आपका शहर Close

चंडीगढ़+

जम्मू

दिल्ली-एनसीआर +

देहरादून

लखनऊ

शिमला

जयपुर

उत्तर प्रदेश +

उत्तराखंड +

जम्मू और कश्मीर +

दिल्ली +

पंजाब +

हरियाणा +

हिमाचल प्रदेश +

राजस्थान +

छत्तीसगढ़

झारखण्ड

बिहार

मध्य प्रदेश

भाजपा किसानों के नहीं बिचौलियों के साथः सिब्‍बल

नई दिल्‍ली/इंटरनेट डेस्क

Updated Tue, 04 Dec 2012 05:08 PM IST
loksabha debate on FDI
मल्टीब्रांड रिटेल में एफडीआई के मुद्दे पर लोकसभा में बहस जारी है। नियम 184 के तहत हो रही इस बहस में वोटिंग भी होना है। 
बहस में यूपीए सरकार का पक्ष रखते हुए दूरसंचार मंत्री कपिल सिब्‍बल ने कहा कि मल्टीब्रांड रिटेल में एफडीआई का फैसला केवल 10 लाख तक की आबादी वाले शहरों में ही लागू होगा। इस लिहाज से ये फैसला केवल देश के 18 शहरों में ही लागू होगा।

सिब्‍बल ने कहा कि भाजपा 2004 में मल्टीब्रांड रिटेल में एफडीआई के पक्ष में थी लेकिन अब वह पलट रही है।  उन्होंने कहा कि भाजपा एफडीआई का विरोध कर बिचौलियों का साथ दे रही है और किसानों के हितों के खिलाफ है। सिब्‍बल ने कहा कि सरकार उपभोक्ताओं, युवाओं, किसानों के साथ है इस‌लिए मल्टीब्रांड में एफडीआई का फैसला लिया। 

बहस का आरंभ लोकसभा में विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज ने किया। सुषमा स्वराज ने मांग की कि यूपीए सरकार खुदरा बाजार में एफडीआई का फैसला वापस ले। उन्होंने कहा कि पिछले शीतकालीन सत्र में मल्टीब्रांड रिटेल में एफडीआई लाने की कोशिश की गई थी।

लेकिन इसका चौतरफा विरोध हुआ। यूपीए में शामिल तृणमूल, डीएमके भी एफडीआई के खिलाफ थे। इसके बाद सरकार ने ये फैसला वापस ले लिया।

सुषमा स्वराज ने कहा कि भारत में विदेशी किराना आने से बाजार में एकाधिकार बढ़ेगा। एकाधिकारी बाजार उपभोक्ता के हित में नहीं है।

प्रतियोगी बाजार उपभोक्ता के हित में होता है। सुषमा स्वराज ने प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से पूछा कि आखिर ऐसा क्या हुआ कि एनडीए के शासनकाल में वह रिटेल में एफडीआई के खिलाफ थे लेकिन अब इसके इतने बड़े समर्थक हो गए हैं।

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि वॉलमार्ट में भ्रष्टाचार की जांच के बाद आखिर क्यों भारत में कंपनी के सीएफओ व कुछ अन्य अधिकारियों को हटा दिया गया। स्वराज ने भारत में भी इस निर्णय के पीछे भ्रष्टाचार होने की आशंका जताई।

सुषमा ने कहा कि हम विदेशी निवेश के विरोधी नहीं हैं और सरकार के साथ मिलकर विदेशी निवेश आमंत्रित करने को भी तैयार है, लेकिन खुदरा बाजार में नहीं। 

इससे पूर्व सुषमा स्वराज और खगेन दास ने रिटेल में एफडीआई पर नियम 184 के तहत बहस का प्रस्ताव पेश किया।

प्रस्ताव में कहा गया है कि यह सदन यह सिफ़ारिश करता है कि सरकार मल्टीब्रांड खुदरा कारोबार में 51 फीसदी प्रत्यक्ष विदेशी निवेश की इजाजत देने का फैसला तत्काल वापस ले।

  • कैसा लगा
Write a Comment | View Comments

Browse By Tags

loksabha debate on FDI

स्पॉटलाइट

Facebook के सीईओ जुकरबर्ग ने बताया क्यों जरूरी है पैटर्निटी लीव..

  • शनिवार, 19 अगस्त 2017
  • +

इन 5 मजेदार तस्वीरों ने Facebook पर खूब मचाया धमाल

  • शनिवार, 19 अगस्त 2017
  • +

पूरी दुनिया में किया कमाल, ये यंगस्टर्स हैं कामयाबी की मिसाल

  • शनिवार, 19 अगस्त 2017
  • +

जनाब जरा संभल कर खाएं, आपके बन में भी हो सकता है चूहा!

  • शनिवार, 19 अगस्त 2017
  • +

World Photography Day:दुनिया की बेहतरीन 10 तस्वीरें जिन पर आपकी नजरें टिक जाएंगी

  • शनिवार, 19 अगस्त 2017
  • +

Most Read

पुरुषों के आत्महत्या करने की खबर कभी नहीं सुनी : मेनका 

Never heard of men committing suicide, Says Minister Maneka Gandhi
  • शुक्रवार, 30 जून 2017
  • +

'विराट' के बाद नौसेना से एल्बाट्रॉस विमान की भी विदाई

India Navy Adieu Farewells To Albatross Patrol Aircraft
  • बुधवार, 8 मार्च 2017
  • +

आपराधिक पृष्ठभूमि वालों को चुनाव लड़ने से नहीं रोक सकते : हाईकोर्ट

allahabad highcourt says over criminal election contestent
  • शनिवार, 21 जनवरी 2017
  • +
Top
  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper
Your Story has been saved!