केंद्र सरकार ने न केवल फैलोशिप बल्कि इन शोध संस्थानों की प्रासंगिकता पर समीक्षा के लिए समितियां गठित की थी। इसके रिपोर्ट के आधार पर कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। इस कड़ी में सबसे खास बात शोध फैलोशिप के आकार में भारी भरकम वृद्घि है।
इन संस्थानों द्वारा दी जाने वाली जूनियर फैलोशिप नॉन-नेट के लिए 5000 रुपये प्रति माह तथा 12000 रुपये प्रति वर्ष कंटीजेंसी थी। जबकि कंटीजेंसी के साथ नेट अभ्यर्थी को 6000 रुपये फैलोशिप प्रति माह मिलती थी। इसे ढाई से तीन गुना बढ़ा दिया गया है जबकि कंटीजेंसी भी बढ़ाकर 15000 रुपये कर दी गई है। इसी तरह जनरल फैलोशिप भी चार गुना से अधिक बढ़ा दी गई है जबकि इसके साथ मिलने वाली वार्षिक कंटीजेंसी बढ़ाकर 12,000 से 20,000 हजार रुपये कर दी गई है। सबसे अधिक फायदा सीनियर फैलोशिप पाने वालों को होगा। इसकी मासिक धनराशि पांच गुना बढ़ाई गई है जबकि वार्षिक कंटीजेंसी 36000 से 40000 कर दी गई है। नेशनल फैलोशिप भी दोगुनी से अधिक बढ़ाई गई है। वहीं, इसकी कंटीजेंसी भी बढ़ाकर 50,000 से 60,000 रुपये कर दी गई है। फैलोशिप की अवधि दो वर्ष होगी जबकि विशेष परिस्थितियों में इसे एक वर्ष के लिए बढ़ाया जा सकेगा। खास बात यह है कि केंद्रीय कर्मियों के डीए में होने वाली बढ़ोतरी के साथ ही हर बार फैलोशिप भी स्वत: रिवाइज होती रहेगी। फैलोशिप की नई दर इस महीने से लागू कर दी गई है जबकि डीए के हिसाब से होने वाली बढ़ोतरी के लिए भी यह महीना बेस ईयर के रूप में देखा जाएगा।

किसकी कितनी बढ़ी छात्रवृत्ति
फैलोशिप पहले (प्रति माह) अब (प्रति माह)
जूनियर फैलोशिप 5000 16000
जनरल फैलोशिप 6000 28000
सीनियर फैलोशिप 8000 40000
नेशनल फैलोशिप 25000 55000
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

institutions eyes

स्पॉटलाइट

Bdy Spcl: हमेशा विवादों में रहीं रिया सेन- कभी सेट से चुराए कपड़े तो कभी खुद लीक कराया अपना MMS

  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

ऋतिक की पार्टी में पहुंची एक्स वाइफ सुजैन, 'काबिल' देखकर पति को भर लिया बाहों में

  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

हर लड़के के लिए ये 6 काम है जरूरी, तभी खुश रहेगी गर्लफ्रेंड

  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

काबिल ऋतिक की 8 नाकाबिल फिल्में, हो गई थी फ्लॉप

  • मंगलवार, 24 जनवरी 2017
  • +

अमिताभ नहीं अब ये हीरो करेगा 'केबीसी' को होस्ट

  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

Most Read

पाकिस्तान से रिहा सैनिक चंदू भारत में ‘कैद’

Indian soldier Chandu Babulal Chavan
  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

राष्ट्रपति ने 4 की फांसी की सजा को उम्रकैद में बदला

President sets aside MHA advice, commutes death of 4 to life term
  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

शिवपाल समर्थकों ने बनाया नया संगठन, नाम जानकर हो जाएंगे हैरान

shivpal supporters created new organization
  • शनिवार, 21 जनवरी 2017
  • +

अखिलेश की सूची में कुछ नाम बदले, कुछ निरस्त, यहां देखें

correction in akhilesh yadav list
  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

बोले राजा भइया- नहीं है गठबंधन की जरूरत, अकेले ही जीत लेंगे चुनाव

there is no need of alliance with congress
  • शुक्रवार, 20 जनवरी 2017
  • +

बीजेपी को झटका, पूर्व विधायक ने थामा अखिलेश का हाथ

shiv singh chak joins samajwadi party
  • बुधवार, 18 जनवरी 2017
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top