आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

श्रम कानूनों में बदलाव के प्रस्तावों से उद्योग नाराज

Ludhiana

Updated Mon, 17 Dec 2012 05:30 AM IST
लुधियाना। अपेक्स चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री ने सरकार से आग्रह किया है कि श्रम कानूनों को सख्त बनाने की बजाए लचीला किया जाए क्योंकि बदलते परिवेश में लचीले कानूनों की ज्यादा सार्थकता है। चैंबर मानता है कि वैश्विक बाजार की चुनौतियों का मुकाबला करने के लिए श्रम कानूनों में ढील मिलना अनिवार्य है अन्यथा इंडस्ट्री ओवरसीज बाजार से आउट हो जाएगी।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार श्रम कानूनों में बदलाव की योजना बना रही है। इसके तहत न्यूनतम वेजेज को मुद्रास्फीति केे साथ जोड़ा जा रहा है। इसके अलावा कर्मचारी भविष्य निधि फंड की भी न्यूनतम सीमा बढ़ा का 24 फीसदी की जा रही है। अपेक्स चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री ने इसका विरोध किया है। चैंबर के प्रधान पीडी शर्मा का तर्क है कि आर्थिक सुधारों के दौर में भविष्य निधि की सीमा को बढ़ाना उचित नहीं है। इससे मजदूर अपने घर कम वेतन ले जा पाएंगे। शर्मा का दावा है कि उद्यमी पहले से ही मजदूरों को महंगाई के हिसाब से ही वेतन अदा कर रहे हैं। न्यूनतम वेतन का राष्ट्रीय फ्लोर स्तर 115 रुपये प्रति दिन है, जबकि उद्यमी इससे कहीं अधिक अदा कर रहे हैं। यहां तक की भारतीय रिजर्व बैंक की रिपोर्ट में भी यह साफ हुआ है कि औद्योगिक श्रमिकों में मुद्रास्फीति को लेकर कोई रोष नहीं है। शर्मा ने सरकार से आग्रह किया है कि औद्योगिक हित में श्रम कानूनों को सख्त नहीं बल्कि लचीला बनाया जाए।
चैंबर आफ इंडस्ट्रियल एंड कामर्शियल अंडरटेकिंग के महासचिव अवतार सिंह कहा कि श्रम कानूनों को इंडस्ट्री फ्रेंडली बनाना चाहिए।
इंजीनियरिंग एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल के पूर्व रीजनल चेयरमैन एवं लुधियाना हैंड टूल्स एसोसिएशन के प्रधान एससी रल्हन का कहना है कि देश में श्रम कानून अब काफी पुराने हो गए हैं। आर्थिक उदारीकरण के दौर में इंडस्ट्री की जरूरतें भी काफी बदल रही हैं। इसलिए अब विदेशी तर्ज पर श्रम कानून बनाने की जरूरत है। इसके लिए सरकार कानूनों में बदलाव के पहले व्यापक स्टडी करे, इंडस्ट्री की राय ले और इसके बाद ही कानूनों को अंतिम रूप दिया जाए, ताकि इनके साथ औद्योगिक ग्रोथ को बढ़ावा दिया जा सके और उद्योग का भी भला हो सके।
नार्दर्न इंडिया चैंबर आफ इंडस्ट्रीज एंड कामर्स के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट अरविंद राय ने भी श्रम कानूनों में बदलाव का समर्थन किया, लेकिन यह इंडस्ट्री की आवश्यकताओं में ध्यान में रख कर किया जावा चाहिए।
  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

स्पॉटलाइट

पार्टियों में छाया अनुष्का-विराट का स्टाइल स्टेटमेंट, देखकर हो जाएंगे दीवाने

  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

मूड बेहतर करने के साथ हड्डियां भी मजबूत करते हैं ये बीज, जानें कैसे

  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

इस हीरो के साथ 'शाम गुजारने' के लिए रेखा ने निर्देशक के सामने रखी थी ये शर्त!

  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

PHOTOS: जाह्नवी और सारा को टक्कर देने आ रही है चंकी पांडे की बेटी, सलमान करेंगे लॉन्च

  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

घर बैठे ये टिप्स करेंगे सरकारी नौकरी की तैयारी में मदद

  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

Most Read

गृह मंत्रालय ने मांगी रिपोर्ट, मायावती बोलीं- भीम आर्मी से कोई संबंध नहीं

mayawati pc on dalits saharanpur violence
  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

यूपी में 174 पीसीएस अफसरों के तबादले, देखें‌ किसे कहां मिली नई तैनाती

sdm transfer by uttar pradesh government
  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

MCD उपचुनावः भाजपा का नहीं खुला खाता, आप को मिली जीत

mcd bypoll on 2 seats: know results here as aap won a seat
  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +

उत्तराखंड के पांच जिलों में भारी बार‌िश का अलर्ट

Heavy rain alert in five districts of uttarakhand
  • गुरुवार, 25 मई 2017
  • +

अल्पसंख्यकों का कोटा खत्म करने की बातें आधारहीन: यूपी सरकार

 UP govt to end minority quota
  • मंगलवार, 23 मई 2017
  • +

सहारनपुर दंगाः SSP व डीएम पर गिरी गाज, योगी ने लगाई डीजीपी को फटकार

ethnic conflict : SSP Subhash Chandra Dubey transferred from Saharanpur
  • बुधवार, 24 मई 2017
  • +
Live-TV
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!
Top