आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

राजस्थान

जीवन निर्भरता और आत्म -निर्भरता का संयोग है

नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क

Updated Sat, 20 Oct 2012 12:49 PM IST
sri sri ravi shankar pravachan life is combination of dependency and self dependence
जीवन में सम्पूर्ण आत्म निर्भरता जैसा कुछ नहीं है। इसे भूल जाओ। यदि आप सोचते हो कि मैं पूर्ण रूप से आत्मनिर्भर हो जाऊं तो ऐसा नहीं होगा। 15, 16 या 17 साल की आयु तक आप आत्मनिर्भर नहीं थे। आप आश्रित ही पैदा हुए थे। आप अपने आप उठ भी नहीं सकते थे, और कोई और आपको उठाता था। कोई आपके डायपर बदलता था।
कोई आपको नहलाता था। कोई खिलाता था। कोई सुलाता था। आप एक आश्रित ही पैदा हुए थे और अंत में भी आश्रित ही रहोगे। जब आपकी मृत्यु हो जाती है तो आप अपने शरीर को अपने आप नहीं जला या दफना सकते। जब आप बीमार होते हो किसी को आपका ध्यान रखना होता है। आप अपने डाक्टर नहीं बन सकते। 50-60 वर्ष की आयु के बाद यह बिलकुल स्पष्ट हो जाता है कि आप किसी पर निभर होते हो।

किसी हद तक आप नहीं कह सकते कि, "मैं पूरी तरह से आत्म निर्भर हूँ"। आपको किसी ना किसी की सहायता लेनी ही पड़ती है। अच्छा, फिर यह भी धारणा है कि आप पैसे से आत्मनिर्भर बनते हो। हमें अपनी ज़रुरत पूरा करने के लिए कुछ पैसा चाहिए, पर मान लो कोई भी आपके लिए कार्य करना न चाहे, तो आपका क्या होगा? आपकी धारणा गलत है कि पैसा आपको आत्मनिर्भर बनाता है।

पर इसके साथ साथ आप अपने आप को आत्मनिर्भर मान सकते हो, आप अपने कार्यों के लिए स्वतंत्र हो, आप अपनी भावनायों को नियंत्रित करने के लिए मुक्त हो, यदि आप अच्छा महसूस करना चाहते हो तो यह आपके अपने हाथ में हैं। यदि आप अच्छा महसूस नहीं करना चाहते तो यह भी आपके अपने हाथों में हैं।

आपको अष्टवक्र गीता सुननी चाहिए। जीवन निर्भरता और आत्म -निर्भरता का संयोग है। यदि आप दयालु होना चाहते हो, तो आपको पूरी स्वतंत्रता है ऐसा बनने की। यदि आप चाहते हो आपका शिष्टाचार अच्छा हो,आप मीठे बोल बोलो तो यह पूर्ण रूप से आपके उपर निर्भर करता है। आप सोच सकते हो वित्तीय रूप से आप स्वतंत्र हो परन्तु मैं आपको बता देना चाहूँगा यदि आप अपने मित्रों, परिवारजनों यां और भी किसी के अपमानजनक शब्द सहन कर लेते हो तो आप स्वतंत्र हो।

यदि आपको कोई दोष देता है और आपके लिए बुरा भला कहता है, आप इसे किस तरह से लेते हो यही निर्धारित करता है कि आप कितने स्वतंत्र हो। यदि आप वास्तव में मुक्त हो तो कोई भी आपको परेशान नहीं कर सकता। आप उत्साह से, द्रष्टा बन कर और मुस्कान के साथ आगे बढ़ सकते हो।

  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

ऋतिक की पार्टी में पहुंची एक्स वाइफ सुजैन, 'काबिल' देखकर पति को भर लिया बाहों में

  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

हर लड़के के लिए ये 6 काम है जरूरी, तभी खुश रहेगी गर्लफ्रेंड

  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

काबिल ऋतिक की 8 नाकाबिल फिल्में, हो गई थी फ्लॉप

  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

अमिताभ नहीं अब ये हीरो करेगा 'केबीसी' को होस्ट

  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

वीवो का V5 प्लस भारत में लॉन्च, फ्रंट में लगे हैं दो कैमरे

  • सोमवार, 23 जनवरी 2017
  • +

Most Read

इसे आजमाकर देख‌िए ज‌िंदगी में कभी दुख और तकलीफ से परेशान नहीं होंगे

mantra of happiness in life
  • गुरुवार, 8 सितंबर 2016
  • +

वनवास से लौटने के बाद भगवान श्री राम ने कैकई को समझाया यह गहरा रहस्य

anand ramayan story of ram
  • बुधवार, 20 जुलाई 2016
  • +

भारत के एक फकीर ने ऐसे स‌िकंदर का अभ‌िमान क‌िया चूर

moral story what happen when alexander came in india
  • गुरुवार, 8 सितंबर 2016
  • +

बंदर की करतूत पढ़कर खूब हंसेंगे और आप ताक-झांक करना बंद कर देंगे

positive story of panchtantra
  • बुधवार, 29 जून 2016
  • +

आप भी आजमाकर देख‌िए, आपका कोई भी काम तब नहीं रुकेगा

one tips for success in every work
  • सोमवार, 5 सितंबर 2016
  • +

ध्यान में डूबी लड़की कर आयी परलोक की सैर, फ‌िर जो हुआ जानकर आंखें खुली रह जाएगी

girl in deep meditation wellness story
  • शनिवार, 16 जुलाई 2016
  • +
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top